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बुंदेली व भारतीय संस्कृति को मंच पर उतारा, देश भक्ति के बिखेरे रंग
Updated Wed, 11 Oct 2017 01:23 AM IST
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मंच पर दिखी सीमा पर तैनात सैनिकों की झलक
ललितपुर।
नेहरू महाविद्यालय में चल रहे स्वर्ण जयंती समारोह के अंतिम दिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस दौरान महाविद्यालय की छात्र-छात्राओं ने बुंदेली व भारतीय संस्कृति को गीत व नृत्य के माध्यम से मंच पर उतारा और देश के बार्डर पर हमारे वीर सैनिक किस तरह दुश्मनों का सामना करते इसको भी नृत्य के माध्यम से मंच पर दिखाया। इसके अलावा विभिन्न समाजसेवी संस्थाओं को उनके सराहनीय कार्यों को देखते हुए सम्मानित किया गया।
सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ प्रबंध समिति अध्यक्ष प्रभात दीक्षित, मंत्री प्रदीप चौबे व महाविद्यालय के प्राचार्य डा. अवधेश अग्रवाल ने किया। इसके बाद किसान इंटर कॉलेज की छात्राओं ने सरस्वती वंदना और आंचल चौबे ने देवा श्री गणेशा गीत प्रस्तुत किया। इसके क्रम में प्रबंध समिति अध्यक्ष प्रभात दीक्षित ने कहा कि कार्यक्रमों में प्रतिभाग से छात्र-छात्राओं के अंदर छिपी हुई प्रतिभाओं को निखारने का अवसर प्राप्त होता है। कार्यक्रमों के क्रम में सालिगराम शर्मा द्वारा संगीतबद्ध कव्वाली प्रस्तुत हुई, जिसमें छात्र सत्यम, साजिद, प्रांजल, नमन, ऋषि, अनस, मनीष व छात्राओं अंजली पुरोहित, मुधलता, दीक्षा, सोनम, ज्योति व श्रुति ने शमा बांधा। ऋचा पुरोहित द्वारा भोजपुरी लोकगीत रैलिया बैरन की शानदार प्रस्तुति की गई। राई नृत्य ऋचा पुरोहित के निर्देशन में छात्राओं बेबी, पूनम, सहारा, प्रियंका, मेंघा, मनीषा, अनु, अंजली द्वारा प्रस्तुत किया गया। इसके अलावा घूमर, गरबा, गुजराती, मराठी, शास्त्रीय नृत्य व भरत नाट्यम सामूहिक नृत्य प्रस्तुत किया गया, जिसकी प्रस्तुति आयुषी, रहनुमा, चंचल, कंचन, अंजली, काजल, शिवानी, सहारा, अंचली पटेल, पूनम, बेबी, गौरी आकांक्षा, काजल सोनी, काजल कुशवाहा, आंचल, सेजल द्वारा की गई। इसके अलावा छात्राओं द्वारा मां तुझे सलाम गाने की दी गई ग्रुप डांस की प्रस्तुति को खूब सहारा गया। यह डांस संजय सोलंकी के संरक्षण में तैयार किया गया था, इसमें छात्राओं ने नृत्य के माध्यम से बहुत सुंदर मीनार बनाई। इसके साथ ही बार्डर पर भारतीय सेना के जवानों का चित्रण दिखाया। इसके साथ ही संदीप श्रीवास्तव के निर्देशन में लघु नृत्य नाटिका प्रस्तुत हुई, जिसमें भगवान कृष्ण की लीला और रुकमणि और सत्यभामा संवाद दिखाया गया, जिसमें कीर्ति, सोनम, मौसम, प्रिया, तमन्ना, पंकज, अमित, गोलू, रीना, शिव, रामनरेश द्वारा प्रस्तुति दी गई। इसी क्रम में महाविद्यालय के प्रोफेसर ने सांस्कृतिक कार्यक्रम में छात्रों का पूरा साथ दिया। डॉ. पंकज शर्मा ने बुंदेली भाषा में ईसुरी की फागे लोकगीत व संदीप श्रीवास्तव ने ललितपुर की सरजमी गीत प्रस्तुत किया, जिसे श्रोताओं द्वारा काफी सराहा गया। संस्कृति कार्यक्रम संयोजक समिति में डॉ. संजीव निरंजन, डॉ. अनिल सूर्यवंशी, डॉ. पंकज शर्मा, डॉ. संदीप श्रीवास्तव, कविता पैजवार व ऋचा सक्सेना आदि शामिल रहे, जिनका कार्यक्रम को सफल बनाने में विशेष सहयोग रहा।
