फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   dengue in meerut

खुद डॉक्टर बने तो पड़ेगा भारी

Tue, 13 Sep 2016 02:46 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो/मेरठ Updated Tue, 13 Sep 2016 02:46 AM IST
विज्ञापन
dengue in meerut
जिला अस्पताल। - फोटो : अमर उजाला
वायरल बुखार से जहां हर घर में कोई न कोई पीड़ित है, वहीं डेंगू और चिकनगुनिया के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है।  अस्पतालों और नर्सिंग होम से मरीजों की संख्या कम होती नहीं दिखाई दे रही है। चिकित्सकों के अनुसार ऐसे काफी मरीज सामने आ रहे हैं, जो शुरुआत में खुद ही दवा लेते रहे और बाद में उनका स्वास्थ्य ज्यादा खराब हो गया। 
विज्ञापन


डेंगू के मुकाबले चिकनगुनिया दोगुना से भी अधिक तेजी से फैल रहा है। सोमवार को चिकनगुनिया के 18 नए मामले सामने आए हैं, जिसके बाद जिले में चिकनगुनिया से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़कर 148 हो गई है। लोगों के सतर्कता नहीं बरतने के कारण चिकनगुनिया के मरीजों को भारी दिक्कत हो रही है।
विज्ञापन


वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. तनुराज सिरोही का कहना है कि काफी मरीज ऐसे आए हैं, जो शुरुआत में एक दो दिन बिना किसी जांच रिपोर्ट के स्वयं से दवा लेते रहे। जबकि चिकित्सक की सलाह लिए बिना दवा लेना खतरनाक हो सकता है। क्योंकि वायरल, डेंगू और चिकनगुनिया की अलग-अलग दवा हैं। वायरल के लक्षण दिखाई देने पर पैरासिटामोल ले और बाद में चिकित्सक की सलाह से ही आगे इलाज लें।
विज्ञापन
विज्ञापन


डेंगू भी तेजी से बढ़ रहा
मेडिकल कॉलेज स्थित माइक्रो बायोलॉजी विभाग की तरफ से जारी की गई जांच रिपोर्ट में डेंगू के चार नए केस सामने आए हैं। जिसके बाद जिले में डेंगू बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़कर 62 पर पहुंच गई है। उधर, स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम दावा कर रहा है कि मच्छरों का मारने के लिए फॉगिंग की जा रही है और तमाम जगहों पर कीटनाशक का भी छिड़काव किया जा रहा है, लेकिन मरीजों की संख्या अपने आप बता रही है कि विभाग मच्छरों को रोक पाने में विफल रहा है। 
 
चिकनगुनिया के लक्षण 
तेज बुखार के साथ हाथों और पैरों में दर्द।
शरीर के तमाम जोड़ों खासकर हाथ-पैर के जोड़ों में सूजन।
मुंह पर सूजन के साथ लाली का आना।
शरीर में कमजोरी के साथ तेज बुखार का 24 से 36 घंटे तक बना रहना।
भूख न लगने व किसी भी चीज में स्वाद ना आना।

उपाय 
वायरल और चिकनगुनिया के लक्षण दिखाई देने पर सिर्फ पैरासिटामोल दवा लें। 
शरीर में पानी की कमी ना होने दें।
दो से तीन घंटे पर ताजा जूस पर नारियल पानी पीते रहें। 
शरीर का तापमान नियंत्रित करने के लिए एसी या पंखे में लेटें।
वायरल होने पर मोटे अनाज का सेवन करने से परहेज करें।
वायरल या चिकनगुनिया होने पर भरपूर आराम करें। 

बचाव 
स्वयं व बच्चों को पूरी बाजू के कपड़े पहनाएं।
शाम के वक्त खुले में बैठने व टहलने से बचें। 
घर के अंदर कहीं पर पानी ना भरने दें।
हाथों और पैरों को धो कर ही भोजन करें। 
ऐसे मौसम में भर पेट भोजन ना करें।
तले भूने खाद्य पदार्थों को सवन करने से परहेज करें।
रात के समय हल्का भोजन ही खाएं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed