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Pilibhit News: शारदा का जलस्तर घटने से आबादी क्षेत्र में जलभराव खत्म, घरों में दलदल से परेशानी
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गांव हजार के रास्ते में जल भरा और कीचड़। स्रोत ग्रामीण
पूरनपुर। शारदा नदी का जलस्तर घटने से गांव हजारा के आबादी क्षेत्र में भरा पानी दूसरे दिन उतर गया। मगर गांव की सड़कों, खेतों में जलभराव से लोगों को आवागमन में असुविधा हो रही है। घरों में कीचड़ और गंदगी से लोग परेशान हैं। गांव खिरकिया बरगदिया के समीप रविवार को कटान तेज हो गया। इससे चार किसानों की 5.5 एकड़ जमीन पर खड़ी गन्ने की फसल नदी में समा गई। गांव ढक्काचाट में भी कई खेत नदी में समाने के करार पर पहुंच गए हैं।
वनबसा बैराज से शनिवार को 1.59 लाख क्यूसेक पानी गुजारे जाने से शारदा नदी उफना गई थी। शारदा नदी पार के गांव हजारा और शास्त्रीनगर की आबादी में दो से तीन फुट तक जलभराव हो गया था। शनिवार रात से नदी का जलस्तर कम होना शुरू होने पर रविवार को हजारा और शास्त्रीनगर की आबादी में जलभराव तो समाप्त हो गया, लेकिन घरों में कीचड़ और दुर्गंध से लोग परेशान रहे।
गांव हजारा की गलियों और गांव के बाहर के रास्तों पर जलभराव होने से लोग खेतों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। गांव खिरकिया बरगदिया के समीप शनिवार से हो रहा कटान रविवार को तेज हो गया। इससे रघुनाथ का करीब आधा एकड़, रामाधार का पौन एकड़, विद्यावती के तीन एकड़, उमेश के एक एकड़ से अधिक जमीन पर खड़ी गन्ना की लहलहाती फसल नदी में समा गई। गांव ढक्काचाट के राम बिहारी और राशिद के खेत भी नदी में समाने की कगार पर पहुंच गए हैं। तेजी से शुरू हुए कटान से किसानों में खलबली मची हुई है।
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वनबसा बैराज से शनिवार को 1.59 लाख क्यूसेक पानी गुजारे जाने से शारदा नदी उफना गई थी। शारदा नदी पार के गांव हजारा और शास्त्रीनगर की आबादी में दो से तीन फुट तक जलभराव हो गया था। शनिवार रात से नदी का जलस्तर कम होना शुरू होने पर रविवार को हजारा और शास्त्रीनगर की आबादी में जलभराव तो समाप्त हो गया, लेकिन घरों में कीचड़ और दुर्गंध से लोग परेशान रहे।
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गांव हजारा की गलियों और गांव के बाहर के रास्तों पर जलभराव होने से लोग खेतों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। गांव खिरकिया बरगदिया के समीप शनिवार से हो रहा कटान रविवार को तेज हो गया। इससे रघुनाथ का करीब आधा एकड़, रामाधार का पौन एकड़, विद्यावती के तीन एकड़, उमेश के एक एकड़ से अधिक जमीन पर खड़ी गन्ना की लहलहाती फसल नदी में समा गई। गांव ढक्काचाट के राम बिहारी और राशिद के खेत भी नदी में समाने की कगार पर पहुंच गए हैं। तेजी से शुरू हुए कटान से किसानों में खलबली मची हुई है।

गांव हजार के रास्ते में जल भरा और कीचड़। स्रोत ग्रामीण

गांव हजार के रास्ते में जल भरा और कीचड़। स्रोत ग्रामीण
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