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चंडीगढ़ एक्सप्रेस में एसी खराब, यात्रियों का हंगामा
Updated Thu, 14 Jun 2018 01:04 AM IST
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शुक्लागंज (उन्नाव)। चंडीगढ़ एक्सप्रेस में एसी खराब होने पर बुधवार की दोपहर यात्रियों ने गंगाघाट स्टेशन पर जमकर हंगामा किया। स्टेशन पर उतरे यात्रियों ने बताया कि ट्रेन घंटों लेट पहले से ही थी, ऊपर से किसी भी कोच में पानी नहीं है। एसी खराब होने से दम घुट रहा है। इधर, शिकायत करने पहुंचे यात्रियों को देखकर गार्ड ने अपने कोच का गेट बंद कर लिया।
बुधवार की दोपहर करीब एक बजे चंडीगढ़ से कानपुर होकर गंगाघाट रेलवे स्टेशन पहुंची। सिग्नल न होने से करीब एक घंटे तक ट्रेन लूप लाइन पर खड़ी रही। ट्रेन के एसी कोच में खराबी से यात्री नाराज हो पड़े। थोड़ी देर बाद बड़ी संख्या में यात्री गंगाघाट स्टेशन पर उतर कर हंगामा करने लगे। हंगामा कर रहे यात्रियों ने बताया कि किसी भी कोच में पानी नहीं था। कानपुर सेंट्रल पर पानी नहीं भरा गया। सुबह करीब 7 बजे ट्रेन पनकी रेलवे स्टेशन पहुंची। जहां से गंगाघाट रेलवे स्टेशन तक आने में उसे 6 घंटे लग गए।
यात्री बोले, पनकी से गंगाघाट रेलवे स्टेशन तक करीब 20 किलोमीटर की दूरी ट्रेन ने 6 घंटे में तय की। पनकी के पास एसी कोच संख्या- ए-1, ए-2 व बी-1, बी-2 व बी-3 कोच के एसी बंद होने लगे थे। कोच बी-1 में यात्रा कर रहे राधेकृष्ण शुक्ला, पलक, दीपक त्रिवेदी, सुमन, कुशा शुक्ला ने बताया कि जब एसी के बारे में कोच कंडक्टर से कहा गया तो बोले बैटरा खराब हो गए हैं नए लगेंगे तभी चल सकेंगे। जानकारी गार्ड को दे दी गई है। इसके बाद कोच कंडक्टर कानपुर के बाद दिखा ही नहीं।
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गर्मी से परेशान यात्री जब गार्ड के पास पहुंचे तो उसने अपने कोच का गेट बंद कर लिया, और कुछ नहीं बताया। गुस्साए यात्रियों ने रेल प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करने लगे। जनरल कोच में यात्रा करने वाले जितेंद्र, सुरेंद्र, विष्णु, राममूर्ति मिश्रा ने बताया कि पानी न होने से यात्री प्यासे रहे। गंगाघाट रेलवे स्टेशन पर भी पानी की समुचित व्यवस्था नहीं है जिसके चलते खरीद कर पानी पीना पड़ रहा। ट्रेन के गार्ड से संपर्क किया गया तो उसने कोई बात न करने की बात कही। स्टेशन अधीक्षक कुंवर पाल ने बताया डाउन ट्रैक पर दूसरी ट्रेन उन्नाव को गईं थी, जिस कारण चंड़ीगढ़ एक्सप्रेस को रोका गया।
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बुधवार की दोपहर करीब एक बजे चंडीगढ़ से कानपुर होकर गंगाघाट रेलवे स्टेशन पहुंची। सिग्नल न होने से करीब एक घंटे तक ट्रेन लूप लाइन पर खड़ी रही। ट्रेन के एसी कोच में खराबी से यात्री नाराज हो पड़े। थोड़ी देर बाद बड़ी संख्या में यात्री गंगाघाट स्टेशन पर उतर कर हंगामा करने लगे। हंगामा कर रहे यात्रियों ने बताया कि किसी भी कोच में पानी नहीं था। कानपुर सेंट्रल पर पानी नहीं भरा गया। सुबह करीब 7 बजे ट्रेन पनकी रेलवे स्टेशन पहुंची। जहां से गंगाघाट रेलवे स्टेशन तक आने में उसे 6 घंटे लग गए।
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यात्री बोले, पनकी से गंगाघाट रेलवे स्टेशन तक करीब 20 किलोमीटर की दूरी ट्रेन ने 6 घंटे में तय की। पनकी के पास एसी कोच संख्या- ए-1, ए-2 व बी-1, बी-2 व बी-3 कोच के एसी बंद होने लगे थे। कोच बी-1 में यात्रा कर रहे राधेकृष्ण शुक्ला, पलक, दीपक त्रिवेदी, सुमन, कुशा शुक्ला ने बताया कि जब एसी के बारे में कोच कंडक्टर से कहा गया तो बोले बैटरा खराब हो गए हैं नए लगेंगे तभी चल सकेंगे। जानकारी गार्ड को दे दी गई है। इसके बाद कोच कंडक्टर कानपुर के बाद दिखा ही नहीं।
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गर्मी से परेशान यात्री जब गार्ड के पास पहुंचे तो उसने अपने कोच का गेट बंद कर लिया, और कुछ नहीं बताया। गुस्साए यात्रियों ने रेल प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करने लगे। जनरल कोच में यात्रा करने वाले जितेंद्र, सुरेंद्र, विष्णु, राममूर्ति मिश्रा ने बताया कि पानी न होने से यात्री प्यासे रहे। गंगाघाट रेलवे स्टेशन पर भी पानी की समुचित व्यवस्था नहीं है जिसके चलते खरीद कर पानी पीना पड़ रहा। ट्रेन के गार्ड से संपर्क किया गया तो उसने कोई बात न करने की बात कही। स्टेशन अधीक्षक कुंवर पाल ने बताया डाउन ट्रैक पर दूसरी ट्रेन उन्नाव को गईं थी, जिस कारण चंड़ीगढ़ एक्सप्रेस को रोका गया।