समाजसेवी संस्थाओं केे किया गया सम्मानित
स्वर्ण जयंती समारोह के समापन के दौरान महाविद्यालय प्रबंध समिति व महाविद्यालय परिवार की ओर से जनपद में विभिन्न क्षेत्रों में समाजसेवा का कार्य कर रहीं संस्थाओं को सम्मानित किया गया है। इसमें अन्नपूर्णा, मुक्ति समिति, मिशन बेटियां, सैडो ग्रुप, फ्रैंडस क्लब, ललितपुर जागरूकता अभियान, स्वच्छ ललितपुर सुंदर ललितपुर, बुंदेलखंड विकास सेना, मानव आर्गनाइजेशन, गो सेवा मंडल, रामराजा व्यायाम मंदिर, नृसिंह रामलीला समिति, हनुमान जयंती समिति, जिला पर्यटन समिति, इंटैक चैप्टर, ब्रहमानंद यूथ ब्रिगेड, तुवन मंदिर भंडारा समिति, स्वच्छता सेवा समिति नेमवि आदि को सम्मानित किया गया। इस दौरान प्राचार्य डॉ. अवधेश अग्रवाल ने कहा कि सांस्कृतिक कार्यक्रमों के अलावा इस मंच से ऐसी समाजसेवी संस्थाओं को सम्मानित करने का अवसर प्राप्त हो रहा है, जिन्होंने नि:स्वार्थ भाव से लोगों की सेवा की। इस समाजसेवा को देखते हुए महाविद्यालय उन्हें सम्मानित कर गौरवान्वित महसूस कर रहा है। इस मौके पर मुख्य रूप से संस्कृत विभागाध्यक्ष डॉ. ओमप्रकाश शास्त्री, अर्थशास्त्र विभागाध्यक्ष डॉ. आशा साहू, हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. ऊषा पाठक, डॉ. अनिल सूर्यवंशी, जेके सिंह, राजेश दुबे, जगदीश सिंह लोधी, हरीराम निरंजन, बब्बू राजा, आदित्य नारायण बबेले, हरदयाल सिंह लोधी, महेश श्रीवास्तव, उदित रावत, शशि शेखर पांडेय उपस्थित रहे।
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ललितपुर।
नेहरू महाविद्यालय में चल रहे स्वर्ण जयंती समारोह के अंतिम दिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस दौरान महाविद्यालय की छात्र-छात्राओं ने बुंदेली व भारतीय संस्कृति को गीत व नृत्य के माध्यम से मंच पर उतारा और देश के बार्डर पर हमारे वीर सैनिक किस तरह दुश्मनों का सामना करते इसको भी नृत्य के माध्यम से मंच पर दिखाया। इसके अलावा विभिन्न समाजसेवी संस्थाओं को उनके सराहनीय कार्यों को देखते हुए सम्मानित किया गया।
सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ प्रबंध समिति अध्यक्ष प्रभात दीक्षित, मंत्री प्रदीप चौबे व महाविद्यालय के प्राचार्य डा. अवधेश अग्रवाल ने किया। इसके बाद किसान इंटर कॉलेज की छात्राओं ने सरस्वती वंदना और आंचल चौबे ने देवा श्री गणेशा गीत प्रस्तुत किया। इसके क्रम में प्रबंध समिति अध्यक्ष प्रभात दीक्षित ने कहा कि कार्यक्रमों में प्रतिभाग से छात्र-छात्राओं के अंदर छिपी हुई प्रतिभाओं को निखारने का अवसर प्राप्त होता है। कार्यक्रमों के क्रम में सालिगराम शर्मा द्वारा संगीतबद्ध कव्वाली प्रस्तुत हुई, जिसमें छात्र सत्यम, साजिद, प्रांजल, नमन, ऋषि, अनस, मनीष व छात्राओं अंजली पुरोहित, मुधलता, दीक्षा, सोनम, ज्योति व श्रुति ने शमा बांधा। ऋचा पुरोहित द्वारा भोजपुरी लोकगीत रैलिया बैरन की शानदार प्रस्तुति की गई। राई नृत्य ऋचा पुरोहित के निर्देशन में छात्राओं