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स्वास्थ्य शिक्षा के विभिन्न पहलुओं के बारे में बताया
Updated Wed, 29 Nov 2017 02:22 AM IST
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स्वास्थ्य शिक्षा के विभिन्न पहलुओं के बारे में बताया
मेरठ। चावली देवी आर्य कन्या इंटर कॉलेज में मंगलवार को स्वास्थ्य शिक्षा एवं एड्स जागरूकता पर एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें अर्बन प्राइमरी हेल्थ सेंटर की इंचार्ज डॉ. किरण सिंह एवं एआरटी सेंटर मेडिकल कॉलेज के नोडल ऑफिसर डॉ. तुंग वीर सिंह आर्य ने स्वास्थ्य शिक्षा के विभिन्न पहलुओं पर विचार व्यक्त किए।
डॉ.किरण सिंह ने किशोरावस्था में लड़कियों में होने वाले प्रमुख रोगों पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि बीमारी होने पर लड़कियों को घबराना नहीं चाहिए और न ही संकोच करना चाहिए। अपनी माता के साथ किसी प्राइमरी हेल्थ सेंटर पर अथवा जिला अस्पताल में जाकर के अपनी जांच करानी चाहिए। आमतौर पर किशोर उम्र की लड़कियों को साल भर में दो बार कीड़े की दवा अवश्य लेनी चाहिए। यह दवाएं सरकारी अस्पताल में निशुल्क मिलती हैं।
डॉ. तुंग वीर सिंह आर्य ने बताया कि एचआईवी एड्स भारतवर्ष में नौजवानों में काफी फैलता जा रहा है। इसका कारण एचआईवी से ग्रसित रोगी का खून किसी स्वस्थ व्यक्ति को चढ़ाना या एक ही सूई द्वारा बहुत से लोगों को इंजेक्शन लगाना भी है। विद्यालय की प्रधानाचार्या डॉ. नीलम सिंह ने सभी का धन्यवाद किया।
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मेरठ। चावली देवी आर्य कन्या इंटर कॉलेज में मंगलवार को स्वास्थ्य शिक्षा एवं एड्स जागरूकता पर एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें अर्बन प्राइमरी हेल्थ सेंटर की इंचार्ज डॉ. किरण सिंह एवं एआरटी सेंटर मेडिकल कॉलेज के नोडल ऑफिसर डॉ. तुंग वीर सिंह आर्य ने स्वास्थ्य शिक्षा के विभिन्न पहलुओं पर विचार व्यक्त किए।
डॉ.किरण सिंह ने किशोरावस्था में लड़कियों में होने वाले प्रमुख रोगों पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि बीमारी होने पर लड़कियों को घबराना नहीं चाहिए और न ही संकोच करना चाहिए। अपनी माता के साथ किसी प्राइमरी हेल्थ सेंटर पर अथवा जिला अस्पताल में जाकर के अपनी जांच करानी चाहिए। आमतौर पर किशोर उम्र की लड़कियों को साल भर में दो बार कीड़े की दवा अवश्य लेनी चाहिए। यह दवाएं सरकारी अस्पताल में निशुल्क मिलती हैं।
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डॉ. तुंग वीर सिंह आर्य ने बताया कि एचआईवी एड्स भारतवर्ष में नौजवानों में काफी फैलता जा रहा है। इसका कारण एचआईवी से ग्रसित रोगी का खून किसी स्वस्थ व्यक्ति को चढ़ाना या एक ही सूई द्वारा बहुत से लोगों को इंजेक्शन लगाना भी है। विद्यालय की प्रधानाचार्या डॉ. नीलम सिंह ने सभी का धन्यवाद किया।
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