बरसठी। खाद्यान्न घोटाले के तीन आरोपी कोटेदारों को आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा वाराणसी की टीम बुधवार को गिरफ्तार कर अपने साथ ले गई। इससे क्षेत्र के अन्य कोटेदारों में खलबली मची हुई है।
वर्ष 2004-05 के दौरान केंद्र व राज्य सरकार की तरफ से संचालित संपूर्ण ग्रामीण रोजगार योजना के तहत बरसठी ब्लॉक के विभिन्न गांवों में क्षेत्र पंचायत अंश से नाली व खड़ंजा निर्माण, पटरियों की मरम्मत, संपर्क मार्ग पर मिट्टी कार्य, सीसी रोड, पुलिया का निर्माण प्रस्तावित था। इन कार्यों में लगने वाले मजदूरों को मजदूरी के बदले अनाज आवंटित किया था, लेकिन कोटेदारों ने वास्तविक मजदूरों को खाद्यान्न वितरित न करके कालाबाजारी कर हजम कर लिया। जांच के बाद बरसठी थाने में कोटेदारों के खिलाफ मुकदमा मुकदमा दर्ज कराया गया। साथ ही इसे ईओडब्ल्यू की वाराणसी इकाई को जांच की जिम्मेदारी दी गई। इस बीच वाराणसी से आई टीम ने तत्कालीन कोटेदारों के घर से दयाशंकर सिंह निवासी परियत, लाल बहादुर मौर्य निवासी भदरांव, राकेश कुमार निवासी दीनापुर को गिरफ्तार कर लिया है। तीनों आरोपियों को टीम लेकर वाराणसी भ्रष्टाचार निवारण कोर्ट में पेश करने के लिए ले गई। थानाध्यक्ष देवानंद रजक ने बताया कि वाराणसी से ईओडब्ल्यू टीम आई थी। आरोपियों को गिरफ्तार कर अपने साथ ले गई है।