{"_id":"69ed036d84ab9e089b0c3af5","slug":"the-decorations-have-lost-their-shine-expensive-flowers-have-increased-the-cost-of-the-wedding-kasganj-news-c-175-1-sagr1032-146739-2026-04-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kasganj News: सजावट की चमक फीकी, महंगे फूलों ने बढ़ाया शादी का खर्च","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kasganj News: सजावट की चमक फीकी, महंगे फूलों ने बढ़ाया शादी का खर्च
विज्ञापन
फोटो03कासगंज में एक ठेला पर बिक्री के लिए रखे गेंदा के फूल। संवाद
कासगंज। सहालग का सीजन शुरू होते ही बाजार में फूलों की मांग बढ़ गई है। तेजी में हुई अप्रत्याशित वृद्धि के कारण गुलाब और गेंदे जैसे फूलों की कीमतों में भारी उछाल आया है, जो सामान्य दिनों की तुलना में लगभग दोगुनी हो गई हैं।
शादी समारोहों में सजावट के लिए फूलों की मांग सहालग के मौसम में अपने चरम पर होती है। मंडप, गेट, स्टेज और वाहनों को सजाने के लिए बड़ी मात्रा में फूलों का इस्तेमाल किया जाता है। इस साल, मांग में कई गुना वृद्धि के कारण आयोजकों को फूलों की सजावट पर पहले से कहीं अधिक खर्च करना पड़ रहा है, जिसका सीधा असर उनके कुल बजट पर पड़ रहा है।
बाजार के व्यापारियों के अनुसार, वर्तमान में गेंदे की दैनिक खपत 25 से 30 क्विंटल तक पहुंच गई है, जबकि गुलाब की बिक्री 5 से 6 क्विंटल तक हो रही है। मांग में इस तेज उछाल ने सीधे तौर पर कीमतों को प्रभावित किया है। गुलाब के फूल जहां 300 रुपये प्रति किलोग्राम तक बिक रहे हैं, वहीं गेंदा 100 रुपये प्रति किलोग्राम के भाव से मिल रहा है। यह दरें सामान्य दिनों की अपेक्षा लगभग दोगुनी हैं।
विज्ञापन
-- -- -- -- -- -- -- --
आपूर्ति और मांग का असंतुलन
स्थानीय फूल कारोबारी आकाश कुशवाहा ने बताया कि अचानक बढ़ी हुई मांग के मुकाबले आपूर्ति कम पड़ रही है। स्थानीय स्तर पर उत्पादन सीमित है और बाहर से आने वाली फूलों की खेप भी समय पर नहीं पहुंच पा रही है, जिसके कारण बाजार में दबाव बना हुआ है और कीमतें बढ़ रही हैं।
-- -- -- -- -- -- -- -- -- -
वरमालाएं भी हुईं महंगी
सहालग सीजन में फूलों की बढ़ती मांग का असर अब वरमालाओं पर भी साफ दिख रहा है। बाजार में वरमाला की एक जोड़ी करीब 500 रुपये तक बिक रही है, जो सामान्य समय की तुलना में काफी महंगी है। शादी समारोहों में वरमाला का विशेष महत्व होने के कारण लोग इन बढ़ी हुई कीमतों पर भी इन्हें खरीदने के लिए मजबूर हैं।
विज्ञापन
शादी समारोहों में सजावट के लिए फूलों की मांग सहालग के मौसम में अपने चरम पर होती है। मंडप, गेट, स्टेज और वाहनों को सजाने के लिए बड़ी मात्रा में फूलों का इस्तेमाल किया जाता है। इस साल, मांग में कई गुना वृद्धि के कारण आयोजकों को फूलों की सजावट पर पहले से कहीं अधिक खर्च करना पड़ रहा है, जिसका सीधा असर उनके कुल बजट पर पड़ रहा है।
विज्ञापन
बाजार के व्यापारियों के अनुसार, वर्तमान में गेंदे की दैनिक खपत 25 से 30 क्विंटल तक पहुंच गई है, जबकि गुलाब की बिक्री 5 से 6 क्विंटल तक हो रही है। मांग में इस तेज उछाल ने सीधे तौर पर कीमतों को प्रभावित किया है। गुलाब के फूल जहां 300 रुपये प्रति किलोग्राम तक बिक रहे हैं, वहीं गेंदा 100 रुपये प्रति किलोग्राम के भाव से मिल रहा है। यह दरें सामान्य दिनों की अपेक्षा लगभग दोगुनी हैं।
विज्ञापन
आपूर्ति और मांग का असंतुलन
स्थानीय फूल कारोबारी आकाश कुशवाहा ने बताया कि अचानक बढ़ी हुई मांग के मुकाबले आपूर्ति कम पड़ रही है। स्थानीय स्तर पर उत्पादन सीमित है और बाहर से आने वाली फूलों की खेप भी समय पर नहीं पहुंच पा रही है, जिसके कारण बाजार में दबाव बना हुआ है और कीमतें बढ़ रही हैं।
वरमालाएं भी हुईं महंगी
सहालग सीजन में फूलों की बढ़ती मांग का असर अब वरमालाओं पर भी साफ दिख रहा है। बाजार में वरमाला की एक जोड़ी करीब 500 रुपये तक बिक रही है, जो सामान्य समय की तुलना में काफी महंगी है। शादी समारोहों में वरमाला का विशेष महत्व होने के कारण लोग इन बढ़ी हुई कीमतों पर भी इन्हें खरीदने के लिए मजबूर हैं।