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दारुल उलूम ने की अपील : धार्मिक मुद्दों पर टीवी चैनलों की डिबेट का बहिष्कार करें उलमा
अमर उजाला ब्यूरो/देवबंद/सहारनपुर
Updated Thu, 13 Apr 2017 09:26 AM IST
सार
दारुल उलूम के मोहतमिम मौलाना मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी बनारसी ने की अपील
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मोहतमिम मौलाना मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी
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विस्तार
दारुल उलूम के मोहतमिम मौलाना मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी बनारसी ने उलमा और मुस्लिम विद्वानों से तीन तलाक, बहुविवाह, समान नागरिक संहिता और मुसलमानों के दूसरे मसलों पर टीवी चैनलों की डिबेट का बहिष्कार करने की अपील की है।
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मंगलवार को जारी बयान में मौलाना ने कहा कि मुसलमानों के पारिवारिक मसाइल विशेषकर तीन तलाक, समान नागरिक संहिता को लेकर अदालत और सरकार के रुख पर राष्ट्रीय मीडिया में जारी नकारात्मक एजेंडे से भ्रम फैल रहा है। इसलिए तमाम उलमा और मुस्लिम विद्वानों को चाहिए कि वह टीवी चैनलों की बहस का बहिष्कार करें। उन्होंने कहा कि मुसलमानों से संबंधित कुछ महत्वपूर्ण मुद्दे तीन तलाक, हलाला, तलाकशुदा और बहुविवाह जैसे दीनी और धार्मिक मामलों को आजकल मीडिया खासकर टीवी चैनलों ने चर्चा का विषय बना लिया है, जबकि समान नागरिक संहिता और तीन तलाक का मुद्दा अदालत में विचाराधीन होने के साथ ही सरकार के निशाने पर भी है।
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इस सिलसिले में देश के कई टीवी चैनल इन मुद्दों पर मुस्लिम प्रतिनिधियों और कुछ तथाकथित मुस्लिम महिलाओं के बीच डिबेट कराते हैं। जिनका असल मकसद शरीयत के अटल फैसलों में दखल देने की नापाक और आम जनता को गलत रुप से प्रभावित करने की कोशिश है। इस बहस में मजबूत उलमा न तो शरीक होते हैं और न ही उन्हें भागीदार होना चाहिए, लेकिन कुछ लोग मुस्लिम प्रतिनिधित्व के नाम पर इन कार्यक्रमों में शरीक होकर शरीयत की गलत व्याख्या करते हैं। उन्होंने कहा कि जो लोग मसलों के बारे में कुछ भी मालुमात चाहते हैं वह देश में फैले मदरसों और दारुल इफ्ता से संपर्क कर सकते हैं।
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दारुल उलूम के मोहतमिम मौलाना मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी बनारसी ने की अपील