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चुप्पी तोड़ो अब तो बोलो, अपने आत्मबल को पहचाने बेटियां: संजय शुक्ल
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अपराजिता- अमर उजाला के अपराजिता कार्यक्रम में उपस्थित कोतवाली प्रभारी संजय शुक्ल, यातायात प्रभा
- फोटो : LALITPUR
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ललितपुर। बुधवार को राजकीय बालिका इंटर कॉलेज में अमर उजाला के अपराजिता अभियान के तहत छात्राओं को अपनी सोच सकारात्मक रखने की सलाह दी गई। मुख्य वक्ता सदर कोतवाली प्रभारी संजय कुमार शुक्ल ने कहा कि बेटियाें को अपना आत्मबल बढ़ाकर अपने व्यक्तित्व का निर्माण करना चाहिए।
कार्यक्रम में यातायात प्रभारी अनुज गंगवार ने कहा कि सभी छात्राएं यातायात के नियमों का पालन करें और दूसरों को भी जागरुक करें। अपनी सोच और दृष्टि सकारात्मक रखें। उन्होंने कहा कि यदि कोई रास्ते में परेशान करता है या बार- बार फोन करता है, तो तुरंत अपने माता- पिता या पुलिस को सूचना दें। प्रधानाचार्या पूनम मलिक ने कहा कि वर्तमान में सभी को जागरूक और सतर्क रहने की आवश्यकता है। 18 वर्ष से कम आयु हो या जब तक ड्राइविंग लाइसेंस न बने, तब तक वाहन बिल्कुल न चलाएं। शिक्षिका सोनाली सूर्यवंशी ने कहा कि बेटियां सुरक्षित हैं तो समाज सुरक्षित है। इस दौरान छात्राओं को वूमेन पावर हेल्पलाइन नंबर 1090, डायल 112 हेल्प डेस्क, घरेलू हिंसा हेल्प लाइन नंबर 181, चेतक पुलिस 1076 एवं बाल संरक्षण अधिनियम के बारे में जानकारी दी गई। छात्राओं ने अपराजिता से जुड़ने के लिए शपथ पत्र भरे और नारी गरिमा की शपथ ली। कार्यक्रम में सदर कोतवाली प्रभारी संजय कुमार शुक्ल, यातायात प्रभारी अनुज गंगवार, प्राचार्य पूनम मलिक, नूपुर श्रीवास्तव, सोनाली सूर्यवंशी, आशीष तिवारी, मुन्नालाल तिवारी, रुखसार, मनीषा, रागिनी, रितु गुप्ता, अनुराधा किलेदार, नेहर चौबे, पूजा नामदेव, पूनम त्रिपाठी, सिंकी राजा, प्रियंका, दीपा कुशवाहा, संतोषी, सीमा यादव सहित विद्यालय का स्टाफ व छात्राएं मौजूद रहीं।
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रास्ते में दिक्कतें आती हैं। हमें सिखाया गया है कि कैसे मार्शल आर्ट के द्वारा हम अपनी सुरक्षा कर सकते हैं। जरूरत पड़ने पर हम इसका इस्तेमाल करेंगे। प्रिंसी दुबे, छात्रा
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अपनी बात को कहने की हिम्मत रखनी चाहिए। कई बार हम सही होते हुए भी अपनी बात मजबूती से नहीं रख पाती। इस झिझक को दूर करना है। रानी सोनी
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ऐसे कार्यक्रमों से लड़कियों का हौसला बढ़ता है, उन्हें बुराई से लड़ने की सीख मिलती हैं, छात्राएं ऐसे कार्यक्रमों का हिस्सा अवश्य बनें। प्रियंका कुशवाहा
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अपराजिता कार्यक्रम से साहस बढ़ा है। हम अब अकेले चलने में डरेंगे नहीं, परिस्थितियों का मुुकाबला करने का साहम हमें इस कार्यक्रम में मिला है। राजकुमारी झां
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लड़कियां अबला नहीं हैं। अपना हौसला कायम रखकर आगे बढ़कर दिखाना है, अमर उजाला की अपराजिता मुहिम सराहनीय है। हमें आगे बढ़ना चाहिए। मनीषा वर्मा
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बेटियों को अपनी झिझक को दूर करना होगा एवं कभी भी डर को हावी नहीं होने देना। जिससे आत्मविश्वास स्वयं आएगा और परेशानी का डटकर मुकाबला कर सकेंगी। रागनी चौधरी
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माता- पिता की जान होती हैं बेटियां, दो कुलों की शान होती हैं बेटियां। बेटियों को मत रखो पिंजरे में कैद करके पूरे देश की शान होती हैं बेटियां। इस गीत ने छात्राओं को प्रेरित किया। नूपुर श्रीवास्तव
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बेटियां किसी भी क्षेत्र में बेटों से कम नहीं हैं। उन्हें हर समय अपने मनोबल को बढ़ाना है और सफलता की ओर आगे बढ़ते जाना है। अपने अंदर आत्मविश्वास को जगाएं और आगे बढ़े। पूनम मलिक, प्रधानाचार्य राजकीय बालिका इंटर कॉलेज