बेबी, पूनम, सहारा, प्रियंका, मेंघा, मनीषा, अनु, अंजली द्वारा प्रस्तुत किया गया। इसके अलावा घूमर, गरबा, गुजराती, मराठी, शास्त्रीय नृत्य व भरत नाट्यम सामूहिक नृत्य प्रस्तुत किया गया, जिसकी प्रस्तुति आयुषी, रहनुमा, चंचल, कंचन, अंजली, काजल, शिवानी, सहारा, अंचली पटेल, पूनम, बेबी, गौरी आकांक्षा, काजल सोनी, काजल कुशवाहा, आंचल, सेजल द्वारा की गई। इसके अलावा छात्राओं द्वारा मां तुझे सलाम गाने की दी गई ग्रुप डांस की प्रस्तुति को खूब सहारा गया। यह डांस संजय सोलंकी के संरक्षण में तैयार किया गया था, इसमें छात्राओं ने नृत्य के माध्यम से बहुत सुंदर मीनार बनाई। इसके साथ ही बार्डर पर भारतीय सेना के जवानों का चित्रण दिखाया। इसके साथ ही संदीप श्रीवास्तव के निर्देशन में लघु नृत्य नाटिका प्रस्तुत हुई, जिसमें भगवान कृष्ण की लीला और रुकमणि और सत्यभामा संवाद दिखाया गया, जिसमें कीर्ति, सोनम, मौसम, प्रिया, तमन्ना, पंकज, अमित, गोलू, रीना, शिव, रामनरेश द्वारा प्रस्तुति दी गई। इसी क्रम में महाविद्यालय के प्रोफेसर ने सांस्कृतिक कार्यक्रम में छात्रों का पूरा साथ दिया। डॉ. पंकज शर्मा ने बुंदेली भाषा में ईसुरी की फागे लोकगीत व संदीप श्रीवास्तव ने ललितपुर की सरजमी गीत प्रस्तुत किया, जिसे श्रोताओं द्वारा काफी सराहा गया। संस्कृति कार्यक्रम संयोजक समिति में डॉ. संजीव निरंजन, डॉ. अनिल सूर्यवंशी, डॉ. पंकज शर्मा, डॉ. संदीप श्रीवास्तव, कविता पैजवार व ऋचा सक्सेना आदि शामिल रहे, जिनका कार्यक्रम को सफल बनाने में विशेष सहयोग रहा।
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समाजसेवी संस्थाओं केे किया गया सम्मानित
स्वर्ण जयंती समारोह के समापन के दौरान महाविद्यालय प्रबंध समिति व महाविद्यालय परिवार की ओर से जनपद में विभिन्न क्षेत्रों में समाजसेवा का कार्य कर रहीं संस्थाओं को सम्मानित किया गया है। इसमें अन्नपूर्णा, मुक्ति समिति, मिशन बेटियां, सैडो ग्रुप, फ्रैंडस क्लब, ललितपुर जागरूकता अभियान, स्वच्छ ललितपुर सुंदर ललितपुर, बुंदेलखंड विकास सेना, मानव आर्गनाइजेशन, गो सेवा मंडल, रामराजा व्यायाम मंदिर, नृसिंह रामलीला समिति, हनुमान जयंती समिति, जिला पर्यटन समिति, इंटैक चैप्टर, ब्रहमानंद यूथ ब्रिगेड, तुवन मंदिर भंडारा समिति, स्वच्छता सेवा समिति नेमवि आदि को सम्मानित किया गया। इस दौरान प्राचार्य डॉ. अवधेश अग्रवाल ने कहा कि सांस्कृतिक कार्यक्रमों के अलावा इस मंच से ऐसी समाजसेवी संस्थाओं को सम्मानित करने का अवसर प्राप्त हो रहा है, जिन्होंने नि:स्वार्थ भाव से लोगों की सेवा की। इस समाजसेवा को देखते हुए महाविद्यालय उन्हें सम्मानित कर गौरवान्वित महसूस कर रहा है। इस मौके पर मुख्य रूप से संस्कृत विभागाध्यक्ष डॉ. ओमप्रकाश शास्त्री, अर्थशास्त्र विभागाध्यक्ष डॉ. आशा साहू, हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. ऊषा पाठक, डॉ. अनिल सूर्यवंशी, जेके सिंह, राजेश दुबे, जगदीश सिंह लोधी, हरीराम निरंजन, बब्बू राजा, आदित्य नारायण बबेले, हरदयाल सिंह लोधी, महेश श्रीवास्तव, उदित रावत, शशि शेखर पांडेय उपस्थित रहे।
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