{"_id":"dfb3e2de8274832cf2b390a8500aa915","slug":"fire-truck-two-people-burned-alive-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बिल्हौर- ट्रक में लगी आग, दो लोग जिंदा जले","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
बिल्हौर- ट्रक में लगी आग, दो लोग जिंदा जले
अमर उजाला ब्यूरो, कानपुर
Updated Fri, 27 Nov 2015 01:51 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बिल्हौर में उत्तरीपूरा कस्बे में जीटी रोड किनारे खड़े एक ट्रक में बुधवार देर रात लगी आग से दो लोग जिंदा जल गए। ट्रक के केबिन से मिले शवों की पहचान नहीं हो पाई।
विज्ञापन
बिल्हौर कोतवाली प्रभारी जीवाराम यादव ने बताया कि ट्रक में आग लगी या लगाई गई, इसकी जांच की जा रही है।उत्तरीपूरा कस्बे के गार्गी धर्मकांटा के सामने गत बुधवार रात लगभग 9:30 बजे कन्नौज से कानपुर की ओर जा रहा ट्रक सड़क किनारे रुका था।
विज्ञापन
आसपास के दुकानदारों के मुताबिक रात 10 बजे खड़े ट्रक के अगले हिस्से से लपटें उठने लगीं। ढाबे पर खाना खा रहे कई ट्रक चालक और अन्य लोग मौके पर पहुंचे। लपटें तेज होने पर कंट्रोल रूम और चौकी पुलिस को सूचना दी गई।
विज्ञापन
रात 10:40 बजे पहुंची पुलिस ने आसपास से पानी का इंतजाम कर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन असफल रहे। बाद में दमकल ने आग पर काबू पाया। आग बुझने के बाद ट्रक के केबिन में दो लोगों के जले शव पड़े थे।
कोतवाली प्रभारी ने बताया कि ट्रक नंबर के आधार पर की गई जांच में पता चला है कि राजस्थान प्रांत के भरतपुर इलाके के इस ट्रक को अलीगढ़ जिले के धर्मेंद्र नाम के ट्रांसपोर्टर ने छह माह पहले खरीदा था।
बुधवार को ट्रक चालक प्रेम सिंह (35) परिचालक गजेंद्र (30) ट्रक में थे। आग से किसकी मौत हुई है इसकी पुष्टि ट्रक मालिक और परिजनों के आने के बाद ही होगी।
आखिर ट्रक में आग लगी कैसे ?
बिल्हौर। उत्तरीपुरा कस्बे में ट्रक में आग लगने से दो लोगों की मौत के मामले में पुलिस को कोई सुराग नहीं मिला है। आसपास के लोगों ने कहा कि यदि लूटपाट के बाद आग लगाई जाती तो कुछ चीख-पुकार तो जरूर सुनाई देती। 100 मीटर दूर डब्बू ढाबे पर कई लोग उस समय खाना खा रहे थे, किसी को शोर नहीं सुनाई दिया।
यदि केबिन के अंदर किसी कारण से आग लगी होती तो चालक-परिचालक बाहर तो निकल ही आते। घटनास्थल के पास खड़े कुछ ट्रक चालकों ने बताया कि कई चालक और परिचालक रास्ते में खाना बनाते के लिए छोटा गैस सिलेंडर या स्टोव लेकर चलते हैं। हो सकता है कि खाना पकाते समय ही आग लगी हो और चालक-क्लीनर उसकी चपेट मेें आ गए हो।
यह भी आशंका जताई गई कि हो सकता है लुटेरों ने चालक-क्लीनर की हत्या करने के बाद आग लगाई हो ताकि कोई शोर ही न मचा सके। पुलिस का कहना है कि दोनों शव इतनी बुरी तरह जल गए हैं कि शिनाख्त होना मुश्किल है।