यूपी: भूगर्भ जल विभाग के दफ्तर पर एसटीएफ का छापा, अजय कुमार की गिरफ्तारी के लिए दबिश
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एसटीएफ की टीम में मौजूद अधिकारियों ने ऑफिस स्टाफ से अजय की मेरठ में तैनाती और संपर्कों के बारे में पूछा। कर्मचारियों ने बताया कि अजय कुमार सिंह की साल 2017 में लोकसेवा आयोग से चयन होने के बाद पहली पोस्टिंग मेरठ में ही हुई थी।
गौरतलब है कि एसटीएफ ने रविवार को सहायक अध्यापक भर्ती परीक्षा में सॉल्वर गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए लखनऊ में यूपी पुलिस के सिपाही अरुण कुमार और नेशनल इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य उमाशंकर सिंह समेत नौ लोगों को गिरफ्तार किया था।
मुख्य आरोपी और गैंग के सरगना अरुण ने खुलासा किया था कि वह अपने भाई मेरठ में तैनात अजय कुमार सिंह के साथ मिलकर कई परीक्षाओं में पेपर लीक करा चुका है। अजय की गिरफ्तारी के बाद गिरोह के कई और सदस्यों पर भी एसटीएफ का शिकंजा कसेगा।
दिनभर रही चर्चा
यह मामला सुर्खियों में आने पर भूगर्भ जल विभाग में दिन भर चर्चाएं रहीं। नाम न छापने की शर्त पर कर्मचारियों ने कहा कि अजय को एसटीएफ के सामने आना चाहिए। जो भी सच्चाई है उसे बताना चाहिए। इससे विभाग की छवि भी बदनाम हुई है।
जल्द करेंगे गिरफ्तार
अजय की गिरफ्तारी के लिए टीम लगी है। शास्त्रीनगर में भूगर्भ जल विभाग के दफ्तर पर दबिश दी गई है। गिरफ्तारी के बाद ही कई चीजें सामने आएंगी। अजय का मोबाइल भी बंद है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया लिया जाएगा। - बृजेश सिंह, सीओ एसटीएफ मेरठ यूनिट
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/