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Pilibhit News: हाथी पर झपटा हमलावर बाघ, आबादी के निकट गाय को मारा
Sun, 16 Nov 2025 11:17 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
Updated Sun, 16 Nov 2025 11:17 PM IST
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पताबोझी गांव में बाघ की मौजूदगी के बाद लगी ग्रामीणोंं की भीड़। स्रोत ग्रामीण
माधोटांडा। पताबोझी नवदिया गांव में किसान छोटे लाल को मारने वाले बाघ की दहशत है। रविवार को कॉबिंग के दौरान बाघ ने हाथी पर झपट्टा मार दिया। इसके बाद आबादी के निकट पहुंचकर एक गाय को बाघ ने मार डाला। घटना के बाद गांव में डर है। आबादी के निकट गन्ने के खेत में डेरा जमाय होने की सूचना पर वन विभाग की टीमें अलर्ट हुईं। दिनभर निगरानी की जाती रही लेकिन कोई नतीजा नहीं मिल सका।
बराही रेंज से सटे पूरनपुर क्षेत्र के गांव पताबोझी नवदिया में तीन दिन पूर्व बाघ ने गांव निवासी किसान छोटे लाल को रखवाली करते समय हमला कर मार दिया था। उसका अधखाया शव जंगल में सौ मीटर अंदर बरामद हुआ था। घटना के बाद वन विभाग ने बाघ की निगरानी शुरू की थी। दावा किया कि घटना के बाद रात के समय हमलावर बाघ की जंगल सीमा पर मौजूदगी देखी गई। इसके बाद अफसरों के निर्देश पर बाघ की निगरानी के लिए दो हाथियों की मदद ली। कॉबिंग के दौरान दो दिन पूर्व से बाघ की मौजूदगी न देखे जाने की बात कही।
इधर रविवार सुबह बाघ ने फिर अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। कॉबिंग के दौरान बाघ ने हाथी पर झपट्टा मार दिया। हालांकि चिंघाड़ने पर टीम के शोर करने पर बाघ वहां से हट गया। इसके बाद बाघ ने पताबोझी गांव में आबादी के निकट पहुंचकर ग्रामीण अमरीश कुमार की गाय को मार दिया और पास के ही गन्ने के खेत में खींच ले गया। घटना के बाद ग्रामीणों में दहशत है। बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गए। ग्रामीणों में वन विभाग के प्रति आक्रोश दिखा। सूचना पर बराही रेंज के रेंजर अरुण मोहन श्रीवास्तव के नेतृत्व में टाइगर रिजर्व और सामाजिक वानिकी प्रभाग की टीम मौैके पर पहुंची। टीम ने घटना की स्थिति को देख बाघ की निगरानी शुरू की।
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गांव के निकट गन्ने में खेत में डेरा जमाए है बाघ, खतरा बरकरार
- किसान को मारने वाले बाघ की पताबोझी गांव के निकट चहलकदमी दिखी। रविवार को गाय को मारने के बाद बाघ आबादी के निकट एक गन्ने के खेत में जाकर छिप गया। ग्रामीण और विभाग के अनुसार उसकी मौजूदगी के प्रमाण भी मिले हैं। इसके बाद टीमों ने गन्ने के खेत की निगरानी बढ़ा दी है। ग्रामीणों को सतर्क करने के साथ टीम दिनभर बाघ की गतिविधियों पर नजर रखती रहीं। अफसरों का कहना है कि रात होने पर हाथियों की मदद से बाघ को जंगल की ओर खदेड़ने के प्रयास किए जाएंगे।
गाय को मारने की सूचना मिलने पर टीमों को अलर्ट किया। पताबोझी गांव में आबादी के निकट गन्ने के खेत में बाघ की मौजूदगी की आशंका के चलते नियमित निगरानी की जा रही है। रात को हाथियों की मदद से कॉबिंग शुरू की जाएगी। इसके बाद आगे की रणनीति पर मंथन किया जाएगा। - अरुण मोहन श्रीवास्तव, रेंजर बराही
ढकिया गांव में भी बाघ की मौजूदगी ने बढ़ाई परेशानी
