{"_id":"619168acdbc37027831b9e51","slug":"search-land-for-setting-up-15-new-power-substations-proposal-sought-akbarpur-news-knp6640039176","type":"story","status":"publish","title_hn":"15 नये बिजली उपकेंद्र बनाने के लिए भूमि की तलाश, मांगा प्रस्ताव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
15 नये बिजली उपकेंद्र बनाने के लिए भूमि की तलाश, मांगा प्रस्ताव
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कानपुर देहात। बिजली उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए जिले में 15 नये विद्युत उपकेंद्र बनाए जाने हैं। अब जरूरी भूमि की तलाश की जा रही है। एडीएम प्रशासन ने पांच तहसीलों के एसडीएम को भूमि चिह्नित कर प्रस्ताव मांगा है।
सौभाग्य योजना के तहत करीब तीन हजार गांवों में विद्युतीकरण होने से बाद अब उपभोक्ताओं का आंकड़ा तीन लाख के पार हो गया है। वहीं औद्योगिक क्षेत्र में ओवर लोड की स्थिति है। रिवैम्प योजना से जिले में 15 नये उपकेंद्र बनाने का प्रस्ताव है।
अकबरपुर तहसील में छह, भोगनीपुर में दो, डेरापुर में तीन, रसूलाबाद व सिकंदरा में दो-दो विद्युत उपकेंद्र बनाए जाने हैं। अधीक्षण अभियंता विद्युत ने जिलाधिकारी को भूमि उपलब्धता के लिए पत्र लिखा था।
विज्ञापन
इसके बाद डीएलआरसी कार्यालय से जरूरत की भूमि की उपलब्ध कराने के लिए पत्राचार किया गया। अब तहसील प्रशासन की ओर से भूमि चिह्नित करने की कवायद की जा रही है। एडीएम प्रशासन गरिमा सिंह ने बताया कि संबंधित एसडीएम को जल्द भूमि चिह्नित कर प्रस्ताव देने को कहा गया है।
राजस्व विभाग को भूमि उपलब्ध करानी है। एक उपकेंद्र बनाने के लिए करीब 25 सौ वर्ग मीटर भूमि की जरूरत है। भूमि उपलब्ध होने पर रिवैम्प योजना से बिजली उपकेंद्र बनाने का काम शुरू किया जाएगा। नये उपकेंद्र बनने से निर्बाध बिजली आपूर्ति हो सकेगी। - एके वर्मा, अधीक्षण अभियंता विद्युत
विज्ञापन
सौभाग्य योजना के तहत करीब तीन हजार गांवों में विद्युतीकरण होने से बाद अब उपभोक्ताओं का आंकड़ा तीन लाख के पार हो गया है। वहीं औद्योगिक क्षेत्र में ओवर लोड की स्थिति है। रिवैम्प योजना से जिले में 15 नये उपकेंद्र बनाने का प्रस्ताव है।
विज्ञापन
अकबरपुर तहसील में छह, भोगनीपुर में दो, डेरापुर में तीन, रसूलाबाद व सिकंदरा में दो-दो विद्युत उपकेंद्र बनाए जाने हैं। अधीक्षण अभियंता विद्युत ने जिलाधिकारी को भूमि उपलब्धता के लिए पत्र लिखा था।
विज्ञापन
इसके बाद डीएलआरसी कार्यालय से जरूरत की भूमि की उपलब्ध कराने के लिए पत्राचार किया गया। अब तहसील प्रशासन की ओर से भूमि चिह्नित करने की कवायद की जा रही है। एडीएम प्रशासन गरिमा सिंह ने बताया कि संबंधित एसडीएम को जल्द भूमि चिह्नित कर प्रस्ताव देने को कहा गया है।
राजस्व विभाग को भूमि उपलब्ध करानी है। एक उपकेंद्र बनाने के लिए करीब 25 सौ वर्ग मीटर भूमि की जरूरत है। भूमि उपलब्ध होने पर रिवैम्प योजना से बिजली उपकेंद्र बनाने का काम शुरू किया जाएगा। नये उपकेंद्र बनने से निर्बाध बिजली आपूर्ति हो सकेगी। - एके वर्मा, अधीक्षण अभियंता विद्युत