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लॉकडाउन की उड़ीं धज्जियां, कई बाजारों में खुल गईं दुकानें
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लालगंज के लीलापुर मिश्रपुर में लाक डाउन के दौरान खुली दुकान।
- फोटो : PRATAPGARH
क्षेत्र में लॉकडाउन के नियमों की खुलेआम धज्जियां उड़ाई गईं। बाजारों में कई दुकानें खुली रहीं और जमकर खरीदारी हुई। लॉकडाउन के तहत प्रशासन का दुकानों की संपूर्ण बंदी का दावा खोखला साबित हुआ। बाजारों में पुलिस के मौजूद नहीं होने का व्यापारियों ने दुकानें खोल लीं।
प्रदेश सरकार ने शुक्रवार की रात दस बजे से सोमवार की सुबह पांच बजे तक लॉकडाउन की घोषणा की थी। इसके तहत आवश्यक सुविधाओं में शामिल मेडिकल स्टोर व पेट्रोलपंप ही खोलने का निर्देश था।
पहले दिन शनिवार को तो लॉकडाउन का पूरा असर दिखाई दिया, लेकिन रविवार को लालगंज कोतवाली क्षेत्र के कई बाजारों में लॉकडाउन बेअसर साबित हुआ। हरनाहर, धारूपुर, ढिंगवस, भगौतीगंज, सगरा सुंदरपुर, रामपुर बावली आदि बाजारों में कई दुकानें खुली मिलीं। कहीं होटल पर लोग चाय की चुस्की लेते दिखे तो सैलून पर शेविंग कराते रहे।
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किराना व पान-गुटका की दुकानों पर भी जमकर खरीदारी हुई। लालगंज इलाके के बाजारों में पुलिस की मौजूदगी महज औपचारिकता में दिखाई दी। सुबह पुलिस पहुंची और दुकानें नहीं खोलने का फरमान सुनाकर लौट गई। बाजारों में पुलिस के नदारद रहने का फायदा उठाते हुए दुकानें खुल गईं। हालांकि प्रशासन दावा करता रहा कि लॉकडाउन के दौरान बाजारों में दुकानें बंद रहीं, लेकिन यह दावा हकीकत से काफी दूर था। पुलिस की लापरवाही के चलते दुकानदारों ने लॉकडाउन की जमकर धज्जियां उड़ाईं। प्रमुख बाजारों में पुलिस-प्रशासन की सख्ती जरूर दिखाई दी, लेकिन ग्रामीण क्षेत्र के बाजारों को भगवान भरोसे छोड़ दिया गया था।
हंगामा करने वाले कोरोना पीड़ित को किया गया रेफर
कोविड अस्पताल में भर्ती एक कोरोना पीड़ित के हंगामा करने पर उसे प्रयागराज के लिए रेफर कर दिया गया है। जिले के एक नर्सिंगहोम में काम करने वाले स्वास्थ्यकर्मी के कोरोना पॉजिटिव होने पर उसे शनिवार को लालगंज की कोविड अस्पताल में भर्ती कराया गया था। यहां पहुंचते ही पीड़ित स्वास्थ्यकर्मी प्रयागराज रेफर करने की बात कहने लगा। स्वास्थ्य कर्मियों ने इससे इंकार कर दिया तो उसने हंगामा शुरू कर दिया।
कोविड अस्पताल में कारोना मरीजों के लिए हुए प्रबंधों से वह असतुंष्ट दिखाई दिया। रेफर नहीं करने पर उसने सोशल मीडिया पर कोविड अस्पताल की सुविधाओं में खामियां गिना डालीं। जबकि यहां भर्ती अन्य मरीजों को प्रबंधों को लेकर कोई भी परेशानी नहीं था। उसके हंगामे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने रविवार को उसे एसआरएन अस्पताल रेफर कर दिया। अधीक्षक डॉ. अरविंद गुप्ता ने बताया कि झूठा आरोप लगाने वाला कोरोना पीड़ित रेफर करने के लिए रातभर हंगामा करता रहा। इंकार करने पर उसने सोशल मीडिया पर फर्जी पोस्ट डाल दी। यहां से रेफर होने के लिए वह लगातार अनर्गल बातें करता रहा।
घर से गायब अधेड़ का शव कुएं में मिलने से सनसनी
घर से निकले अधेड़ का शव दो दिन बाद कुएं में मिलने से सनसनी फैल गई। अधेड़ की मौत को ग्रामीण हत्या बता रहे हैं, जबकि पुलिस आत्महत्या साबित करने में जुटी है। परिजनों ने अभी तहरीर नहीं दी है। फिलहाल घटना संदिग्ध देख पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
लालगंज कोतवाली के बेलहा कान का पुरवा निवासी धुन्नीलाल पाल (55) पुत्र रमई पाल शुक्रवार की शाम घर से परिजनों को बिना कुछ बताए निकला था। इसके बाद वह लौटकर घर नहीं आया। परिजन उसकी तलाश में रिश्तेदारी का चक्कर काट रहे थे।
रविवार को उसका शव गांव से कुछ दूर बाबूराम का पुरवा स्थित एक कुएं में उतराया मिला। इसकी जानकारी होने पर सनसनी फैल गई। आसपास धान की रोपाई कर रहे लोगों ने कुएं में शव देखकर परिजनों व पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को ग्रामीणों की मदद से किसी तरह बाहर निकलवाया। घटना की जानकारी पर सीओ जगमोहन सिंह भी मौके पर पहुंच गए ।
ग्रामीणों को कहना है कि अधेड़ की हत्या कर शव को कुएं में फेंका गया है। जबकि पुलिस का दावा है कि मृतक नशे का आदी था और उसने आत्महत्या की है। हालांकि की मामला संदिग्ध देख पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। फिलहाल ग्रामीण आत्महत्या की बात मानने को तैयार नहीं हैं। मृतक के चार बच्चे हैं। जिसमें दो बेटियों की शादी हो चुकी है। एक बेटी अभी घर में रहती है और बेटा पंजाब में नौकरी करता है। कोतवाल ने बताया कि प्रथमदृष्टया जांच में आत्महत्या की बात सामने आई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति साफ हो सकेगी।
सीओ की फटकार पर दर्ज हुआ केस
कोतवाली के कटरा बलीपुर दांदूपुर निवासी सविता देवी पत्नी अजय सरोज ने सीओ को शिकायती पत्र देकर कहा है कि बीती चार जुलाई को विपक्षियों ने कुल्हाड़ी व लाठी-डंडों से मारपीटा। आरोप है कि पुलिस ने तहरीर देने के बाद भी मुकदमा दर्ज नहीं किया। सीओ की फटकार पर कोतवाली पुलिस ने आरोपी नन्हे सरोज, राजू सरोज, लवकुश, संगीता, अमरनाथ पटेल, पृथ्वी पटेल के खिलाफ शनिवार की रात बलवा व एससीएसटी एक्ट का केस दर्ज कर लिया है।
किशोरी से छेड़छाड़ का मुकदमा दर्ज
कोतवाली के पूरे निर्मल गिरधर निवासी एक युवक ने दी गई तहरीर में कहा है कि बीते चार जुलाई को गांव के अच्छेलाल, सचिन, चंद्रभान व उदयभान एक राय होकर उसके घर में घुस आए। आरोपियों ने उसकी सोलह वर्षीय बेटी के साथ छेड़छाड़ की। विरोध करने पर आरोपियों ने मारापीटा। शिकायत पर चारों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
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प्रदेश सरकार ने शुक्रवार की रात दस बजे से सोमवार की सुबह पांच बजे तक लॉकडाउन की घोषणा की थी। इसके तहत आवश्यक सुविधाओं में शामिल मेडिकल स्टोर व पेट्रोलपंप ही खोलने का निर्देश था।
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पहले दिन शनिवार को तो लॉकडाउन का पूरा असर दिखाई दिया, लेकिन रविवार को लालगंज कोतवाली क्षेत्र के कई बाजारों में लॉकडाउन बेअसर साबित हुआ। हरनाहर, धारूपुर, ढिंगवस, भगौतीगंज, सगरा सुंदरपुर, रामपुर बावली आदि बाजारों में कई दुकानें खुली मिलीं। कहीं होटल पर लोग चाय की चुस्की लेते दिखे तो सैलून पर शेविंग कराते रहे।
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किराना व पान-गुटका की दुकानों पर भी जमकर खरीदारी हुई। लालगंज इलाके के बाजारों में पुलिस की मौजूदगी महज औपचारिकता में दिखाई दी। सुबह पुलिस पहुंची और दुकानें नहीं खोलने का फरमान सुनाकर लौट गई। बाजारों में पुलिस के नदारद रहने का फायदा उठाते हुए दुकानें खुल गईं। हालांकि प्रशासन दावा करता रहा कि लॉकडाउन के दौरान बाजारों में दुकानें बंद रहीं, लेकिन यह दावा हकीकत से काफी दूर था। पुलिस की लापरवाही के चलते दुकानदारों ने लॉकडाउन की जमकर धज्जियां उड़ाईं। प्रमुख बाजारों में पुलिस-प्रशासन की सख्ती जरूर दिखाई दी, लेकिन ग्रामीण क्षेत्र के बाजारों को भगवान भरोसे छोड़ दिया गया था।
हंगामा करने वाले कोरोना पीड़ित को किया गया रेफर
कोविड अस्पताल में भर्ती एक कोरोना पीड़ित के हंगामा करने पर उसे प्रयागराज के लिए रेफर कर दिया गया है। जिले के एक नर्सिंगहोम में काम करने वाले स्वास्थ्यकर्मी के कोरोना पॉजिटिव होने पर उसे शनिवार को लालगंज की कोविड अस्पताल में भर्ती कराया गया था। यहां पहुंचते ही पीड़ित स्वास्थ्यकर्मी प्रयागराज रेफर करने की बात कहने लगा। स्वास्थ्य कर्मियों ने इससे इंकार कर दिया तो उसने हंगामा शुरू कर दिया।
