{"_id":"a1d7b2a46948f58736958f011e0817c3","slug":"teachers-continue-to-demonstrate-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"टीचरों का प्रदर्शन जारी, मूल्यांकन ठप ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टीचरों का प्रदर्शन जारी, मूल्यांकन ठप
अमर उजाला कन्नाैैज
Updated Wed, 01 Apr 2015 12:27 AM IST
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टीचरों के बहिष्कार के चलते हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य दूसरे दिन मंगलवार को भी ठप रहा। बोर्ड की तरफ से आए प्रधान परीक्षक व परीक्षकों को संगठन के नेताओं का विरोध झेलना पड़ा। किसी भी मूल्यांकन केंद्र पर कोठार से कमरों तक कापी का बंडल नहीं पहुंचा।
एसबीएस इंटर कालेज में माध्यमिक शिक्षक संघ शर्मा गुट के जिलाध्यक्ष शिवनाथ सिंह वर्मा, रामेंद्र सिंह यादव, तौकीर रजा, मैकूलाल राजपूत, आनंद बाबू, श्याम बाबू राठौर, कफील अहमद, वित्त विहीन प्रधानाचार्य परिषद से प्रदेश सचिव ब्रजेश राजपूत, जिलाध्यक्ष सुशील राजपूत, वित्त विहीन शिक्षक संघ से जिलाध्यक्ष इलाकेदार सिंह, राजबहादुर सिंह यादव, अशोक कुमार दुबे, रामकिशोर दुबे, राजेश यादव, एके सिंह, ओमबाबू यादव, जिबरी खां सहित अन्य शिक्षकों ने एसबीएस कालेज के मुख्य गेट पर जमकर सरकार विरोधी नारे लगाए।
वित्त विहीन शिक्षक संघ (बागी गुट) के जिलाध्यक्ष सुनील कुमार रावत ने कहा कि जब तक उनकी मांगे पूरी नहीं हो जाती शिक्षकों का विरोध जारी रहेगा। जिलाध्यक्ष शिवनाथ सिंह वर्मा ने कहा कि सरकार के साथ कई बार वार्ता हो चुकी है। इसके बावजूद अब तक कोई निष्कर्ष नहीं निकला।
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उन्होंने कहा कि सरकार माडल स्कूलों का निर्माण करा रही है। जबकि उस धनराशि को यदि वित्त विहीन विद्यालयों में खर्च किया जाए तो उससे बेहतर गुणवत्ता की शिक्षा छात्रों को मिल सकती है। अंश कालिक से पूर्ण कालिक का दर्जा प्रदान किया जाए। केके इंटर कालेज में प्रदेशीय मंत्री रामानंद द्विवेदी के नेतृत्व में मूल्यांकन का विरोध जताया गया।
इस मौके पर हरिबक्स सिंह, अनिल पाठक, राधेश्याम वर्मा, शशिमोहन सिंह, आदर्श कुमार गंगवार, वीपी यादव, आशुतोष तिवारी, महेश चंद्र शर्मा, राहुल सिंह यादव, रविकांत, सुनील कुमार सिंह, भोले खां, रामप्रसाद कुशवाहा सहित अन्य मौजूद रहे। वित्त विहीन शिक्षक संघ के महामंत्री राज बहादुर यादव ने कहा कि जब तक मांगे नहीं मानी जाएंगी। शिक्षकों का विरोध जारी रहेगा। वित्तविहीन शिक्षकों की सांकेतिक हड़ताल नहीं है।
मूल्यांकन केंद्र पर नहीं पहुंची कापियां
एसबीएस इंटर कालेज को इंटरमीडिएट का मूल्यांकन केंद्र बनाया गया है। बोर्ड से ढाई लाख कापियां आवंटित हैं, लेकिन अभी तक 1 लाख 75 हजार कापियां आ सकी हैं। केके इंटर कालेज में हाईस्कूल का आधा भाग है। यहां पर 1 लाख 5 हजार कापियों का आवंटन है। हालांकि बोर्ड से सारी कापियां मिल चुकी है।
मूल्यांकन कार्य होगा प्रभावित
एसबीएस इंटर कालेज के उप नियंत्रक एमसी पाल ने बताया कि बोर्ड से निर्धारित की गई तिथि में मूल्यांकन कार्य अब खत्म नहीं हो सकेगा। समय बढ़ाए जाने के लिए बाद में पत्र भेजा जाएगा। इसके अलावा एक अप्रैल से नया सत्र भी शुरू हो रहा है, जिसको शुरू करने में तमाम तरह की दिक्कतें आएंगी।
केंद्रों पर नहीं पहुंचे नियंत्रक
