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Lakhimpur Kheri News: बारिश की एक और झड़ी, खेतों में बिछ गई फसल
Wed, 07 Oct 2026 11:45 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Wed, 07 Oct 2026 11:45 PM IST
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अमीरनगर मोहम्मदी-लखीमपुर हाईवे पर गिरे पेड़। संवाद
लखीमपुर खीरी। जिले के अलग-अलग हिस्सों में बुधवार को हुई तेज बारिश, आंधी और कुछ क्षेत्रों में ओलावृष्टि ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दीं। खेतों में कई फुट पानी भरने से धान की खड़ी फसल डूब गई। तेज हवा से गन्ने की फसल जमीन पर बिछ गई।
बिजुआ में कटाई के बाद घरों के सामने सुखाने के लिए रखा धान भी बारिश में भीगकर खराब हो गया। मोहम्मदी में ओले पड़ने से धान की बालियों को नुकसान पहुंचा। मझगईं क्षेत्र में खेत जलमग्न होने के साथ नदी के कटान से भी कृषि भूमि प्रभावित हुई। बारिश और आंधी से पेड़, टिन शेड और बिजली के खंभे भी गिरे हैं।
संसारपुर क्षेत्र में बारिश के बाद खेतों से पानी की निकासी नहीं हो सकी। कई खेतों में धान पानी में डूब गया, जबकि तेज हवा से गन्ने की फसल गिर गई। किसानों को आशंका है कि लंबे समय तक जलभराव रहा तो धान की फसल पूरी तरह खराब हो सकती है।
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बिजुआ क्षेत्र में मंगलवार को मौसम खुलने पर किसानों ने कंबाइन से धान कटवाकर घरों के सामने सुखाने के लिए रखा था। बुधवार सुबह अचानक हुई बारिश ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। मझौरा कचनार निवासी किसान वीरेंद्र कुमार की करीब डेढ़ एकड़ धान की फसल खराब होने की बात सामने आई है। करीब 40 क्विंटल धान के नुकसान का दावा किया गया है। गीली फसल को बचाना और सुखाना किसान के सामने बड़ी चुनौती है।
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मोहम्मदी में ओले पड़े, कई गांवों में फसल प्रभावित
बुधवार करीब 11 बजे हुई बारिश के दौरान कुछ स्थानों पर ओले भी गिरे। इससे धान की बालियों को नुकसान पहुंचने की बात कही गई है। दिस्तापुर, शिवपुरी, नंदापुर, पिपरियाधनी, रामनगर, वीरपुर, पड़रिया, मूड़ागलिब, पर्वतनगर, मूड़ानिजाम, रायपुर, मन्नापुर, बरखेरा, करोंदा साहबगंज और रेहरिया समेत कई गांवों में धान और गन्ने की फसल प्रभावित हुई है। अमीरनगर में कुंभी गांव के पास मोहम्मदी-लखीमपुर हाईवे पर पेड़ गिरने से करीब एक घंटे तक आवागमन बाधित रहा। देवरिया गांव में राशिद खां का पाकड़ का पेड़ गिर गया। बस्तौली बिजली उपकेंद्र क्षेत्र के बस्तौली, पीरपुर और बढ़ैयाखेड़ा में अलग-अलग स्थानों पर बिजली के पोल गिरने की जानकारी है।
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मझगईं में खेत जलमग्न, नदी कटान से भी नुकसान
मूसलाधार बारिश और तेज हवाओं से मझगईं, बेला, बबौरा, भगवंत नगर, त्रिलोकपुर, मलिनिया, बसंतापुर, बिजौरिया, चौरी, कुंवरपुर कलां और खैरा गोन्हा समेत कई गांवों में खेत जलमग्न होने की जानकारी है। गोन्हा क्षेत्र में नदी की कटान से कृषि भूमि प्रभावित होने की भी बात सामने आई है। प्रभावित किसानों का आरोप है कि फसल बर्बाद होने के बावजूद अब तक राहत या मुआवजा नहीं मिला है। किसानों के अनुसार, उनसे क्षतिग्रस्त फसलों की जीपीएस फोटो उपलब्ध कराने को कहा गया है।
