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इलाज के लिए नहीं भटकेंगे मरीज
Updated Sat, 07 Jul 2018 03:12 AM IST
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मुरादाबाद। सरकारी अस्पतालों में इलाज करवाने के लिए मरीजों को भटकने की जरूरत नहीं होगी। जल्द ही देश के सभी सरकारी अस्पताल आनलाइन रजिस्ट्रेशन सिस्टम (ओआरएस) से जुड़ जाएंगे। डिजिटल इंडिया के तहत अस्पतालों को आनलाइन करने की कवायद होने लगी है। मरीज घर बैठे ही वेबसाइट के माध्यम से किसी भी अस्पताल में अपना पंजीकरण डाक्टर से समय ले सकेगा।
मरीजों को अस्पताल में पंजीकरण कराने से लेकर डाक्टर तक पहुंचने के लिए कई दिन बर्बाद हो जाते हैं। जांच और आपरेशन की डेट मिलने में भी पापड़ बेलने पड़ते हैं। सरकारी अस्पतालों में इलाज सुविधा को आम आदमी तक पहुंचाने के लिए भारत सरकार डिजिटल इंडिया के तहत देश भर के सरकारी अस्पतालों को आनलाइन कर रही है। कई अस्पताल आनलाइन हो चुके हैं। मरीज घर बैठे वेबसाइट के माध्यम से अपना पंजीकरण करा सकेगा। पंजीकरण के बाद मरीज को यूनिवर्सल आईडी जारी होगी।
आईडी देश के सभी सरकारी अस्पतालों में मान्य होगी। यानी एक बार पंजीकरण कराने के बाद वही आईडी जिंदगी भर चलेगी। मरीज वेबसाइट से ही संबंधित डाक्टर से समय लेने और संबंधित अस्पताल का पंजीकरण एवं दूसरे शुल्क जमा करा सकेंगे। इससे मरीजों को त्वरित इलाज मिलने के साथ भटकना नहीं पड़ेगा। जिला अस्पताल में आनलाइन पंजीकरण को लेकर कर्मचारियों का प्रशिक्षण भी शुरू हो गया है।
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- डिटिजल इंडिया के तहत सरकारी अस्पतालों की सभी सुविधाएं आनलाइन हो जाएंगी। मरीजों के पंजीकरण, अपॉइंमेंट से लेकर जांच रिपोर्ट मरीजों को घर बैठे उपलब्ध होगी। - डा. राजेंद्र कुमार, एमएस जिला अस्पताल
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मरीजों को अस्पताल में पंजीकरण कराने से लेकर डाक्टर तक पहुंचने के लिए कई दिन बर्बाद हो जाते हैं। जांच और आपरेशन की डेट मिलने में भी पापड़ बेलने पड़ते हैं। सरकारी अस्पतालों में इलाज सुविधा को आम आदमी तक पहुंचाने के लिए भारत सरकार डिजिटल इंडिया के तहत देश भर के सरकारी अस्पतालों को आनलाइन कर रही है। कई अस्पताल आनलाइन हो चुके हैं। मरीज घर बैठे वेबसाइट के माध्यम से अपना पंजीकरण करा सकेगा। पंजीकरण के बाद मरीज को यूनिवर्सल आईडी जारी होगी।
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आईडी देश के सभी सरकारी अस्पतालों में मान्य होगी। यानी एक बार पंजीकरण कराने के बाद वही आईडी जिंदगी भर चलेगी। मरीज वेबसाइट से ही संबंधित डाक्टर से समय लेने और संबंधित अस्पताल का पंजीकरण एवं दूसरे शुल्क जमा करा सकेंगे। इससे मरीजों को त्वरित इलाज मिलने के साथ भटकना नहीं पड़ेगा। जिला अस्पताल में आनलाइन पंजीकरण को लेकर कर्मचारियों का प्रशिक्षण भी शुरू हो गया है।
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- डिटिजल इंडिया के तहत सरकारी अस्पतालों की सभी सुविधाएं आनलाइन हो जाएंगी। मरीजों के पंजीकरण, अपॉइंमेंट से लेकर जांच रिपोर्ट मरीजों को घर बैठे उपलब्ध होगी। - डा. राजेंद्र कुमार, एमएस जिला अस्पताल