बोर्ड परीक्षा के लिए डीआईओएस को नियंत्रक बनाया जाता है। जिनकी देखरेख में मूल्यांकन कार्य चलता है। नियंत्रक को समय-समय पर पहुंचकर केंद्रों की मानीटरिंग करनी पड़ती है। इसके अलावा मूल्यांकन कार्य के पहले दिन प्रधान परीक्षकों के साथ बैठक की जाती है। मूल्यांकन से संबंधी दिशा-निर्देश प्रदान किए जाते हैं, लेकिन इस बार मूल्यांकन केंद्रों पर ऐसा कुछ नहीं हुआ।
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एसबीएस इंटर कालेज में माध्यमिक शिक्षक संघ शर्मा गुट के जिलाध्यक्ष शिवनाथ सिंह वर्मा, रामेंद्र सिंह यादव, तौकीर रजा, मैकूलाल राजपूत, आनंद बाबू, श्याम बाबू राठौर, कफील अहमद, वित्त विहीन प्रधानाचार्य परिषद से प्रदेश सचिव ब्रजेश राजपूत, जिलाध्यक्ष सुशील राजपूत, वित्त विहीन शिक्षक संघ से जिलाध्यक्ष इलाकेदार सिंह, राजबहादुर सिंह यादव, अशोक कुमार दुबे, रामकिशोर दुबे, राजेश यादव, एके सिंह, ओमबाबू यादव, जिबरी खां सहित अन्य शिक्षकों ने एसबीएस कालेज के मुख्य गेट पर जमकर सरकार विरोधी नारे लगाए।
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वित्त विहीन शिक्षक संघ (बागी गुट) के जिलाध्यक्ष सुनील कुमार रावत ने कहा कि जब तक उनकी मांगे पूरी नहीं हो जाती शिक्षकों का विरोध जारी रहेगा। जिलाध्यक्ष शिवनाथ सिंह वर्मा ने कहा कि सरकार के साथ कई बार वार्ता हो चुकी है। इसके बावजूद अब तक कोई निष्कर्ष नहीं निकला।
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उन्होंने कहा कि सरकार माडल स्कूलों का निर्माण करा रही है। जबकि उस धनराशि को यदि वित्त विहीन विद्यालयों में खर्च किया जाए तो उससे बेहतर गुणवत्ता की शिक्षा छात्रों को मिल सकती है। अंश कालिक से पूर्ण कालिक का दर्जा प्रदान किया जाए। केके इंटर कालेज में प्रदेशीय मंत्री रामानंद द्विवेदी के नेतृत्व में मूल्यांकन का विरोध जताया गया।
इस मौके पर हरिबक्स सिंह, अनिल पाठक, राधेश्याम वर्मा, शशिमोहन सिंह, आदर्श कुमार गंगवार, वीपी यादव, आशुतोष तिवारी, महेश चंद्र शर्मा, राहुल सिंह यादव, रविकांत, सुनील कुमार सिंह, भोले खां, रामप्रसाद कुशवाहा सहित अन्य मौजूद रहे। वित्त विहीन शिक्षक संघ के महामंत्री राज बहादुर यादव ने कहा कि जब तक मांगे नहीं मानी जाएंगी। शिक्षकों का विरोध जारी रहेगा। वित्तविहीन शिक्षकों की सांकेतिक हड़ताल नहीं है।
मूल्यांकन केंद्र पर नहीं पहुंची कापियां
एसबीएस इंटर कालेज को इंटरमीडिएट का मूल्यांकन केंद्र बनाया गया है। बोर्ड से ढाई लाख कापियां आवंटित हैं, लेकिन अभी तक 1 लाख 75 हजार कापियां आ सकी हैं। केके इंटर कालेज में हाईस्कूल का आधा भाग है। यहां पर 1 लाख 5 हजार कापियों का आवंटन है। हालांकि बोर्ड से सारी कापियां मिल चुकी है।
मूल्यांकन कार्य होगा प्रभावित
एसबीएस इंटर कालेज के उप नियंत्रक एमसी पाल ने बताया कि बोर्ड से निर्धारित की गई तिथि में मूल्यांकन कार्य अब खत्म नहीं हो सकेगा। समय बढ़ाए जाने के लिए बाद में पत्र भेजा जाएगा। इसके अलावा एक अप्रैल से नया सत्र भी शुरू हो रहा है, जिसको शुरू करने में तमाम तरह की दिक्कतें आएंगी।
केंद्रों पर नहीं पहुंचे नियंत्रक
बोर्ड परीक्षा के लिए डीआईओएस को नियंत्रक बनाया जाता है। जिनकी देखरेख में मूल्यांकन कार्य चलता है। नियंत्रक को समय-समय पर पहुंचकर केंद्रों की मानीटरिंग करनी पड़ती है। इसके अलावा मूल्यांकन कार्य के पहले दिन प्रधान परीक्षकों के साथ बैठक की जाती है। मूल्यांकन से संबंधी दिशा-निर्देश प्रदान किए जाते हैं, लेकिन इस बार मूल्यांकन केंद्रों पर ऐसा कुछ नहीं हुआ।