{"_id":"62332d4e5b04871fc3350260","slug":"there-was-no-place-to-keep-feet-in-buses-there-was-crowd-in-trains-too-jaunpur-news-vns643691311","type":"story","status":"publish","title_hn":"बसों में नहीं बच रही थी पांव रखने की जगह,ट्रेनों में भी रहा भीड़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बसों में नहीं बच रही थी पांव रखने की जगह,ट्रेनों में भी रहा भीड़
विज्ञापन
जौनपुर। बृहस्पतिवार को सुबह से ही लोग अपने घरों को रवाना होने लगे। अधिकांश लोग रोडवेज बसों से अपने घर जाने के लिए रवाना हो रहे थे, जिससे मारामारी का हाल रहा। वहीं, रोडवेज बसों में भारी भीड़ लग रही थी। वहीं, होली स्पेशल ट्रेनों के नहीं चलने से ट्रेनों में भी यात्रियों की भीड़ रही।
जौनपुर रोडवेज डिपो से कुल 82 बसे संचालित होती हैं। वहीं, होली पर्व के मद्देनजर 12 अतिरिक्त बसे भी संचालित की गई है। बावजूद इसके, बृहस्पतिवार को पूरे दिन यात्रियों की भारी भीड़ लगी हुई है। सुबह से ही घर जाने के लिए यात्रियों की भारी भीड़ रोडवेज डिपो पर लगी रही। बस आते ही उसकी तरफ यात्री दौड़ पड़ते थे। इससे बसों में पांच रखने की जगह भी नहीं बच रही थी। सीट नहीं मिलने से यात्री खड़ा होकर यात्रा करने को विवश रहे। लगभग यही हाल ट्रेनों में भी था। ट्रेनों में भी यात्रियों की भारी भीड़ रही।
होली पर्व के मद्देनजर 12 अतिरिक्त बसों का संचालन शुरू किया गया है, जिससे यात्रियों को गंतव्य तक जाने में दिक्कत नहीं हुई। बसें पर्याप्त थी। जल्दी से गंतव्य तक पहुंचने के कारण लोग बस आते ही उसमें चढ़ने के लिए दौड़ पड़ रहे थे, जिससे बसों में भीड़ हो जा रही थी। - विजय प्रकाश श्रीवास्तव, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक रोडवेज
विज्ञापन
विज्ञापन
जौनपुर रोडवेज डिपो से कुल 82 बसे संचालित होती हैं। वहीं, होली पर्व के मद्देनजर 12 अतिरिक्त बसे भी संचालित की गई है। बावजूद इसके, बृहस्पतिवार को पूरे दिन यात्रियों की भारी भीड़ लगी हुई है। सुबह से ही घर जाने के लिए यात्रियों की भारी भीड़ रोडवेज डिपो पर लगी रही। बस आते ही उसकी तरफ यात्री दौड़ पड़ते थे। इससे बसों में पांच रखने की जगह भी नहीं बच रही थी। सीट नहीं मिलने से यात्री खड़ा होकर यात्रा करने को विवश रहे। लगभग यही हाल ट्रेनों में भी था। ट्रेनों में भी यात्रियों की भारी भीड़ रही।
विज्ञापन
होली पर्व के मद्देनजर 12 अतिरिक्त बसों का संचालन शुरू किया गया है, जिससे यात्रियों को गंतव्य तक जाने में दिक्कत नहीं हुई। बसें पर्याप्त थी। जल्दी से गंतव्य तक पहुंचने के कारण लोग बस आते ही उसमें चढ़ने के लिए दौड़ पड़ रहे थे, जिससे बसों में भीड़ हो जा रही थी। - विजय प्रकाश श्रीवास्तव, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक रोडवेज
विज्ञापन