यूपी: सीएम योगी से विधायक ने की शिकायत, कहा मुख्यमंत्री जी, भ्रष्ट और कर्तव्यहीन हैं एसडीएम सवायजपुर
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उत्तर प्रदेश में हरदोई के सवायजपुर से भाजपा विधायक माधवेंद्र प्रताप सिंह रानू ने उपजिलाधिकारी सवायजपुर पर गंभीर आरोप लगाते हुए शिकायत आईजीआरएस के जरिये मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से की है। एसडीएम पर भ्रष्टाचार करने और कोरोना संक्रमण काल के दौरान भी कर्तव्यों के प्रति लापरवाही बरतने का आरोप विधायक ने एसडीएम पर लगाया है।
फौरी तौर पर शिकायत की जांच के लिए सीडीओ निधि गुप्ता वत्स ने परियोजना निदेशक, उपायुक्त मनरेगा और उपायुक्त स्वत: रोजगार की एक टीम गठित कर दी है। एक सप्ताह के अंदर जांच आख्या देने को कहा गया है। सवायजपुर से भाजपा विधायक माधवेंद्र प्रताप सिंह रानू ने एसडीएम सवायजपुर मनोज कुमार सागर की लिखित शिकायत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से की है।
पांच जून को आईजीआरएस के जरिये की गई शिकायत में विधायक ने कहा है कि एसडीएम मनोज सागर ने स्वदेश नाम का एक प्राइवेट व्यक्ति अपने साथ रखा हुआ है। आरोप है कि स्वदेश एसडीएम के लिए अवैध वसूली का कार्य करता है। इतना ही नहीं स्वदेश नाम का शख्स तहसील के पटलों पर जाकर निरीक्षण करता है। एसडीएम के पास यदि कोई समस्या लेकर जाता है तो समस्या स्वदेश को बताने के लिए कह दिया जाता है।
विधायक का कहना है कि भाजपा के पदाधिकारियों, क्षेत्रीय लोगों, स्थानीय अधिवक्ताओं और ग्राम प्रधानों से भी एसडीएम अभद्रता करते हैं। विधायक का कहना है कि लॉकडाउन के दौरान थानों से आने वाले धारा-151 के चालान की जमानत देने के लिए एसडीएम लोगों को हरदोई स्थित आवास बुलाते हैं और देर रात तक बैठाकर जमानत देते हैं। जमानत कराने से पहले मुल्जिमों और पैरोकार को स्वदेश से मिलना पड़ता है। विधायक का आरोप है कि जमानतदार होने के बाद भी दो से पांच हजार रुपये घूस न देने पर एसडीएम किसी को भी जेल भेज देते हैं।
मोबाइल लोकेशन निकलवा लें, सामने आ जाएगी एसडीएम की हकीकत
विधायक माधवेंद्र प्रताप सिंह रानू ने कहा है कि एसडीएम मनोज सागर सवायजपुर कितने वक्त और कितने दिन रहते हैं, यह जानने के लिए एसडीएम के सीयूजी नंबर की लोकेशन निकलवा ली जाए। विधायक का आरोप है कि लॉकडाउन में जब दुकानदारों, वाहन चालकों और अन्य आवश्यक सेवाओं के मैनुअल पास जारी किए जा रहे थे तो भी एसडीएम तहसील नहीं आते थे और हरदोई स्थित आवास पर कार्य करते थे। इसके कारण लोगों को हरदोई दौडऩा पड़ता था।
एसडीएम मनोज सागर ने बताया कि उन पर विधायक द्वारा लगाए गए सभी आरोप गलत हैं। उन्होंने कहा कि वह शासन की मंशा के अनुसार ही कार्य कर रहे हैं।