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नहीं मिला मास्टर माइंड, खोल दी लूट
Pratapgarh
Updated Wed, 13 Nov 2013 05:39 AM IST
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पूर्व मंत्री राजेंद्र प्रताप सिंह उर्फ मोती सिंह के भतीजे और पेट्रोल पंप मालिक मुन्ना सिंह को गोली मारकर लूटने के मामले में पुलिस ने अंबरीश सिंह निवासी संग्रामपुर गोंड़े व दीपक त्रिपाठी निवासी शिवपुरी थाना नगर कोतवाली को दबोच लिया है। इनके पास से 15 हजार रुपये, पिस्टल और बाइक बरामद की गई है। हालांकि नगर कोतवाली के गाेंड़े गांव निवासी मास्टर माइंड विकास समेत अन्य शातिर बदमाश पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ सके।
मुन्ना सिंह को 28 अक्तूबर को चिलबिला एसबीआई बैंक के सामने बाइकर्स बदमाशों ने गोली मारकर 6.94 लाख रुपये लूट लिए थे। बदमाशों की तलाश में क्राइम ब्रांच की टीम संग कई तेज तर्रार दरोगा लगाए गए थे। प्रभारी कोतवाल उदय प्रताप सिंह के अनुसार सोमवार रात मुखबिर की सूचना पर चिलबिला में किसुनगंज मोड़ पर पल्सर सवार संदिग्ध दो लोगों को दबोच लिया। पूछताछ में पकड़े गए अंबरीश सिंह व दीपक त्रिपाठी ने बताया कि पूर्व मंत्री के भतीजे मुन्ना सिंह को लूटने की घटना में वे शामिल थे। उन लोगों को सतीश ने पिस्टल उपलब्ध कराई थी। घटना की साजिश जेल में बंद तपन मिश्रा निवासी मीराभवन और मोनू सिंह निवासी आसपुर देवसरा ने रची। उन्हें तो लूट के बाद खर्च के लिए पंद्रह-पंद्रह हजार रुपए मिले थे। प्रभारी कोतवाल ने बताया कि सात लोग बैंक के इर्द-गिर्द बाइकों से एकत्र हुए और गोली मारने के बाद लूट की घटना को अंजाम दिया। अंबरीश और दीपक के पास से पिस्टल, मोबाइल, लूट में प्रयुक्त काली पल्सर व लूटे गए पंद्रह हजार रुपए मिले हैं।
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मुन्ना सिंह को 28 अक्तूबर को चिलबिला एसबीआई बैंक के सामने बाइकर्स बदमाशों ने गोली मारकर 6.94 लाख रुपये लूट लिए थे। बदमाशों की तलाश में क्राइम ब्रांच की टीम संग कई तेज तर्रार दरोगा लगाए गए थे। प्रभारी कोतवाल उदय प्रताप सिंह के अनुसार सोमवार रात मुखबिर की सूचना पर चिलबिला में किसुनगंज मोड़ पर पल्सर सवार संदिग्ध दो लोगों को दबोच लिया। पूछताछ में पकड़े गए अंबरीश सिंह व दीपक त्रिपाठी ने बताया कि पूर्व मंत्री के भतीजे मुन्ना सिंह को लूटने की घटना में वे शामिल थे। उन लोगों को सतीश ने पिस्टल उपलब्ध कराई थी। घटना की साजिश जेल में बंद तपन मिश्रा निवासी मीराभवन और मोनू सिंह निवासी आसपुर देवसरा ने रची। उन्हें तो लूट के बाद खर्च के लिए पंद्रह-पंद्रह हजार रुपए मिले थे। प्रभारी कोतवाल ने बताया कि सात लोग बैंक के इर्द-गिर्द बाइकों से एकत्र हुए और गोली मारने के बाद लूट की घटना को अंजाम दिया। अंबरीश और दीपक के पास से पिस्टल, मोबाइल, लूट में प्रयुक्त काली पल्सर व लूटे गए पंद्रह हजार रुपए मिले हैं।
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