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प्रतापगढ़ से अमेठी और जंघई के बीच दोहरीकरण का कार्य शुरू
अमर उजाला ब्यूरो प्रतापगढ़
Updated Sun, 29 May 2016 12:05 AM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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रेल बजट में घोषित अमेठी से जंघई वाया प्रतापगढ़ रेलवे स्टेशन के बीच रेलवे लाइन के दोहरीकरण और विद्युतीकरण के सर्वे का काम शुरू हो गया है। अगर सब कुछ ठीक रहा तो आने वाले कुछ वर्षों में ही इस रूट पर डीजल के स्थान पर बिजली से चलने वाली ट्रेनें दौड़ेगी। इसका लाभ प्रतापगढ़ के लोगों को मिलेगा। लखनऊ से लेकर अमेठी और वाराणसी से लेकर जंघई तक डबल लाइन और विद्युतीकरण का कार्य पहले फेज में ही मंजूर हो गया था। केवल अमेठी और जंघई के बीच करीब 95 किमी रेललाइन के दोहरीकरण का कार्य बाकी रह गया था। रेलबजट में इसके निर्माण की घोषणा हुई थी।
घोषणा के बाद रेल मंत्रालय ने इसके प्रस्ताव पर मंजूरी भी दे दी है। रेलवे सूत्रों की मानें तो मंजूरी मिलने के बाद रेलवे ने इस रूट का सर्वे कार्य भी शुरू कर दिया है। इसके लिए दिल्ली से लेकर लखनऊ डिवीजन के रेल अधिकारियों की टीम ने भागदौड़ शुरू कर दी है। प्रतापगढ़ के रेल अधिकारियों के साथ जरूरी कागजात और नक्शे इत्यादि तैयार करने का काम शुरू कर दिया गया है। बता दें कि एकल रू ट होने के कारण ट्रेनों का संचालन प्रभावित रहता है। यात्रा पूरी करने में स्टेशनों का स्टापेज और क्रासिंग का लफड़ा झेलना पड़ता है। ट्रेनों की बंचिंग के कारण स्पीड कम हो जाती है।
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घोषणा के बाद रेल मंत्रालय ने इसके प्रस्ताव पर मंजूरी भी दे दी है। रेलवे सूत्रों की मानें तो मंजूरी मिलने के बाद रेलवे ने इस रूट का सर्वे कार्य भी शुरू कर दिया है। इसके लिए दिल्ली से लेकर लखनऊ डिवीजन के रेल अधिकारियों की टीम ने भागदौड़ शुरू कर दी है। प्रतापगढ़ के रेल अधिकारियों के साथ जरूरी कागजात और नक्शे इत्यादि तैयार करने का काम शुरू कर दिया गया है। बता दें कि एकल रू ट होने के कारण ट्रेनों का संचालन प्रभावित रहता है। यात्रा पूरी करने में स्टेशनों का स्टापेज और क्रासिंग का लफड़ा झेलना पड़ता है। ट्रेनों की बंचिंग के कारण स्पीड कम हो जाती है।
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