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Muzaffarnagar News: नौ महीने बाद जेल से छूटे शाहनवाज राना, घर पहुंचे
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मुजफ्फरनगर। करीब नौ महीने बाद पूर्व विधायक शाहनवाज राना को राहत मिल गई है। हाईकोर्ट से जमानत के बाद चित्रकूट जेल से छूटने के बाद पूर्व विधायक शनिवार को अपने घर पहुंचे। इस दौरान परिचितों का जमावड़ा लगा रहा।
मेरठ रोड स्थित राना स्टील पर जीएसटी टीम ने पांच दिसंबर 2024 को छापा मारा था। पुलिस ने टीम के साथ बदसलूकी के मामले में राना को गिरफ्तार कर लिया था। इसके बाद राना के खिलाफ कई मुकदमे दर्ज किए गए थे।
सिविल लाइन थाना पुलिस ने जेल में रहने के दौरान उन पर गैंगस्टर की कार्रवाई की थी। सेशन कोर्ट से इस प्रकरण में 31 मई को उनकी जमानत अर्जी खारिज हो गई थी। इसके बाद हाईकोर्ट में जमानत के लिए याचिका दायर की। हाईकोर्ट से जमानत के बाद राना को राहत मिली।
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इसलिए भेजा गया था चित्रकूट जेल
मुजफ्फरनगर। 25 मार्च की रात जिला कारागार में चेकिंग के दौरान जेलर राजेश कुमार ने राना से मोबाइल बरामद किया था। इस मामले में उनके खिलाफ नई मंडी कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया। इस मामले में उन्हें निचली अदालत से जमानत पहले मिल गई थी। डीजी जेल पीवी रामा शास्त्री के निरीक्षण के बाद राना को चित्रकूट जेल में शिफ्ट कर दिया गया था।
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मेरठ रोड स्थित राना स्टील पर जीएसटी टीम ने पांच दिसंबर 2024 को छापा मारा था। पुलिस ने टीम के साथ बदसलूकी के मामले में राना को गिरफ्तार कर लिया था। इसके बाद राना के खिलाफ कई मुकदमे दर्ज किए गए थे।
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सिविल लाइन थाना पुलिस ने जेल में रहने के दौरान उन पर गैंगस्टर की कार्रवाई की थी। सेशन कोर्ट से इस प्रकरण में 31 मई को उनकी जमानत अर्जी खारिज हो गई थी। इसके बाद हाईकोर्ट में जमानत के लिए याचिका दायर की। हाईकोर्ट से जमानत के बाद राना को राहत मिली।
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इसलिए भेजा गया था चित्रकूट जेल
मुजफ्फरनगर। 25 मार्च की रात जिला कारागार में चेकिंग के दौरान जेलर राजेश कुमार ने राना से मोबाइल बरामद किया था। इस मामले में उनके खिलाफ नई मंडी कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया। इस मामले में उन्हें निचली अदालत से जमानत पहले मिल गई थी। डीजी जेल पीवी रामा शास्त्री के निरीक्षण के बाद राना को चित्रकूट जेल में शिफ्ट कर दिया गया था।