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Kanpur News: समूह की 29 महिलाएं बनीं हुनरमंद, करेंगी खुद का कारोबार
Wed, 06 May 2026 01:23 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
Updated Wed, 06 May 2026 01:23 AM IST
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कानपुर देहात। समूह की 29 महिलाओं को ब्यूटी पार्लर कोर्स का प्रशिक्षण दिया गया है। मंगलवार को इनका प्रशिक्षण पूरा होने पर प्रमाण पत्र वितरित किया गया। अब ये महिलाएं खुद का कारोबार कर आत्मनिर्भर बनेंगी। वहीं, चयनित अन्य 35 महिलाओं को 12 मई से सिलाई-कढ़ाई का काम सिखाया जाएगा। साथ ही इन्हें कारोबार शुरू करने के लिए योजना के अनुसार ऋण भी उपलब्ध कराया जाएगा।
ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले में नौ हजार स्वयं सहायता समूह संचालित हैं। इनसे जुड़ी करीब एक लाख से अधिक महिलाएं अपने कौशल के अनुसार प्रशिक्षण प्राप्त कर खुद का कारोबार कर रही हैं। एनआरएलएम विभाग इस समय जनपद के पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की तीन लाख से अधिक महिलाओं को समूह से जोड़ने का काम कर रहा है। इसके लिए सभी डीएमएम व बीएमएम ग्राम पंचायत स्तर पर इनसे संपर्क कर समूह से जुड़ने के लिए प्रेरित कर रहे हैं।
ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) के निदेशक मयंक कटियार ने बताया कि समूह से जुड़ने वाली महिलाओं को उनके कौशल के अनुसार प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इसके तहत 29 महिलाओं को ब्यूटीपार्लर कोर्स कराया गया है। प्रशिक्षण पूरा होने पर इन्हें प्रमाणपत्र दिए गए हैं। साथ ही जो महिलाएं खुद का कारोबार शुरू करने के लिए ऋण के लिए आवेदन करेंगी, उन्हें सीएम युवा उद्यम योजना के तहत पांच लाख रुपये तक का ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अलावा पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की 35 महिलाओं को 12 मई से सिलाई का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
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वर्जन.....
पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की महिलाओं को नए या फिर पुराने समूह से जोड़ा जा रहा है। साथ ही उन्हें उनके कौशल के अनुसार कारोबार शुरू करने के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है। प्रशिक्षण पूरा होने पर सीसीएल के तहत 1.5 लाख रुपये का ऋण भी प्रदान किया जाएगा। - गंगाराम वर्मा, उपायुक्त, एनआरएलएम
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ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत जिले में नौ हजार स्वयं सहायता समूह संचालित हैं। इनसे जुड़ी करीब एक लाख से अधिक महिलाएं अपने कौशल के अनुसार प्रशिक्षण प्राप्त कर खुद का कारोबार कर रही हैं। एनआरएलएम विभाग इस समय जनपद के पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की तीन लाख से अधिक महिलाओं को समूह से जोड़ने का काम कर रहा है। इसके लिए सभी डीएमएम व बीएमएम ग्राम पंचायत स्तर पर इनसे संपर्क कर समूह से जुड़ने के लिए प्रेरित कर रहे हैं।
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ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) के निदेशक मयंक कटियार ने बताया कि समूह से जुड़ने वाली महिलाओं को उनके कौशल के अनुसार प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इसके तहत 29 महिलाओं को ब्यूटीपार्लर कोर्स कराया गया है। प्रशिक्षण पूरा होने पर इन्हें प्रमाणपत्र दिए गए हैं। साथ ही जो महिलाएं खुद का कारोबार शुरू करने के लिए ऋण के लिए आवेदन करेंगी, उन्हें सीएम युवा उद्यम योजना के तहत पांच लाख रुपये तक का ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अलावा पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की 35 महिलाओं को 12 मई से सिलाई का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
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पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड धारक परिवार की महिलाओं को नए या फिर पुराने समूह से जोड़ा जा रहा है। साथ ही उन्हें उनके कौशल के अनुसार कारोबार शुरू करने के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है। प्रशिक्षण पूरा होने पर सीसीएल के तहत 1.5 लाख रुपये का ऋण भी प्रदान किया जाएगा। - गंगाराम वर्मा, उपायुक्त, एनआरएलएम