{"_id":"619d1631bbc403580e1df790","slug":"case-of-krishna-yadav-s-death-in-police-custody-a-reward-of-25-25-thousand-announced-on-nine-policemen","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"हिरासत में कृष्णा की मौत का मामला: सीबीआई ने नौ पुलिसकर्मियों पर 25-25 हजार का इनाम घोषित किया, 29 नवंबर को हाईकोर्ट में होनी है सुनवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हिरासत में कृष्णा की मौत का मामला: सीबीआई ने नौ पुलिसकर्मियों पर 25-25 हजार का इनाम घोषित किया, 29 नवंबर को हाईकोर्ट में होनी है सुनवाई
Tue, 23 Nov 2021 09:56 PM IST
गीतार्जुन गौतम
अमर उजाला नेटवर्क, जौनपुर
अमर उजाला नेटवर्क, जौनपुर
Published by: गीतार्जुन गौतम
Updated Tue, 23 Nov 2021 09:56 PM IST
सार
हाईकोर्ट ने सीबीआई को निर्देश दिया था कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए ठोस कदम उठाएं। आरोपियों की संपत्ति की कुर्की के लिए नोटिस व अन्य कानूनी प्रावधानों का अनुपालन शीघ्रता से किया जाए।
विज्ञापन
UP Police
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
जौनपुर की बक्शा पुलिस की अभिरक्षा में कृष्णा यादव उर्फ पुजारी की मौत के मामले में सीबीआई ने कड़ी कार्रवाई की है। उसने आरोपी तत्कालीन एसओ अजय कुमार सिंह समेत नौ पुलिसकर्मियों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। इस मामले की 29 नवंबर को हाईकोर्ट में सुनवाई होनी है।
सीबीआई ने तत्कालीन थानाध्यक्ष अजय कुमार सिंह, तत्कालीन आरक्षी कमल बिहारी बिंद, राजकुमार वर्मा, जितेंद्र सिंह, तत्कालीन एसओजी पर्व कुमार सिंह, एसओजी के तत्कालीन आरक्षी श्रेत प्रकाश, एसओजी के तत्कालीन मुख्य आरक्षी शील तिवारी, अंगद चौधरी और राजन सिंह की तस्वीर के साथ समाचार पत्र में विज्ञापन जारी किया।
इनके बारे में जानकारी देने वाले को 25 हजार रुपये का इनाम देने की बात कही है। कृष्णा यादव के भाई अजय के अधिवक्ता डा. गजेंद्र सिंह यादव के मुताबिक हाईकोर्ट में 10 नवंबर को इस मामले को लेकर सुनवाई हुई थी, जिसमें सीबीआई की ओर से तर्क दिया गया था कि आरोपियों के पते पर छापेमारी की जा रही है। उनके सीडीआर आदि से लोकेशन का पता लगाया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सीबीआई ने तत्कालीन थानाध्यक्ष अजय कुमार सिंह, तत्कालीन आरक्षी कमल बिहारी बिंद, राजकुमार वर्मा, जितेंद्र सिंह, तत्कालीन एसओजी पर्व कुमार सिंह, एसओजी के तत्कालीन आरक्षी श्रेत प्रकाश, एसओजी के तत्कालीन मुख्य आरक्षी शील तिवारी, अंगद चौधरी और राजन सिंह की तस्वीर के साथ समाचार पत्र में विज्ञापन जारी किया।
विज्ञापन
इनके बारे में जानकारी देने वाले को 25 हजार रुपये का इनाम देने की बात कही है। कृष्णा यादव के भाई अजय के अधिवक्ता डा. गजेंद्र सिंह यादव के मुताबिक हाईकोर्ट में 10 नवंबर को इस मामले को लेकर सुनवाई हुई थी, जिसमें सीबीआई की ओर से तर्क दिया गया था कि आरोपियों के पते पर छापेमारी की जा रही है। उनके सीडीआर आदि से लोकेशन का पता लगाया जा रहा है।
विज्ञापन
सीबीआई
- फोटो : social media
आरोपियों की गिरफ्तारी का भरसक प्रयास किया जा रहा है। हाईकोर्ट ने सीबीआई को निर्देश दिया था कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए ठोस कदम उठाएं। आरोपियों की संपत्ति की कुर्की के लिए नोटिस व अन्य कानूनी प्रावधानों का अनुपालन शीघ्रता से किया जाए। अगली सुनवाई के लिए 29 नवंबर 2021 तिथि नियत की गई है।
विदित हो कि 11 फरवरी 2021 को बक्शा थाना क्षेत्र के चकमिर्जापुर निवासी कृष्णा यादव उर्फ पुजारी को तत्कालीन एसओजी टीम व एसओ बक्शा और उनके हमराहियों ने घर से पकड़ा और थाने ले गए थे। आरोप है कि वहां उसके साथ मारपीट की गई, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई।
परिवार वालों को भी उससे मिलने नहीं दिया गया। सुबह घरवालों को पता चला कि उसकी हिरासत में मौत हो गई। इस मामले में अगले दिन कृष्ण कुमार के भाई अजय कुमार यादव ने पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कराया था।
विदित हो कि 11 फरवरी 2021 को बक्शा थाना क्षेत्र के चकमिर्जापुर निवासी कृष्णा यादव उर्फ पुजारी को तत्कालीन एसओजी टीम व एसओ बक्शा और उनके हमराहियों ने घर से पकड़ा और थाने ले गए थे। आरोप है कि वहां उसके साथ मारपीट की गई, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई।
परिवार वालों को भी उससे मिलने नहीं दिया गया। सुबह घरवालों को पता चला कि उसकी हिरासत में मौत हो गई। इस मामले में अगले दिन कृष्ण कुमार के भाई अजय कुमार यादव ने पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कराया था।
सीबीआई द्वारा विवेचना की जा रही है, जो भी सहयोग और विधिक आवश्यकताएं जौनपुर पुलिस से होगी, वह सभी सीबीआई की टीम को उपलब्ध कराई जाएगी। -अजय साहनी, एसपी