कोविड अस्पताल में कारोना मरीजों के लिए हुए प्रबंधों से वह असतुंष्ट दिखाई दिया। रेफर नहीं करने पर उसने सोशल मीडिया पर कोविड अस्पताल की सुविधाओं में खामियां गिना डालीं। जबकि यहां भर्ती अन्य मरीजों को प्रबंधों को लेकर कोई भी परेशानी नहीं था। उसके हंगामे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने रविवार को उसे एसआरएन अस्पताल रेफर कर दिया। अधीक्षक डॉ. अरविंद गुप्ता ने बताया कि झूठा आरोप लगाने वाला कोरोना पीड़ित रेफर करने के लिए रातभर हंगामा करता रहा। इंकार करने पर उसने सोशल मीडिया पर फर्जी पोस्ट डाल दी। यहां से रेफर होने के लिए वह लगातार अनर्गल बातें करता रहा।
घर से गायब अधेड़ का शव कुएं में मिलने से सनसनी
घर से निकले अधेड़ का शव दो दिन बाद कुएं में मिलने से सनसनी फैल गई। अधेड़ की मौत को ग्रामीण हत्या बता रहे हैं, जबकि पुलिस आत्महत्या साबित करने में जुटी है। परिजनों ने अभी तहरीर नहीं दी है। फिलहाल घटना संदिग्ध देख पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
लालगंज कोतवाली के बेलहा कान का पुरवा निवासी धुन्नीलाल पाल (55) पुत्र रमई पाल शुक्रवार की शाम घर से परिजनों को बिना कुछ बताए निकला था। इसके बाद वह लौटकर घर नहीं आया। परिजन उसकी तलाश में रिश्तेदारी का चक्कर काट रहे थे।
रविवार को उसका शव गांव से कुछ दूर बाबूराम का पुरवा स्थित एक कुएं में उतराया मिला। इसकी जानकारी होने पर सनसनी फैल गई। आसपास धान की रोपाई कर रहे लोगों ने कुएं में शव देखकर परिजनों व पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को ग्रामीणों की मदद से किसी तरह बाहर निकलवाया। घटना की जानकारी पर सीओ जगमोहन सिंह भी मौके पर पहुंच गए ।
ग्रामीणों को कहना है कि अधेड़ की हत्या कर शव को कुएं में फेंका गया है। जबकि पुलिस का दावा है कि मृतक नशे का आदी था और उसने आत्महत्या की है। हालांकि की मामला संदिग्ध देख पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। फिलहाल ग्रामीण आत्महत्या की बात मानने को तैयार नहीं हैं। मृतक के चार बच्चे हैं। जिसमें दो बेटियों की शादी हो चुकी है। एक बेटी अभी घर में रहती है और बेटा पंजाब में नौकरी करता है। कोतवाल ने बताया कि प्रथमदृष्टया जांच में आत्महत्या की बात सामने आई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति साफ हो सकेगी।
सीओ की फटकार पर दर्ज हुआ केस
कोतवाली के कटरा बलीपुर दांदूपुर निवासी सविता देवी पत्नी अजय सरोज ने सीओ को शिकायती पत्र देकर कहा है कि बीती चार जुलाई को विपक्षियों ने कुल्हाड़ी व लाठी-डंडों से मारपीटा। आरोप है कि पुलिस ने तहरीर देने के बाद भी मुकदमा दर्ज नहीं किया। सीओ की फटकार पर कोतवाली पुलिस ने आरोपी नन्हे सरोज, राजू सरोज, लवकुश, संगीता, अमरनाथ पटेल, पृथ्वी पटेल के खिलाफ शनिवार की रात बलवा व एससीएसटी एक्ट का केस दर्ज कर लिया है।
किशोरी से छेड़छाड़ का मुकदमा दर्ज
कोतवाली के पूरे निर्मल गिरधर निवासी एक युवक ने दी गई तहरीर में कहा है कि बीते चार जुलाई को गांव के अच्छेलाल, सचिन, चंद्रभान व उदयभान एक राय होकर उसके घर में घुस आए। आरोपियों ने उसकी सोलह वर्षीय बेटी के साथ छेड़छाड़ की। विरोध करने पर आरोपियों ने मारापीटा। शिकायत पर चारों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।

लालगंज के रामपुर बावली क्षेत्र में लाक डाउन के दौरान खुली दुकान।- फोटो : PRATAPGARH

लापरवाही,,,,, लाक डाउन में बाइक पर बगैर हेलमेट मास्क के पूरे परिवार के साथ जाता युवक।- फोटो : PRATAPGARH