{"_id":"576c36c54f1c1b0f32b48500","slug":"cmo-prevented-the-salaries-of-doctors-including-five","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीएमओ ने डॉक्टर समेत पांच का वेतन रोका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सीएमओ ने डॉक्टर समेत पांच का वेतन रोका
mahrajganj
Updated Fri, 24 Jun 2016 12:51 AM IST
विज्ञापन
निरीक्षण
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सीएमओ डॉ. कृष्णगोपाल सिंह ने परतावल सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने बताया की डाॅ. बी शुक्ला सर्जन एडवांस हस्ताक्षर बनाकर अनुपस्थित रहे।
इसके लिए एमवाईसी डाॅ. राकेश कुमार को फटकार लगाई। नवनीत उपाध्याय बीपीएम, अमित कुमार बीसीपीएम, सुनीता पटेल एचइओ, मनीष श्रीवास्तव ब्लाक एकाउंट मैनेजर व संजीव सिंह डाटा इंट्री आपरेटर भी अनुपस्थित पाए गए।
सीएमओ ने उक्त सभी कर्मचारियों का उक्त अवधि का वेतन बाधित करते हुए स्पष्टीकरण मांगा है। साथ ही सभी कर्मचारियों को चेतावनी भी निर्गत की गई कि भविष्य ऐसी पुनरावृत्ति न की जाय। इसके उपरान्त आशाओं की बैठक भी सीएमओ ने ली। इसमें 34 आशा कार्यकर्ता मौजूद रहीं।
विज्ञापन
जिसमें चार आशाओं के पास आशा डायरी मौजूद रही। शेष आशाओं को निर्देश दिया की प्रत्येक बैठक में आशा की डायरी लेकर उपस्थित रहे। अनुपस्थित कर्मचारियों के वेतन के संबध में निर्देश दिया कि बिना उनकी अनुमति के वेतन भुगतान न किया जाय।
विज्ञापन
इसके लिए एमवाईसी डाॅ. राकेश कुमार को फटकार लगाई। नवनीत उपाध्याय बीपीएम, अमित कुमार बीसीपीएम, सुनीता पटेल एचइओ, मनीष श्रीवास्तव ब्लाक एकाउंट मैनेजर व संजीव सिंह डाटा इंट्री आपरेटर भी अनुपस्थित पाए गए।
विज्ञापन
सीएमओ ने उक्त सभी कर्मचारियों का उक्त अवधि का वेतन बाधित करते हुए स्पष्टीकरण मांगा है। साथ ही सभी कर्मचारियों को चेतावनी भी निर्गत की गई कि भविष्य ऐसी पुनरावृत्ति न की जाय। इसके उपरान्त आशाओं की बैठक भी सीएमओ ने ली। इसमें 34 आशा कार्यकर्ता मौजूद रहीं।
विज्ञापन
जिसमें चार आशाओं के पास आशा डायरी मौजूद रही। शेष आशाओं को निर्देश दिया की प्रत्येक बैठक में आशा की डायरी लेकर उपस्थित रहे। अनुपस्थित कर्मचारियों के वेतन के संबध में निर्देश दिया कि बिना उनकी अनुमति के वेतन भुगतान न किया जाय।