फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mathura News ›   rss new aim for 100 year celebration

बूढ़े हो चले संघ को बाल वर्ग का सहारा

Sat, 30 Jul 2016 11:51 PM IST
अमर उजाला वृंदावन
अमर उजाला वृंदावन Updated Sat, 30 Jul 2016 11:51 PM IST
विज्ञापन
rss new aim for 100 year celebration
rss - फोटो : rss
अपनी स्थापना के शताब्दी वर्ष की ओर बढ़ रहा आरएसएस नवीनीकरण कर दिशा में कार्य कर रहा है। संघ की योजना है कि 21वीं सदी के युवा भारत में राष्ट्रवाद का भाव जगाकर संगठन से जोड़ा जाए, जिससे स्वयंसेवी संगठन के रूप में देश के प्रतिनिधित्व का कार्य जारी रहे। इसके लिए देश के बाल वर्ग को आरएसएस से जोड़ने का काम शुरू हो चुका है।    
विज्ञापन

 
केशवधाम में चल रही बाल कार्य प्रमुखों की बैठक में पहुंचे संघ के सरकार्यवाह भैयाजी जोशी ने बताया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ 2005 से संगठन को नवयौवन प्रदान करने की दिशा में प्रयासरत है। नई रणनीति के तहत देश के बाल वर्ग को संगठन से जोड़ने के साथ उन्हें आजीवन जोडे़ रखने पर भी कार्य किया जा रहा है। आरएसएस का लक्ष्य है कि 2025 में जब संगठन अपनी स्थापना के 100 वर्ष पूरे करे तो नई स्फूर्ति और ताकतवर संगठन के रूप में यह देश के सामने हो।  
विज्ञापन


भैयाजी ने कहा कि 30 हजार तरुण, 12 हजार बुजुर्ग शाखाओं के साथ आरएसएस की कुल 57 हजार शाखाएं देश में कार्य कर रहीं हैं। इनमें देश की एकता और अखंडता को बनाए रखने के साथ भारत की संस्कृति, सांस्कृतिक धरोहरों और राष्ट्रवादी विचारधारा को अक्षुण्ण बनाए रखने की दिशा में प्रयास जारी है। उन्होंने कहा कि 2005 से ही दूरगामी सोच के साथ बूढे़ हो चले आरएसएस को नव यौवन के साथ ही विस्तारीकरण देने काम चल रहा है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


अखिल भारतीय बौद्धिक प्रमुख स्वात रंजन ने बताया कि 1925 में राष्ट्रवादी संगठन के रूप में प्रारंभ हुए आरएसएस ने समय-समय पर राष्ट्र और समाज उत्थान के लिए अहम भूमिका अदा की है। संघ आगे भी पूरी निष्ठा और ईमानदारी से देश सेवा के कार्य का निर्वहन करता रहेगा।  
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed