फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kaushambi News ›   रेल मार्ग और सड़क पर खतरा बनकर घूम रहे आवारा मवेशी

रेल मार्ग और सड़क पर खतरा बनकर घूम रहे आवारा मवेशी

Wed, 17 Oct 2018 01:32 AM IST
Updated Wed, 17 Oct 2018 01:32 AM IST
विज्ञापन
रेल मार्ग और सड़क पर खतरा बनकर घूम रहे आवारा मवेशी
रेल मार्ग और सड़क पर खतरा बनकर घूम रहे आवारा मवेशी
विज्ञापन

पखवाड़े भर में हमसफर एक्सप्रेस और मालगाड़ी में फंसे सांड़
सड़क पर आए दिन हादसों का शिकार हो रहे मुसाफिर
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। रेलवे और सड़क पर चलने वाले लोग आवारा मवेशियों की वजह से हादसे का शिकार हो रहे हैं। सबसे ज्यादा खतरा ट्रेन के मुसाफिरों को है। शासन के सख्त निर्देश के बावजूद अब तक जिले में गोशाला का निर्माण शुरू नहीं हो सका। मवेशियों की वजह से आए दिन लोग सड़कों पर हादसे का शिकार हो रहे हैं।
दिल्ली-हावड़ा रेलवे लाइन कौशाम्बी से होकर गुजरती है। इस रूट पर राजधानी, दूरंतो सहित कई एक्सप्रेस ट्रेनें है। जिले में घूमने वाले आवारा मवेशी ट्रेन में सफर करने वाले मुसाफिरों के लिए भी खतरा बन सकते हैं। सोमवार को मनोहरगंज रेलवे स्टेशन के समीप अशरफपुर गांव से गुजरी रेलवे लाइन में लड़ते हुए ट्रैक से गुजर रही मालगाड़ी से टकरा गए। लोको पायलट की सूझबूझ की वजह से हादसा तो नहीं हुआ लेकिन अप लाइन पर करीब 20 मिनट के लिए मालगाड़ी को रोकना पड़ा। स्थानीय लोगों ने बताया कि इलाहाबाद की तरफ से कानपुर की ओर जा रही ट्रेन के लोको पायलट ने बताया कि उसने सांड को आपस में लड़ते हुए देख लिया था। कई बार हार्न बजाने के बाद भी नहीं हटे तो मजबूरी में प्रेशर ब्रेक लगाकर ट्रेन रोकना पड़ा। इससे पहले भरवारी रेलवे स्टेशन पर पखवाड़े भर पहले दिल्ली से इलाहाबाद जा रही हमसफर एक्सप्रेस एक सांड से टकरा गई थी। भोर में हुए हादसे की वजह से बोगी में बर्थ पर सो रहे मुसाफिर धड़ाधड़ नीचे गिर पड़े। सांड का शव इंजन में फंसने की वजह से 20 मिनट तक ट्रेन खड़ी रही। स्टेशन अधीक्षक सोमचंद्र ने बताया कि चालक ने इमरजेंसी ब्रेक का इस्तेमाल किया था। ऐसे हादसों में ट्रेन पलटने का भी खतरा रहता है। मनोहरगंज इलाके में अब तक पांच घटनाएं मवेशियों की वजह से हो चुकी है। इसके अलावा सड़क पर सफर करना सुरक्षित नहीं रह गया है। सोमवार की शाम सैनी कोतवाली के रामपुर धमावां गांव की मैना (32) पुत्री शिवबरन अपने रिश्तेदार हरिराम के साथ बाइक से घर लौट रही थी। कमासिन के समीप नीयगाय की वजह से वह लोग हादसे का शिकार हो गए थे। इसके अलावा आए दिन इस तरह की घटनाएं हो रही है।
विज्ञापन


क्या कहते हैं जिम्मेदार
आवारा मवेशियों को रखने के लिए गोशाला का निर्माण कराया जाएगा। शासन ने एक करोड़ 20 लाख रुपये का बजट जारी कर दिया है। कादिराबाद के समीप गोशाला के लिए एक हेक्टेयर जमीन अधीग्रहीत कर ली गई है। पैक्सपेड संस्था को ठेका भी मिल चुका है। जल्द ही निर्माण शुरू हो जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

डॉ. बीडी पांडेय, सीवीओ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed