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भूखे-प्यासे कश्मीर में फंसे हैं दर्जनों श्रद्धालु

Sun, 10 Jul 2016 10:38 PM IST
पीलीभीत, ब्यूरो
पीलीभीत, ब्यूरो Updated Sun, 10 Jul 2016 10:38 PM IST
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 Dozens of hungry and thirsty pilgrims stranded in Kashmir
kashmir
बाबा अमरनाथ के दर्शन के लिए पीलीभीत से गए दो दर्जन से अधिक श्रद्धालु कश्मीर में बिगड़े हालातों के कारण वहां फंस गए हैं। रविवार सुबह 7:30 बजे श्रद्धालुओं ने फोन पर बताया कि रास्ता खुलने का अभी कोई अनुमान नहीं है। इससे श्रद्धालुओं के परिवार वाले परेशान हैं। 
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जम्मू-श्रीनगर के बीच अनंतनाग में भड़की हिंसा के बाद अमरनाथ यात्रा रोक दी गई है। सारे रास्ते बंद कर दिए गए हैं। इससे बाबा बर्फानी के दर्शन कर लौट रहे दो दर्जन से अधिक श्रद्धालु कश्मीर के बालटाल रोडवेज बस स्टैंड पर शुक्रवार से फंसे हैं। वहीं दर्जन भर से अधिक श्रद्धालु हालात बिगड़ने से बाबा बर्फानी के दर्शन किए बगैर लौटने का मन बना चुके हैं। श्रद्धालु वहां परेशान हैं तो यहां उनके घर वालों की जान सूख रही है। मोबाइल पर श्रद्धालु मुन्नालाल, सुरेशचद्र, प्रेमपाल शर्मा आदि ने बताया कि शनिवार को बालटाल रोडवेज बस स्टैंड से कश्मीर के लिए रवाना होने पहुंचे थे। उसी समय अनंतनाग में हालात बिगड़ने की जानकारी हुई। लिहाजा पुलिस ने सभी लोगों को वहीं रोक दिया। कई लोगों की परिवार वालों से बात भी नहीं हो पा रही है। इससे घरवाले परेशान हैं। बताया कि बालटॉल रोडवेज बस स्टैंड पर खाने पीने की कोई चीज नहीं मिल रही है। श्रद्धालु दो दिनों से भूखे प्यासे रास्ता खुलने का इंतजार कर रहे हैं। कई श्रद्धालु तो बस में बैठे उसके चलने का इंतजार कर रहे हैं। रास्ता कब तक खुलेगा, इसकी कोई जानकारी नहीं मिल रही है। 
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सोमवार से बात मोबाइल पर बात भी होगी मुश्किल
श्रद्धालुओं ने बताया कि कश्मीर में उन्होंने बीएसएनएल के सिम खरीद लिए हैं। यह सात दिन तक काम करेंगे। श्रद्धालुओं के सिम की अवधि सोमवार को पूरी हो जाएगी। तब सिम स्वत: बंद हो जाएंगे। ऐसा हुआ तो फिर श्रद्धालु अपने घर वालों से भी बात नहीं कर पाएंगे। 
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सभी कर रहे सकुशल लौटने की कामना
बाबा अमरनाथ के दर्शन को गए श्रद्धालुओं के कश्मीर में फंसने से परिवार वाले काफी परेशान हैं। मोबाइल नेटवर्क गड़बड़ाने के कारण वहां की खबर न मिलने से परेशानी और बढ़ी तो परिवार वाले टीवी पर आंखें गड़ाए बैठे रहे। हालांकि बाद में नेटवर्क सही होने पर श्रद्धालुओं से मोबाइल पर बात हो जाने के बाद परिवार वालों ने राहत की सांस ली। हर कोई उनके सकुशल घर लौटने की कामना कर रहा है। 

अमरनाथ यात्रियों की सकुशल वापसी की ईश्वर से प्रार्थना करते हैं। जल्द ही मुख्यमंत्री से मिलकर अमरनाथ में फंसे श्रद्धालुओं की सकुशल वापसी के लिए कश्मीर सरकार से वार्ता कराएंगे, ताकि सभी श्रद्धालु सुरक्षित अपने घर लौट सकें। 
हेमराज वर्मा, खाद्य एवं रसद राज्यमंत्री
 
