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Lalitpur News: जामनी बांध से मिल सकेगी भूकंप की जानकारी

Wed, 22 Jan 2025 12:41 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Wed, 22 Jan 2025 12:41 AM IST
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Earthquake information can be obtained from Jamni Dam
संवाद न्यूज एजेंसी
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ललितपुर। जल्द ही भूकंप की पूर्व सूचना हमें जामनी बांध से मिल जाया करेगी। इसके साथ ही बांध में दरार आने की जानकारी पहले ही हो सकेगी। इसके लिए बांध पर अर्ली वार्निंग सिस्टम, अर्थ क्विक डिवाइस और डैम क्रेक एनालिसिस सिस्टम लगाया जाएगा। इसको लेकर सिंचाई विभाग प्रस्ताव तैयार कर रहा है। स्वीकृति के बाद बांध आधुनिक और सुरक्षित हो जाएगा। जामनी बांध जनपद के सबसे पुराने बांधों में शामिल है। बांध का जीर्णोद्धार विश्व बैंक पोषित बांध पुनर्वास और सुधार परियोजना फेज-2 के तहत कराया जा रहा है। इसके तहत सीपेज, लीकेज, पैराविट सहित अन्य काम कराए जा रहे है।
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ऐसे करेंगे काम अर्ली वार्निंग सिस्टम बांध से करीब एक किमी की दूरी पर लगाया जाएगा। यह सेंसरयुक्त रहेगा। यह सिस्टम बांध में पानी का स्तर बढ़ने पर सिग्नल बांध पर भेजेगा। इसके बाद बांध के गेट खोल दिए जाएंगे। साथ ही निचले इलाकों में अलर्ट घोषित कर दिया जाएगा। वहीं, अर्थ क्विक सिस्टम में बांध के पानी के नीचे होने वाली जमीन में हरकत होने और इससे बांध के सेटलमेंट (फाउंडेशन) में कोई कमी आने की रीडिंग बता देगा कि गड़बड़ी है। इससे विभाग अलर्ट हो जाएगा। वहीं डैम क्रेक एनालिसिस सिस्टम एक प्रकार का सॉफ्टवेयर है। इससे बांध के टूटने पर कितने गांव को खतरा रहेगा, क्या-क्या उपाय किए जा सकते है इसकी पूरी रिपोर्ट रहेगी। ऐसी स्थिति आने पर सिचाई विभाग इमरजेंसी एक्शन प्लान पर काम कर सकेगा।
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ऐसा है जामनी बांध

मड़ावरा क्षेत्र में वर्ष 1973 में जामनी नदी पर बांध का निर्माण कराया गया था। बांध का पूर्ण जलस्तर 403.55 मीटर और न्यूनतम जलस्तर 396.39 मीटर है। बांध से किसानों की फसल सिंचाई करने के लिए 230 किलोमीटर दांयी व बांयी जामनी नदी संचालित होती है। इससे करीब दो दर्जन गांवों की करीब 10,000 हेक्टेयर भूमि सिंचित की जाती है। इसके साथ बांध के पानी का उपयोग पेयजल योजनाओं के लिए भी उपलब्ध कराया जाता है। इस प्रकार से यह बांध ब्लाॅक मड़ावरा और महरौनी क्षेत्र के लोगों के लिए काफी उपयोगी है।
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फैक्ट फाइल
- 67 एमसीएम पानी सिंचाई के लिए आरक्षित
- 1.42 एमसीएम वाणिज्यिक व पेयजल के उपयोग को
- 6.76 एमसीएम हर घर जल नल योजना को आरक्षित
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बांध को सुरक्षित करने के लिए इस पर आधुनिक सिस्टम लगाने का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। अर्ली वार्निंग सिस्टम, अर्थ क्विक सिस्टम सहित डैम क्रेक एनालिसिस सिस्टम लगाया जाएगा। प्रस्ताव को स्वीकृति मिलने के बाद इन्हें लगाया जाएगा।
इं. सलमान खान, सहायक अभियंता, सिंचाई खंड
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