{"_id":"5c549097bdec224c974d0797","slug":"five-funeral-homes-will-be-built-at-a-cost-of-24-24-lakhs-in-belha","type":"story","status":"publish","title_hn":"बेल्हा में 24-24 लाख रुपये की लागत से बनेंगे पांच शवदाह गृह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बेल्हा में 24-24 लाख रुपये की लागत से बनेंगे पांच शवदाह गृह
Sat, 02 Feb 2019 12:21 AM IST
विनोद सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रतापगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रतापगढ़
Published by: विनोद सिंह
Updated Sat, 02 Feb 2019 12:21 AM IST
विज्ञापन
मृत शरीर
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिले में 24-24 लाख रुपये की लागत से पांच शवदाह गृहों का निर्माण किया जाएगा। इन शवदाह गृहों में बिजली से शवों को जलाया जाएगा। शवदाह गृहों के निर्माण के लिए पहली बार इतनी अधिक धनराशि मिली है।
ग्रामीण इलाकों में शव को मिट्टी दबाने, नदियों में प्रवाहित करने और लकड़ी से जलाने से होने वाले प्रदूषण को रोकने के लिए अब शवदाह गृहों का निर्माण कराया जाएगा। जिले में पांच शवदाह गृहों के निर्माण के लिए 24-24 लाख रुपये मिले हैं।
आसपुर देवसरा के अतरौरा, बेलखरनाथधाम के वीरमऊ, शिवगढ़ के पूरे महंथ, मानधाता के गंभीरा और मंगरौरा के देवसरा गांव में स्थल का चयन कर लिया गया है। बिजली से चलने वाले शवदाह गृहों में आसपास के लोगों के शव लेकर पहुंचने पर दो मिनट में जलाने के बाद राख परिजनों को सौंप दिया जाएगी। डीपीआरओ उमाशंकर पांडेय ने बताया कि शवदाह भवनों का निर्माण कराने के साथ ही बिजली के उपकरण लगाए जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
ग्रामीण इलाकों में शव को मिट्टी दबाने, नदियों में प्रवाहित करने और लकड़ी से जलाने से होने वाले प्रदूषण को रोकने के लिए अब शवदाह गृहों का निर्माण कराया जाएगा। जिले में पांच शवदाह गृहों के निर्माण के लिए 24-24 लाख रुपये मिले हैं।
विज्ञापन
आसपुर देवसरा के अतरौरा, बेलखरनाथधाम के वीरमऊ, शिवगढ़ के पूरे महंथ, मानधाता के गंभीरा और मंगरौरा के देवसरा गांव में स्थल का चयन कर लिया गया है। बिजली से चलने वाले शवदाह गृहों में आसपास के लोगों के शव लेकर पहुंचने पर दो मिनट में जलाने के बाद राख परिजनों को सौंप दिया जाएगी। डीपीआरओ उमाशंकर पांडेय ने बताया कि शवदाह भवनों का निर्माण कराने के साथ ही बिजली के उपकरण लगाए जाएंगे।
विज्ञापन