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Mathura News: कोर्ट ने खारिज की मोहित राणा की जमानत याचिका
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मथुरा। मगोर्रा थाने में दरोगा के पद पर तैनात रहे दुष्कर्म के प्रयास के आरोपी मोहित राणा की जमानत याचिका को विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट की कोर्ट ने खारिज कर दिया है। यहां से जमानत याचिका खारिज होने के बाद अब मोहित के अधिवक्ता हाईकोर्ट जाने की तैयारी में जुट गए हैं।
20 मार्च की रात को मगोर्रा थाने में सरकारी आवास में साथी महिला दरोगा के साथ मोहित राणा ने दुष्कर्म का प्रयास किया। महिला दरोगा ने 21 मार्च को मामले की शिकायत पूर्व एसएसपी शैलेश कुमार पांडेय से की। एसएसपी ने दरोगा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए। मोहित राणा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस ने रात को ही उसे कोर्ट में पेश किया और जेल भेज दिया था। तभी से वह जिला कारागार में बंद है।
मोहित राणा के अधिवक्ता ने विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट की कोर्ट में जमानत याचिका दायर की। जमानत याचिका पर बृहस्पतिवार को सुनवाई हुई। सुनवाई में मोहित के अधिवक्ता ने कोर्ट को बताया कि वह निर्दोष है, उसके खिलाफ उच्च अधिकारियों ने कहने पर मुकदमा दर्ज हुआ है। वहीं वादी ने भी अपना पक्ष रखा।
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कोर्ट ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलील को ध्यान से सुना। इसके बाद आरोपी को जमानत पर छोड़ने का पर्याप्त आधार न होने के कारण उसकी जमानत खारिज कर दी।
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20 मार्च की रात को मगोर्रा थाने में सरकारी आवास में साथी महिला दरोगा के साथ मोहित राणा ने दुष्कर्म का प्रयास किया। महिला दरोगा ने 21 मार्च को मामले की शिकायत पूर्व एसएसपी शैलेश कुमार पांडेय से की। एसएसपी ने दरोगा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए। मोहित राणा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस ने रात को ही उसे कोर्ट में पेश किया और जेल भेज दिया था। तभी से वह जिला कारागार में बंद है।
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मोहित राणा के अधिवक्ता ने विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट की कोर्ट में जमानत याचिका दायर की। जमानत याचिका पर बृहस्पतिवार को सुनवाई हुई। सुनवाई में मोहित के अधिवक्ता ने कोर्ट को बताया कि वह निर्दोष है, उसके खिलाफ उच्च अधिकारियों ने कहने पर मुकदमा दर्ज हुआ है। वहीं वादी ने भी अपना पक्ष रखा।
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कोर्ट ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलील को ध्यान से सुना। इसके बाद आरोपी को जमानत पर छोड़ने का पर्याप्त आधार न होने के कारण उसकी जमानत खारिज कर दी।