जम्मू में फंसे पूरनपुर के 15 श्रद्धालु
क्रासर...
तीन-चार दिन और कर्फ्यू रहने की खबर से बिना दर्शन किए लौटने के मूड में
दो दिन बाद संपर्क होने पर परिवार वालों ने ली राहत की सांस
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अमर उजाला ब्यूरो 
पूरनपुर। बाबा बर्फानी के दर्शन को नगर से गया पंद्रह सदस्यीय जत्था जम्मू कश्मीर में भड़की हिंसा के बाद से पटनी टॉप में फंस गया है। तीसरे दिन भी जत्था आगे नहीं बढ़ सका। जम्मू कश्मीर में फंसे अमरनाथ यात्रियों को लेकर परिवार वाले चिंतित हैं। तीन-चार दिन तक और कर्फ्यू रहने की जानकारी मिलने पर दल के सदस्य अब बगैर दर्शन किए ही लौटने का मन बना चुकेे हैं। 
नगर से बाबा अमरनाथ के दर्शन करने को पांच जुलाई को पंद्रह सदस्यीय जत्था रवाना हुआ था। जत्था अगले दिन जम्मू कश्मीर पहुंचा। आठ जुलाई को रजिस्ट्रेशन कराकर जत्थे के सदस्य बाबा के दर्शन के लिए रवाना हुए कि तभी घाटी में भड़की हिंसा के चलते उन्हें पटनी टॉप में रोक दिया गया। तब से जत्थे के सदस्य वहां एक होटल में शरण लिए हैं। जत्था में शामिल संजय सिंह कठेरिया ने मोबाइल पर बताया कि पटनी टॉप के आगे किसी को नहीं जाने दिया जा रहा है। उधर से आ रहे अधिकांश वाहन क्षतिग्रस्त हैं। तीन दिन से होटल में रुके होने के कारण अधिकांश साथियों के पास पैसे की भी कमी हो गई है। उन्होंने बताया कि सेना के जवान तीन दिन तक और कर्फ्यू रहने की जानकारी दे रहे हैं। लिहाजा अब दल के सदस्य बाबा बर्फानी के दर्शन किए बगैर लौटने का मन बना रहे हैं।

दो दिन तक संपर्क न होने से घर वाले रहे परेशान
पूरनपुर। बाबा बर्फानी के दर्शन को गए युवकों के परिवार वाले घाटी में भड़की हिंसा, अमरनाथ यात्रियों पर हमला आदि की सूचना से चिंतित थे। संजय कठेरिया के पिता राजकुमार सिंह, मां विमला सिंह ने बताया कि घाटी में हिंसा की जानकारी बरेली में रह रहे उनके छोटे पुत्र सचिन ने शनिवार को दी। तब संजय का कई बार फोन लगाया लेकिन फोन नहीं लगा। शनिवार देर रात संजय ने फोन कर सुरक्षित होने और बाबा बर्फानी के दर्शन किए बगैर लौटने का मन बनाने की जानकारी दी।




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सुरक्षित हैं बीसलपुर के सभी यात्री
बीसलपुर। मोहल्ला पटेलनगर निवासी सुरेंद्रपाल मौर्य, सुरेश चंद्र, रमेश चंद्र, मोहल्ला दुर्गाप्रसाद निवासी यशपाल गंगवार, गांव रंपुरा निवासी संजू गंगावर, गांव कासिमपुर के सुमित गंगवार और गांव कितनापुर के पप्पू गंगवार अमरनाथ यात्रा पर गए हैं। यह सभी वहां रास्ते में फंसे हैं। इन लोगों के घरवाले परेशान हैं। हालांकि  घरवालों की फोन पर उनसे बात हो गई है और सभी लोग सकुशल हैं, फिर भी घरवाले तरह तरह की आशंकाओं से ग्रसित हैं। घर वाले इनके सकुशल वापस आने के लिए ईश्वर से प्रार्थना कर रहे हैं। 
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