{"_id":"5ab80d744f1c1b2c678b4a9c","slug":"141522011508-meerut-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"‘किसानों को देंगे 50 फीसदी बढ़ाकर, नहीं ये कोई जुमला’","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
‘किसानों को देंगे 50 फीसदी बढ़ाकर, नहीं ये कोई जुमला’
Updated Mon, 26 Mar 2018 02:47 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मेरठ। राज्यसभा सदस्य निर्वाचित होकर रविवार को शहर पहुंचे सांसद विजयपाल तोमर ने कहा कि सरकार किसानों को उनकी लागत का 50 फीसदी बढ़ाकर देगी और यह कोई जुमला नहीं है। मेरठ उनकी प्राथमिकता में रहेगा। किसानों का एक-एक गन्ना लिया जाएगा और उनका एक-एक पैसा दिलवाया जाएगा।
सर्किट हाउस में आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि राज्यसभा की बड़ी जिम्मेदारी मिल गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नारा सबका साथ-सबका विकास ही देश की सच्चाई है। मेरठ में मेट्रो आएगी। सांसद विजयपाल तोमर के अनुसार वह हमेशा की तरह मेरठ की लड़ाई लड़ते रहेंगे। वह राजनीति में चौ. चरण सिंह से प्रभावित हुए थे। उसी एजेंडे से पार्टी का काम कर रहे हैं। प्रधानमंत्री ने जाति-धर्म से उठकर गांव, किसानों के लिए काम किया है। बिजली, सब्सिडी और गैस कनेक्शन सबके लिए हैं। पिछले 60-65 वर्षों में किसानों के लिए काम होता तो देश के करीब 14 करोड़ किसान परिवारों की आज जैसी स्थिति नहीं होती।
उन्होंने कहा कि पहले 80 फीसदी किसान विश्व की अर्थव्यवस्था में 25 फीसदी योगदान करते थे। अब साढ़े तीन फीसदी करते हैं। पहले 82 फीसदी लोग गांवों में रहते थे, अब 62 फीसदी रह रहे हैं। पहले 74 फीसदी खेती करते थे और अब 55 फीसदी खेती कर रहे हैं। यह दशा पिछली सरकारों की वजह से हुई है। जब सरकार आई थी, तब गन्ने का साढ़े 26 हजार करोड़ बकाया था, जिसमें से 24 हजार करोड़ का भुगतान करा दिया गया था। गन्ने के भुगतान में तीन ग्रुपों की समस्या है, बाकी ठीक हैं। किसानों का गन्ना खरीदना ही होगा। पेमेंट में देर करेंगे तो ब्याज दिलाकर रहेंगे। 24 घंटे गांव में बिजली देने की व्यवस्था की तैयारी है। इस दौरान सांसद राजेंद्र अग्रवाल, विधायक दिनेश खटीक, जिला पंचायत सदस्य मीनाक्षी भराला, पूर्व जिपं. अध्यक्ष मनिंदर पाल सिंह, सतेंद्र भराला, अजीत चौधरी, विमल शर्मा, इंद्रपाल बजरंगी, आलोक सिसौदिया आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
लागत हो कम, दाम मिले सही
सांसद ने कहा कि सरकार की कोशिश है कि किसान की कम से कम लागत लगे और उनकी आमदनी ज्यादा हो। मंडियों में बात हुई है कि कैसे वहां मार्केटिंग हो। भंडारण की व्यवस्था हो। अब पशुशाला भी बनेंगी। देसी नस्ल की गायें तैयार होंगी। इससे जो अब किसानों को दिक्कत हो रही है, वह नहीं होगी। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को और दुरुस्त कराया जाएगा। सरकार ने जिस तरह बिगड़ी कानून व्यवस्था को सुधारा है, ऐसे ही बाकी विभागों में भी सुधार लाया जाएगा, जो धीरे-धीरे आ रहा है।
जगह-जगह हुआ स्वागत