माधोटांडा। माला रेंज से सटे ढकिया गांव में भी बाघ की मौजूदगी ने ग्रामीणों की परेशानी बढ़ा दी है। एक दिन पूर्व जंगल से बाहर निकले बाघ ने तीन छुट्टा पशुओं को मार दिया था। रविवार सुबह भी बाघ की जंगल से सटे इलाके में चहलकदमी देखी गई। रेंजर रोबिन सिंह ने बताया कि टीमें अलर्ट हैं। हाथियोंं की मदद से कॉबिंग की जा रही है। सुबह के समय बाघ की चहलकदमी देखी गई थी। नियमित निगरानी पर जोर दिया जा रहा है। संवाद
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बराही रेंज से सटे पूरनपुर क्षेत्र के गांव पताबोझी नवदिया में तीन दिन पूर्व बाघ ने गांव निवासी किसान छोटे लाल को रखवाली करते समय हमला कर मार दिया था। उसका अधखाया शव जंगल में सौ मीटर अंदर बरामद हुआ था। घटना के बाद वन विभाग ने बाघ की निगरानी शुरू की थी। दावा किया कि घटना के बाद रात के समय हमलावर बाघ की जंगल सीमा पर मौजूदगी देखी गई। इसके बाद अफसरों के निर्देश पर बाघ की निगरानी के लिए दो हाथियों की मदद ली। कॉबिंग के दौरान दो दिन पूर्व से बाघ की मौजूदगी न देखे जाने की बात कही।
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इधर रविवार सुबह बाघ ने फिर अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। कॉबिंग के दौरान बाघ ने हाथी पर झपट्टा मार दिया। हालांकि चिंघाड़ने पर टीम के शोर करने पर बाघ वहां से हट गया। इसके बाद बाघ ने पताबोझी गांव में आबादी के निकट पहुंचकर ग्रामीण अमरीश कुमार की गाय को मार दिया और पास के ही गन्ने के खेत में खींच ले गया। घटना के बाद ग्रामीणों में दहशत है। बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गए। ग्रामीणों में वन विभाग के प्रति आक्रोश दिखा। सूचना पर बराही रेंज के रेंजर अरुण मोहन श्रीवास्तव के नेतृत्व में टाइगर रिजर्व और सामाजिक वानिकी प्रभाग की टीम मौैके पर पहुंची। टीम ने घटना की स्थिति को देख बाघ की निगरानी शुरू की।
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गांव के निकट गन्ने में खेत में डेरा जमाए है बाघ, खतरा बरकरार
- किसान को मारने वाले बाघ की पताबोझी गांव के निकट चहलकदमी दिखी। रविवार को गाय को मारने के बाद बाघ आबादी के निकट एक गन्ने के खेत में जाकर छिप गया। ग्रामीण और विभाग के अनुसार उसकी मौजूदगी के प्रमाण भी मिले हैं। इसके बाद टीमों ने गन्ने के खेत की निगरानी बढ़ा दी है। ग्रामीणों को सतर्क करने के साथ टीम दिनभर बाघ की गतिविधियों पर नजर रखती रहीं। अफसरों का कहना है कि रात होने पर हाथियों की मदद से बाघ को जंगल की ओर खदेड़ने के प्रयास किए जाएंगे।
गाय को मारने की सूचना मिलने पर टीमों को अलर्ट किया। पताबोझी गांव में आबादी के निकट गन्ने के खेत में बाघ की मौजूदगी की आशंका के चलते नियमित निगरानी की जा रही है। रात को हाथियों की मदद से कॉबिंग शुरू की जाएगी। इसके बाद आगे की रणनीति पर मंथन किया जाएगा। - अरुण मोहन श्रीवास्तव, रेंजर बराही
ढकिया गांव में भी बाघ की मौजूदगी ने बढ़ाई परेशानी
माधोटांडा। माला रेंज से सटे ढकिया गांव में भी बाघ की मौजूदगी ने ग्रामीणों की परेशानी बढ़ा दी है। एक दिन पूर्व जंगल से बाहर निकले बाघ ने तीन छुट्टा पशुओं को मार दिया था। रविवार सुबह भी बाघ की जंगल से सटे इलाके में चहलकदमी देखी गई। रेंजर रोबिन सिंह ने बताया कि टीमें अलर्ट हैं। हाथियोंं की मदद से कॉबिंग की जा रही है। सुबह के समय बाघ की चहलकदमी देखी गई थी। नियमित निगरानी पर जोर दिया जा रहा है। संवाद

पताबोझी गांव में बाघ की मौजूदगी के बाद लगी ग्रामीणोंं की भीड़। स्रोत ग्रामीण