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Mathura News: जलभराव और नदी का पानी फैला सकता है डेंगू और मलेरिया
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मथुरा। बारिश और यमुना में जलस्तर बढ़ने के कारण मलेरिया और डेंगू का खतरा बढ़ रहा है। बलदेव के गांव बादामगढ़ी में मच्छरों का लार्वा भी मिला। इसे देखते हुए स्वास्थ्य विभाग तैयारियों में जुट गया है।
स्वास्थ्य विभाग की एक टीम शनिवार को बादामगढ़ी में भी पहुंची। जहां 21 ग्रामीणों के रक्त के नमूने जांच के लिए लिए गए। यमुना नदी में जल स्तर बढ़ने और बारिश के पानी का जमाव होने के कारण डेंगू और मलेरिया का खतरा पनप रहा है। गंदे पानी, कूलर में भरे पानी, गमले में भरे पानी आदि में डेंगू और मलेरिया के मच्छर पैदा होते हैं। इस कारण इन बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ जाता है। इसे ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग तैयारियों में जुटा है।
जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. मुकुंद बंसल ने बताया कि जिला अस्पताल में व्यवस्थाएं की जा रही है। पैथोलॉजी, ब्लड बैंक के कर्मियों को निर्देशित किया गया है कि वह तैयार रहें। डेंगू की जांच की किट और रैपिड कार्ड की व्यवस्था की जा रही है। डेंगू वार्ड को भी तैयार कराने के निर्देश दिए हैं। अभी मलेरिया और डेंगू के लक्षण वाले मरीज नहीं आ रहे है।
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बादामगढ़ी में लिए गए नमूनों में सभी रिपोर्ट रिपोर्ट निगेटिव आई है। हालांकि इस गांव की एक महिला डेंगू के चलते आगरा के निजी अस्पताल में भर्ती है और 2-3 अन्य लोग भी बुखार से पीड़ित हैं। सीएमओ डॉ. अजय कुमार वर्मा ने बताया कि फिलहाल कोई चिंता की बात नहीं है। बलदेव के बादामगढ़ी में स्थानीय प्रशासन की सहायता से गांव में साफ सफाई कराई गई। दवाओं का छिड़काव कराया गया। 21 लोगों की जांच कराई गई जो कि निगेटिव आई हैं।
रहने के स्थान को रखें स्वच्छ
जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. मुकुंद बंसल ने बताया कि अपने रहने की जगह स्वच्छता का ध्यान रखें। पानी को किसी जगह एकत्र न होने दें। कूलर में कई दिन के भरे पानी को साफ कर दें। जिन बर्तनों का लंबे समय तक इस्तेमाल नहीं होता, उनमें रखे हुए पानी को नियमित रूप से बदलते रहें। गमलों के पानी को हर हफ्ते बदलते रहें। पूरी बाजू के कपड़े पहनें। मच्छरों से बचने के लिए मच्छरदानी का प्रयोग करें।
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स्वास्थ्य विभाग की एक टीम शनिवार को बादामगढ़ी में भी पहुंची। जहां 21 ग्रामीणों के रक्त के नमूने जांच के लिए लिए गए। यमुना नदी में जल स्तर बढ़ने और बारिश के पानी का जमाव होने के कारण डेंगू और मलेरिया का खतरा पनप रहा है। गंदे पानी, कूलर में भरे पानी, गमले में भरे पानी आदि में डेंगू और मलेरिया के मच्छर पैदा होते हैं। इस कारण इन बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ जाता है। इसे ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग तैयारियों में जुटा है।
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जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. मुकुंद बंसल ने बताया कि जिला अस्पताल में व्यवस्थाएं की जा रही है। पैथोलॉजी, ब्लड बैंक के कर्मियों को निर्देशित किया गया है कि वह तैयार रहें। डेंगू की जांच की किट और रैपिड कार्ड की व्यवस्था की जा रही है। डेंगू वार्ड को भी तैयार कराने के निर्देश दिए हैं। अभी मलेरिया और डेंगू के लक्षण वाले मरीज नहीं आ रहे है।
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बादामगढ़ी में लिए गए नमूनों में सभी रिपोर्ट रिपोर्ट निगेटिव आई है। हालांकि इस गांव की एक महिला डेंगू के चलते आगरा के निजी अस्पताल में भर्ती है और 2-3 अन्य लोग भी बुखार से पीड़ित हैं। सीएमओ डॉ. अजय कुमार वर्मा ने बताया कि फिलहाल कोई चिंता की बात नहीं है। बलदेव के बादामगढ़ी में स्थानीय प्रशासन की सहायता से गांव में साफ सफाई कराई गई। दवाओं का छिड़काव कराया गया। 21 लोगों की जांच कराई गई जो कि निगेटिव आई हैं।
रहने के स्थान को रखें स्वच्छ
जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. मुकुंद बंसल ने बताया कि अपने रहने की जगह स्वच्छता का ध्यान रखें। पानी को किसी जगह एकत्र न होने दें। कूलर में कई दिन के भरे पानी को साफ कर दें। जिन बर्तनों का लंबे समय तक इस्तेमाल नहीं होता, उनमें रखे हुए पानी को नियमित रूप से बदलते रहें। गमलों के पानी को हर हफ्ते बदलते रहें। पूरी बाजू के कपड़े पहनें। मच्छरों से बचने के लिए मच्छरदानी का प्रयोग करें।