इससे पहले उनका रिठानी में कैलाश डेरी पर क्षेत्रीय कोषाध्यक्ष बिजेंद्र अग्रवाल के नेतृत्व में पवन मित्तल, कमल ठाकुर, करुणेश नंदन गर्ग, अरुण वशिष्ठ, राजीव गुप्ता काले और नीरज त्यागी आदि ने स्वागत किया। इनके अलावा जिला महामंत्री हरीश चौधरी, पपीत बड़ला, अंकुर राणा, अंकित चौधरी आदि ने भी स्वागत किया।
विज्ञापन
सर्किट हाउस में आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि राज्यसभा की बड़ी जिम्मेदारी मिल गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नारा सबका साथ-सबका विकास ही देश की सच्चाई है। मेरठ में मेट्रो आएगी। सांसद विजयपाल तोमर के अनुसार वह हमेशा की तरह मेरठ की लड़ाई लड़ते रहेंगे। वह राजनीति में चौ. चरण सिंह से प्रभावित हुए थे। उसी एजेंडे से पार्टी का काम कर रहे हैं। प्रधानमंत्री ने जाति-धर्म से उठकर गांव, किसानों के लिए काम किया है। बिजली, सब्सिडी और गैस कनेक्शन सबके लिए हैं। पिछले 60-65 वर्षों में किसानों के लिए काम होता तो देश के करीब 14 करोड़ किसान परिवारों की आज जैसी स्थिति नहीं होती।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि पहले 80 फीसदी किसान विश्व की अर्थव्यवस्था में 25 फीसदी योगदान करते थे। अब साढ़े तीन फीसदी करते हैं। पहले 82 फीसदी लोग गांवों में रहते थे, अब 62 फीसदी रह रहे हैं। पहले 74 फीसदी खेती करते थे और अब 55 फीसदी खेती कर रहे हैं। यह दशा पिछली सरकारों की वजह से हुई है। जब सरकार आई थी, तब गन्ने का साढ़े 26 हजार करोड़ बकाया था, जिसमें से 24 हजार करोड़ का भुगतान करा दिया गया था। गन्ने के भुगतान में तीन ग्रुपों की समस्या है, बाकी ठीक हैं। किसानों का गन्ना खरीदना ही होगा। पेमेंट में देर करेंगे तो ब्याज दिलाकर रहेंगे। 24 घंटे गांव में बिजली देने की व्यवस्था की तैयारी है। इस दौरान सांसद राजेंद्र अग्रवाल, विधायक दिनेश खटीक, जिला पंचायत सदस्य मीनाक्षी भराला, पूर्व जिपं. अध्यक्ष मनिंदर पाल सिंह, सतेंद्र भराला, अजीत चौधरी, विमल शर्मा, इंद्रपाल बजरंगी, आलोक सिसौदिया आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
लागत हो कम, दाम मिले सही
सांसद ने कहा कि सरकार की कोशिश है कि किसान की कम से कम लागत लगे और उनकी आमदनी ज्यादा हो। मंडियों में बात हुई है कि कैसे वहां मार्केटिंग हो। भंडारण की व्यवस्था हो। अब पशुशाला भी बनेंगी। देसी नस्ल की गायें तैयार होंगी। इससे जो अब किसानों को दिक्कत हो रही है, वह नहीं होगी। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को और दुरुस्त कराया जाएगा। सरकार ने जिस तरह बिगड़ी कानून व्यवस्था को सुधारा है, ऐसे ही बाकी विभागों में भी सुधार लाया जाएगा, जो धीरे-धीरे आ रहा है।
जगह-जगह हुआ स्वागत
इससे पहले उनका रिठानी में कैलाश डेरी पर क्षेत्रीय कोषाध्यक्ष बिजेंद्र अग्रवाल के नेतृत्व में पवन मित्तल, कमल ठाकुर, करुणेश नंदन गर्ग, अरुण वशिष्ठ, राजीव गुप्ता काले और नीरज त्यागी आदि ने स्वागत किया। इनके अलावा जिला महामंत्री हरीश चौधरी, पपीत बड़ला, अंकुर राणा, अंकित चौधरी आदि ने भी स्वागत किया।