{"_id":"69ab139b6a17f9e30a0c3217","slug":"father-dies-of-cardiac-arrest-on-tilak-day-in-laws-take-the-girl-with-them-will-get-married-mau-news-c-295-1-mau1002-141897-2026-03-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mau News: तिलक के दिन हृदयगति रुकने से पिता की मौत, युवती को अपने साथ ले गए ससुराल के लोग, करेंगे शादी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mau News: तिलक के दिन हृदयगति रुकने से पिता की मौत, युवती को अपने साथ ले गए ससुराल के लोग, करेंगे शादी
विज्ञापन
लालबदन प्रजापति फाइल फोटो
रामपुर बेलौली थाना क्षेत्र के बैरियाडिह गांव में बेटी की तिलक के दिन हृदयगति रुकने से पिता की मौत हो गई। शादी वाले घर में मातम पसर गया। इस हादसे से तिलक का कार्यक्रम निरस्त हो गया। मिसाल पेश करते हुए वर पक्ष युवती को अपने साथ लेकर चले गए।
बिना बरात लाए शादी करने की बात कही। मोहन प्रजापति ने बताया कि उनके बड़े भाई लालबदन प्रजापति अपनी बेटी अर्चना की शादी रामपुर थाना क्षेत्र के बहादुरपुर निवासी शिव बचन प्रजापति के बेटे पंकज प्रजापति के साथ तय किए हैं।
शादी छह मार्च को तिलक और नौ मार्च को शादी का दिन रखा गया। शुक्रवार की सुबह से बेटी का तिलक चढ़ाने की तैयारी चल रही थी। घर के बाहर गाड़ियां आकर खड़ी थीं। इसी बीच लालबदन प्रजापति के सीने में अचानक दर्द उठा।
विज्ञापन
परिजन कुछ समझ पाते कि इतने में उनकी मौत हो गई। उनकी चार बेटियां हैं अर्चना दूसरे नंबर पर है। उधर, वर पक्ष के यहां तिलक समारोह की तैयारी हो चुकी थी मिठाई, भोजन आदि की व्यवस्था होने के बाद अचानक एक फोन कॉल से वहां भी सन्नाटा पसर गया।
लड़के के पिता शिव बचन प्रजापति अपने रिश्तेदारों के साथ वहां पहुंचे और तय समय पर शादी की बात कहते हुए अर्चना को अपने साथ बहादुरपुर लेकर चले गए। बताया कि 9 मार्च को ही बेटा और बहू सात फेरे लेंगे, जिससे उनके समधी लालबदन प्रजापति की आत्मा को शांति मिल सके।
विज्ञापन
बिना बरात लाए शादी करने की बात कही। मोहन प्रजापति ने बताया कि उनके बड़े भाई लालबदन प्रजापति अपनी बेटी अर्चना की शादी रामपुर थाना क्षेत्र के बहादुरपुर निवासी शिव बचन प्रजापति के बेटे पंकज प्रजापति के साथ तय किए हैं।
विज्ञापन
शादी छह मार्च को तिलक और नौ मार्च को शादी का दिन रखा गया। शुक्रवार की सुबह से बेटी का तिलक चढ़ाने की तैयारी चल रही थी। घर के बाहर गाड़ियां आकर खड़ी थीं। इसी बीच लालबदन प्रजापति के सीने में अचानक दर्द उठा।
विज्ञापन
परिजन कुछ समझ पाते कि इतने में उनकी मौत हो गई। उनकी चार बेटियां हैं अर्चना दूसरे नंबर पर है। उधर, वर पक्ष के यहां तिलक समारोह की तैयारी हो चुकी थी मिठाई, भोजन आदि की व्यवस्था होने के बाद अचानक एक फोन कॉल से वहां भी सन्नाटा पसर गया।
लड़के के पिता शिव बचन प्रजापति अपने रिश्तेदारों के साथ वहां पहुंचे और तय समय पर शादी की बात कहते हुए अर्चना को अपने साथ बहादुरपुर लेकर चले गए। बताया कि 9 मार्च को ही बेटा और बहू सात फेरे लेंगे, जिससे उनके समधी लालबदन प्रजापति की आत्मा को शांति मिल सके।