फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kaushambi News ›   भंडारण के रवन्ने पर चल रहा था अवैध खनन का खेल

भंडारण के रवन्ने पर चल रहा था अवैध खनन का खेल

Sat, 29 Dec 2018 12:30 AM IST
Allahabad Bureau इलाहाबाद ब्यूरो
Updated Sat, 29 Dec 2018 12:30 AM IST
विज्ञापन
भंडारण के रवन्ने पर चल रहा था अवैध खनन का खेल
भंडारण के रवन्ने पर चल रहा था अवैध खनन का खेल
विज्ञापन

पट्टाधारक व स्थानीय असरदार के नाम है भंडारण का लाइसेंस
कारोबारियों के फोन पर भड़काने के बाद बिगड़ा तराई का माहौल
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। सरायअकिल थाने के दिया बालू घाट वोट के सहारे अवैध खनन व भंडारण के रवन्ने से परिवहन का खेल पखवारे भर से चल रहा था। स्थानीय पट्टाधारक व एक असरदार व्यक्ति अवैध खनन की बालू का परिवहन अपने-अपने भंडारण के रवन्ने से कराते थे। अवैध बालू के वैध परिवहन में एक विधायक की भूमिका बताई जा रही है। गुरुवार को खेल बिगड़ता देख कारोबारियों के इशारे पर मांझियों ने घटना को अंजाम दे डाला।
सरायअकिल के दिया स्थित 11/3 व 11/4 बालू खंड का पट्टा ई-टेंडरिंग के जरिए सत्ता के एक असरदार नेता के रिश्तेदार ने ले रखा है। घाट पर दो माह तक खनन किया गया। मोरंग खत्म होने के बाद बोट के सहारे अवैध बालू मंगवाकर खनन शुरू कराया गया। इसकी शिकायत होने पर खनन टीम ने दबाव बनाया तो पट्टेधारक ने पट्टा सरेंडर करने का प्रार्थनापत्र दे दिया। इसके बाद प्रशासन की नजर बचाकर भंडारण के दो कारोबारियों ने अवैध खनन शुरू करा दिया। बताते हैं कि भखंदा व दिया के नाविकों के सहारे रोजाना हजारों घनमीटर बालू चित्रकूट के घाट से इस पार लाई जाती थी। इस बालू को कारोबारी नाविकों से औने-पौने दाम में खरीदकर डंप के रवन्ने से परिवहन कराने लगे। इसकी शिकायत होने पर गुरुवार को डीएम ने नायब तहसीलदार को मौके पर भेजा। नायब तहसीलदार ने डंप के एक लाइसेंस धारक का नाम तो खोला पर सत्ता के दबाव के चलते दूसरे का नाम बचाते हुए रिपोर्ट सौंप दी। अवैध खनन की पुष्टि पर खान निरीक्षक पहुंचे तो उन्हें अवैध खनन की बालू मिली लेकिन मौके पर कोई नहीं दिखा। इस पर खनन कर्मी ने नावों की रस्सी खोल दी। इसके बाद गांव से अवैध कारोबारी को नाविकों ने फोन किया। सूत्रों की मानें तो कारोबारी के भड़काने पर माझियों ने घटना को अंजाम दे दिया।
विज्ञापन

---------
अदावत में कभी भी लाल हो सकता है महरनिया घाट
मंझनपुर की तरह चायल तहसील क्षेत्र के महरनिया बालू घाट में भी बालू कारोबारियों के बीच अदावत की चिंगारी सुलग रही है। महरनिया के ठीक सामने उस पार का बालू पट्टा ले रखे पट्टेधारक ने कथित साझेदार को दरकिनार करते हुए महरनिया के पट्टेधारक से हाथ मिला मिला लिया है। इतना ही नहीं इस पार के पट्टेधारक का साथ मिलने के बाद बालू का परिवहन भी तीन दिन पहले शुरू करा दिया। इसकी जानकारी कथित साझेदार को हुई तो वह अदावत पर उतर आया। मामला खनिज कार्यालय में पहुंचा तो समझा-बुझाकर प्रकरण को हल निकालने की कोशिश हुई। पर, बात नहीं बनी। समय रहते यदि प्रशासन ने मामले में ठोस कदम नहीं उठाया तो दिया-भंखदा से कहीं अधिक संगीन वारदात महरनिया बालू घाट पर होना तय है।
विज्ञापन
विज्ञापन

-------
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed