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Jhansi News: प्राणघातक हमले का आरोप साबित होने पर अभियुक्तों को दस साल की सजा
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झांसी। टहरौली में करीब बारह वर्ष पूर्व एक युवक पर हुए प्राणघातक हमले में आरोप सिद्घ होने पर दो अभियुक्तों को दस-दस साल सश्रम कारावास की सजा सुनाई गई है। बृहस्पतिवार को यह सजा जनपद न्यायाधीश जफीर अहमद ने सुनाई।
जिला शासकीय अधिवक्ता मृदुल कांत श्रीवास्तव के मुुताबिक टहरौली निवासी दीपक कुमार पुत्र भगवान दास ने तहरीर के जरिए बताया कि 26 नवंबर 2010 को उसके गांव का रहने वाला राहुल यादव पुत्र हुकुम सिंह एवं कल्लू उर्फ सुनील ढीमर उसके घर पहुंचे। भतीजी के लिए लड़का दिखाने के बहाने दोनों उसे अपने साथ बाहर ले गए। यहां से यह लोग बरारू गांव पहुंचे। वापस लौटते समय राहुल ने तमंचे से उसके ऊपर फायर झोंक दिया। गोली लगने से वह घायल होकर नीचे गिर पड़ा। राहुल ने तमंचे की बट से उसके सिर में कई प्रहार किए। उसे गंभीर रूप से घायल करके दोनों वहां से भाग निकले। पुलिस ने आईपीसी की धारा 307 समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज करके विवेचना शुरू की। पुलिस ने दोनों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी। इसके बाद करीब बारह साल की लंबी सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों ने गवाह एवं सुबूत अदालत में पेश किए।
लंबी जिरह के बाद आखिरकार कोर्ट ने राहुल एवं कल्लू पर लगे आरोप सही पाए। आज न्यायाधीश ने दोनों की सजा का एलान करते हुए दस-दस साल की सश्रम कारावास समेत बीस-बीस हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुना दी। अर्थदंड न देने की दशा में उनको दो-दो साल का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
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जिला शासकीय अधिवक्ता मृदुल कांत श्रीवास्तव के मुुताबिक टहरौली निवासी दीपक कुमार पुत्र भगवान दास ने तहरीर के जरिए बताया कि 26 नवंबर 2010 को उसके गांव का रहने वाला राहुल यादव पुत्र हुकुम सिंह एवं कल्लू उर्फ सुनील ढीमर उसके घर पहुंचे। भतीजी के लिए लड़का दिखाने के बहाने दोनों उसे अपने साथ बाहर ले गए। यहां से यह लोग बरारू गांव पहुंचे। वापस लौटते समय राहुल ने तमंचे से उसके ऊपर फायर झोंक दिया। गोली लगने से वह घायल होकर नीचे गिर पड़ा। राहुल ने तमंचे की बट से उसके सिर में कई प्रहार किए। उसे गंभीर रूप से घायल करके दोनों वहां से भाग निकले। पुलिस ने आईपीसी की धारा 307 समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज करके विवेचना शुरू की। पुलिस ने दोनों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी। इसके बाद करीब बारह साल की लंबी सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों ने गवाह एवं सुबूत अदालत में पेश किए।
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लंबी जिरह के बाद आखिरकार कोर्ट ने राहुल एवं कल्लू पर लगे आरोप सही पाए। आज न्यायाधीश ने दोनों की सजा का एलान करते हुए दस-दस साल की सश्रम कारावास समेत बीस-बीस हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुना दी। अर्थदंड न देने की दशा में उनको दो-दो साल का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
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