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छात्राएं जागरूक बनें और अपने गांव, आस-पड़ोस व रिश्तेदारी में लड़कियों को शिक्षा के लिए जागरूक करें। शिक्षा के साथ सुरक्षा भी जरुरी है, डर और संकोच से बाहर निकल कर अपना आत्मबल बढ़ाए। संजय कुुमार शुक्ल, कोतवाली प्रभारी सदर
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कार्यक्रम में यातायात प्रभारी अनुज गंगवार ने कहा कि सभी छात्राएं यातायात के नियमों का पालन करें और दूसरों को भी जागरुक करें। अपनी सोच और दृष्टि सकारात्मक रखें। उन्होंने कहा कि यदि कोई रास्ते में परेशान करता है या बार- बार फोन करता है, तो तुरंत अपने माता- पिता या पुलिस को सूचना दें। प्रधानाचार्या पूनम मलिक ने कहा कि वर्तमान में सभी को जागरूक और सतर्क रहने की आवश्यकता है। 18 वर्ष से कम आयु हो या जब तक ड्राइविंग लाइसेंस न बने, तब तक वाहन बिल्कुल न चलाएं। शिक्षिका सोनाली सूर्यवंशी ने कहा कि बेटियां सुरक्षित हैं तो समाज सुरक्षित है। इस दौरान छात्राओं को वूमेन पावर हेल्पलाइन नंबर 1090, डायल 112 हेल्प डेस्क, घरेलू हिंसा हेल्प लाइन नंबर 181, चेतक पुलिस 1076 एवं बाल संरक्षण अधिनियम के बारे में जानकारी दी गई। छात्राओं ने अपराजिता से जुड़ने के लिए शपथ पत्र भरे और नारी गरिमा की शपथ ली। कार्यक्रम में सदर कोतवाली प्रभारी संजय कुमार शुक्ल, यातायात प्रभारी अनुज गंगवार, प्राचार्य पूनम मलिक, नूपुर श्रीवास्तव, सोनाली सूर्यवंशी, आशीष तिवारी, मुन्नालाल तिवारी, रुखसार, मनीषा, रागिनी, रितु गुप्ता, अनुराधा किलेदार, नेहर चौबे, पूजा नामदेव, पूनम त्रिपाठी, सिंकी राजा, प्रियंका, दीपा कुशवाहा, संतोषी, सीमा यादव सहित विद्यालय का स्टाफ व छात्राएं मौजूद रहीं।
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रास्ते में दिक्कतें आती हैं। हमें सिखाया गया है कि कैसे मार्शल आर्ट के द्वारा हम अपनी सुरक्षा कर सकते हैं। जरूरत पड़ने पर हम इसका इस्तेमाल करेंगे। प्रिंसी दुबे, छात्रा
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अपनी बात को कहने की हिम्मत रखनी चाहिए। कई बार हम सही होते हुए भी अपनी बात मजबूती से नहीं रख पाती। इस झिझक को दूर करना है। रानी सोनी
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ऐसे कार्यक्रमों से लड़कियों का हौसला बढ़ता है, उन्हें बुराई से लड़ने की सीख मिलती हैं, छात्राएं ऐसे कार्यक्रमों का हिस्सा अवश्य बनें। प्रियंका कुशवाहा
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अपराजिता कार्यक्रम से साहस बढ़ा है। हम अब अकेले चलने में डरेंगे नहीं, परिस्थितियों का मुुकाबला करने का साहम हमें इस कार्यक्रम में मिला है। राजकुमारी झां
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लड़कियां अबला नहीं हैं। अपना हौसला कायम रखकर आगे बढ़कर दिखाना है, अमर उजाला की अपराजिता मुहिम सराहनीय है। हमें आगे बढ़ना चाहिए। मनीषा वर्मा
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बेटियों को अपनी झिझक को दूर करना होगा एवं कभी भी डर को हावी नहीं होने देना। जिससे आत्मविश्वास स्वयं आएगा और परेशानी का डटकर मुकाबला कर सकेंगी। रागनी चौधरी
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माता- पिता की जान होती हैं बेटियां, दो कुलों की शान होती हैं बेटियां। बेटियों को मत रखो पिंजरे में कैद करके पूरे देश की शान होती हैं बेटियां। इस गीत ने छात्राओं को प्रेरित किया। नूपुर श्रीवास्तव
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बेटियां किसी भी क्षेत्र में बेटों से कम नहीं हैं। उन्हें हर समय अपने मनोबल को बढ़ाना है और सफलता की ओर आगे बढ़ते जाना है। अपने अंदर आत्मविश्वास को जगाएं और आगे बढ़े। पूनम मलिक, प्रधानाचार्य राजकीय बालिका इंटर कॉलेज
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छात्राएं जागरूक बनें और अपने गांव, आस-पड़ोस व रिश्तेदारी में लड़कियों को शिक्षा के लिए जागरूक करें। शिक्षा के साथ सुरक्षा भी जरुरी है, डर और संकोच से बाहर निकल कर अपना आत्मबल बढ़ाए। संजय कुुमार शुक्ल, कोतवाली प्रभारी सदर