फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Monkey's panic, 12 people cut

बंदर का आतंक, 12 लोगों को काटा

Sat, 09 Jul 2016 01:32 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो /कानपुर
अमर उजाला ब्यूरो /कानपुर Updated Sat, 09 Jul 2016 01:32 AM IST
विज्ञापन
Monkey's panic, 12 people cut
बंदर काटने से घायल - फोटो : amarujala
नौबस्ता के आवास विकास हंसपुरम के बाशिंदे एक बंदर से परेशान हैं। उत्पादी बंदर ने तीन दिनों में 12 लोगों को शिकार बना लिया। आतंक का आलम यह है कि उत्पाती बंदर की वजह से लोगों ने छत पर सोना और बाहर खड़े होकर मोबाइल पर बात करना बंद कर दिया है।
विज्ञापन


इलाकाई लोगों के मुताबिक कई बार वन विभाग और नगर निगम के अफसरों से बंदर को पकड़वाए जाने की गुहार लगाई गई लेकिन सभी ने अनसुना कर दिया।  आवास विकास हंसपुरम सेक्टर-पांच डी निवासी चमेली ने बताया कि मुहल्ले में ही रहने वाले मुख्तार ने एक बंदर पाला था। अब मुख्तार एक आपराधिक मामले में जेल में हैं और बंदर ने लोगों पर अपना आतंक ढाना शुरू कर दिया है। घर के बाहर और छत पर सोने के दौरान लोगों को काट लेता है।
विज्ञापन


स्वाति गुप्ता और शिवम का मोबाइल फोन छीनकर पेड़ से फेंककर तोड़ दिया। बंदर लोगों के घरों के बाथरूम में घुसकर नहाने लगता है। कपड़े और सामान बर्बाद कर डालता है। चमेली के मुताबिक बंदर ने उनके पैर और हाथ पर काटा है। वह खुशी (8), आशीष (20), हर्ष गुप्ता (21), नुसरत (डेढ वर्ष), सनी (20), गंगाराम (45), अभिषेक (21), सोनू (22)। राजू (39) और राज (12) समेत 12 से अधिक लोगों को अपना शिकार बना चुका है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


कोर्ट पहुंचा बंदरों का आतंक
कानपुर। बंदरों का आंतक कोर्ट पहुंच गया है। एक अधिवक्ता ने एसीएम कोर्ट में परिवाद दर्ज कराया है। इसमें कहा गया है कि बंदर आए दिन लोगों को काट रहे हैं। कपड़े फाड़ देते हैं। सामान इधर से उधर कर गायब कर देते हैं। इसलिए बंदरों  को पकड़वाकर शहर से बाहर छुड़वाया जाए। कोर्ट ने डीएफओ और थानाध्यक्ष बाबूपुरवा से एक सप्ताह में रिपोर्ट मांगी है।

सेंट्रल बार एसोसिएशन के महामंत्री प्रवीण फाइटर ने दर्ज कराए परिवाद में कहा है कि शहरियों में कटखने बंदरों का आंतक है। पांच जुलाई को हमलावर बंदरों ने बाबूपुरवा कालोनी के 75 वर्षीय मोहन लाल यादव, 30 साल के चांद बाबू, 50 साल के ओम प्रकाश, 35 साल के शमीम अहमद को काटकर जख्मी कर दिया। यह बंदर जानलेवा बन गए हैं और लोगों की संपत्ति का भी नुकसान कर रहे हैं। इसलिए कोर्ट सीआरपीसी की धारा 133 एफ (कोई जंगली जानवर रिहायशी क्षेत्र में आंतक फैलाए) के तहत कार्यवाही करे।  

प्लेटफार्म पर यात्री को कुत्ते ने काटा
कानपुर (ब्यूरो)।  सेंट्रल स्टेशन पर आवारा जानवरों की धमाचौकड़ी का आलम यह है कि गुरुवार की रात एक नंबर प्लेटफार्म पर आई डिब्रूगढ़  राजधानी एक्सप्रेस के यात्री को कुत्ते ने काट लिया। रेल कर्मियों ने बताया कि ट्रेन के डी-9 कोच से उतरे आनंद कुमार (24) प्लेटफार्म पर लगी खाने पीने की दुकान से सामान ले रहे थे, तभी ट्रेन के हॉर्न से वे खाने का पैकेट लेकर कोच की ओर दौड़ पड़े।


भागते वक्त उनका पैर नीचे बैठे कुत्ते पर पड़ गया। इस पर चिल्लाते हुए कुत्ते ने भी आनंद के पैर में काट लिया। जब तक रेल कर्मी आनंद के पास पहुंचकर उन्हें इलाज मुहैय्या कराते, तब तक वे ट्रेन में चढ़ गए और गाड़ी भी रवाना हो गई। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed