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बसों में नहीं लगीं फॉग लाइटें, कोहरे में ऐसे ही दौड़ रहीं
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कन्नौज। सर्दी के साथ ही कोहरा बढ़ने लगा है। उत्तर प्रदेश परिवहन निगम (रोडवेज) की बसों में अभी भी फॉग लाइटें नहीं लगी हैं। खिड़कियों के शीशे भी टूटे हैं। इससे यात्रियों को भीषण सर्दी में कंपकंपाते हुए सफर करना पड़ रहा है। अधिकारी यात्रियों की सहूलियतों को लेकर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
डिपो से रोजाना करीब 10 बसें दिल्ली के लिए रवाना होती हैं। दो बसें रोजाना आगरा से अप-डाउन करती हैं। जयपुर के लिए कन्नौज बस अड्डे से रोजाना बसें रवाना होती हैं। ऐसे में लांग रूट पर चलने वाली बसों में फॉग लाइटें न होने से चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सुबह और शाम कोहरे से सड़क पर पांच मीटर तक की दूरी का भी दिखाई नहीं पड़ रहा है। इससे हादसे की आशंका रहती है। महकमे के अधिकारी समस्या को नजरअंदाज कर रहे हैं। वहीं खिड़कियों के शीशे टूटे होने से यात्रियों को शीतलहर के बीच भीषण सर्दी में कंपकंपाते हुए सफर करना पड़ रहा है। सबसे ज्यादा परेशानी महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को होती है। इन सब कमियों के बाद भी अधिकारी व्यवस्थाओं को दुरुस्त बता रहे हैं।
सर्दी के मौसम में कोहरे को देखते हुए कोई भी बस बिना फॉग लाइट के रवाना नहीं होगी। कुछ बसों में फॉग लाइटें लगवा दी गई हैं। बाकी बसों में भी जल्द ही फॉग लाइटें लगवा दी जाएंगी। जिन बसों की खिड़कियों के शीशे टूटे हैं, उन्हें सही करवा दिया गया है।
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-राजेश कुमार, एआरएम।
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डिपो से रोजाना करीब 10 बसें दिल्ली के लिए रवाना होती हैं। दो बसें रोजाना आगरा से अप-डाउन करती हैं। जयपुर के लिए कन्नौज बस अड्डे से रोजाना बसें रवाना होती हैं। ऐसे में लांग रूट पर चलने वाली बसों में फॉग लाइटें न होने से चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सुबह और शाम कोहरे से सड़क पर पांच मीटर तक की दूरी का भी दिखाई नहीं पड़ रहा है। इससे हादसे की आशंका रहती है। महकमे के अधिकारी समस्या को नजरअंदाज कर रहे हैं। वहीं खिड़कियों के शीशे टूटे होने से यात्रियों को शीतलहर के बीच भीषण सर्दी में कंपकंपाते हुए सफर करना पड़ रहा है। सबसे ज्यादा परेशानी महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को होती है। इन सब कमियों के बाद भी अधिकारी व्यवस्थाओं को दुरुस्त बता रहे हैं।
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सर्दी के मौसम में कोहरे को देखते हुए कोई भी बस बिना फॉग लाइट के रवाना नहीं होगी। कुछ बसों में फॉग लाइटें लगवा दी गई हैं। बाकी बसों में भी जल्द ही फॉग लाइटें लगवा दी जाएंगी। जिन बसों की खिड़कियों के शीशे टूटे हैं, उन्हें सही करवा दिया गया है।
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-राजेश कुमार, एआरएम।