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Jaunpur News: साए की तरह साथ रहने वाली बेटी ने मौत के वक्त भी साथ नहीं छोड़ा

Wed, 25 Jun 2025 12:22 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 25 Jun 2025 12:22 AM IST
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The daughter who stayed with him like a shadow did not leave him even at the time of his death
मुंगराबादशाहपुर, जौनपुर। हरिशंकर और उनकी मासूम बेटी ख्याति की भूस्खलन से मौत से कस्बे में हर कोई दुखी है। स्थानीय लोगों और परिजनों ने बताया कि ख्याति पिता हरिशंकर की लाडली थी। हर समय साए के साथ साथ रहती थी।
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हरिशंकर अगर गाड़ी लेकर चलते तो ख्याति हमेशा उनके साथ आगे की सीट पर बैठ जाती थी। साए की तरह पिता के साथ रहने वाली बेटी मौत के वक्त भी साथ रही। मुंगराबादशाहपुर कस्बे के पिता-पुत्री की उत्तराखंड के उत्तरकाशी के नौकेची में भूस्खलन में सोमवार को दबकर मौत हो गई। उनका हरिद्वार के खड़खड़िया घाट पर मंगलवार को अंतिम संस्कार किया गया। दोनों की एक साथ चिता जलती देख परिजनों और रिश्तेदारों का कलेजा हलक में आ गया। लोग फफक-फफक कर रोने लगे।
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20 जून को चारों धाम की यात्रा के लिए हरिशंकर रिश्तेदारों के साथ निकले थे। साथ में बेटी ख्याति भी थी। मां मिथिलेश ने बेटी को साथ ले जाने से मना किया था, लेकिन पिता ने बात दरकिनार कर दी। बेटी के जिद के आगे पिता हरिशंकर गुप्ता व मां मिथिलेश कुमारी की एक न चली। मां व बेटे इस वजह से नहीं गए कि यात्रा में सभी पुरुष सदस्य थे। नगर के साहबगंज मोहल्ला निवासी हरिशंकर गुप्ता(45) और पुत्री ख्याति(7) को लेकर प्रतापगढ़ के रिश्तेदारों के साथ चार धाम यात्रा के लिए निकले थे। सोमवार को उत्तरकाशी के यमुनोत्री धाम से दर्शन करके पैदल ही लौट रहे थे। पिता-पुत्री साथ थे। नौकैची के समीप अचानक भूस्खलन होने लगा जिसके चपेट में पिता पुत्री आ गए। मलबे के ढेर में पिता पुत्री दब गए। हादसे से सनसनी मच गई। उनके साथ चल रहे लोग आगे निकल गए थे। प्रशासन ने राहत बचाव कार्य कर देर रात शव को मलबे के ढेर से बाहर निकाला। जिला प्रशासन ने घर पर फोन किया तो हरिशंकर के भाई अभय गुप्ता रोने लगे। पत्नी को जानकारी मिली तो बेसुध होकर गिर गई। आनन-फानन में परिवार के सदस्य घटनास्थल के लिए निकल गए। परिजनों के मुताबिक शव क्षत विक्षत हो गया था। इसलिए लाया नहीं जा और अंतिम संस्कार खड़खड़िया घाट हरिद्वार में कर दिया गया है।
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