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पहले जो बारिश हुई थी, उससे काफी नुकसान फसलों को हुआ था। हालांकि अब बारिश उतनी नहीं हुई है। खेतों में पानी भरा होने से फसलों पर असर अवश्य पड़ेगा।
-सूर्य प्रताप सिंह, जिला कृषि अधिकारी
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बिजुआ में कटाई के बाद घरों के सामने सुखाने के लिए रखा धान भी बारिश में भीगकर खराब हो गया। मोहम्मदी में ओले पड़ने से धान की बालियों को नुकसान पहुंचा। मझगईं क्षेत्र में खेत जलमग्न होने के साथ नदी के कटान से भी कृषि भूमि प्रभावित हुई। बारिश और आंधी से पेड़, टिन शेड और बिजली के खंभे भी गिरे हैं।
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संसारपुर क्षेत्र में बारिश के बाद खेतों से पानी की निकासी नहीं हो सकी। कई खेतों में धान पानी में डूब गया, जबकि तेज हवा से गन्ने की फसल गिर गई। किसानों को आशंका है कि लंबे समय तक जलभराव रहा तो धान की फसल पूरी तरह खराब हो सकती है।
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बिजुआ क्षेत्र में मंगलवार को मौसम खुलने पर किसानों ने कंबाइन से धान कटवाकर घरों के सामने सुखाने के लिए रखा था। बुधवार सुबह अचानक हुई बारिश ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। मझौरा कचनार निवासी किसान वीरेंद्र कुमार की करीब डेढ़ एकड़ धान की फसल खराब होने की बात सामने आई है। करीब 40 क्विंटल धान के नुकसान का दावा किया गया है। गीली फसल को बचाना और सुखाना किसान के सामने बड़ी चुनौती है।
मोहम्मदी में ओले पड़े, कई गांवों में फसल प्रभावित
बुधवार करीब 11 बजे हुई बारिश के दौरान कुछ स्थानों पर ओले भी गिरे। इससे धान की बालियों को नुकसान पहुंचने की बात कही गई है। दिस्तापुर, शिवपुरी, नंदापुर, पिपरियाधनी, रामनगर, वीरपुर, पड़रिया, मूड़ागलिब, पर्वतनगर, मूड़ानिजाम, रायपुर, मन्नापुर, बरखेरा, करोंदा साहबगंज और रेहरिया समेत कई गांवों में धान और गन्ने की फसल प्रभावित हुई है। अमीरनगर में कुंभी गांव के पास मोहम्मदी-लखीमपुर हाईवे पर पेड़ गिरने से करीब एक घंटे तक आवागमन बाधित रहा। देवरिया गांव में राशिद खां का पाकड़ का पेड़ गिर गया। बस्तौली बिजली उपकेंद्र क्षेत्र के बस्तौली, पीरपुर और बढ़ैयाखेड़ा में अलग-अलग स्थानों पर बिजली के पोल गिरने की जानकारी है।
मझगईं में खेत जलमग्न, नदी कटान से भी नुकसान
मूसलाधार बारिश और तेज हवाओं से मझगईं, बेला, बबौरा, भगवंत नगर, त्रिलोकपुर, मलिनिया, बसंतापुर, बिजौरिया, चौरी, कुंवरपुर कलां और खैरा गोन्हा समेत कई गांवों में खेत जलमग्न होने की जानकारी है। गोन्हा क्षेत्र में नदी की कटान से कृषि भूमि प्रभावित होने की भी बात सामने आई है। प्रभावित किसानों का आरोप है कि फसल बर्बाद होने के बावजूद अब तक राहत या मुआवजा नहीं मिला है। किसानों के अनुसार, उनसे क्षतिग्रस्त फसलों की जीपीएस फोटो उपलब्ध कराने को कहा गया है।
पहले जो बारिश हुई थी, उससे काफी नुकसान फसलों को हुआ था। हालांकि अब बारिश उतनी नहीं हुई है। खेतों में पानी भरा होने से फसलों पर असर अवश्य पड़ेगा।
-सूर्य प्रताप सिंह, जिला कृषि अधिकारी

अमीरनगर मोहम्मदी-लखीमपुर हाईवे पर गिरे पेड़। संवाद

अमीरनगर मोहम्मदी-लखीमपुर हाईवे पर गिरे पेड़। संवाद

अमीरनगर मोहम्मदी-लखीमपुर हाईवे पर गिरे पेड़। संवाद