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जौनपुर: शाही पुल के खंभों के बीच रातोरात रखी देवी की मूर्ति, पुरातत्व विभाग करेगा जांच, दीवार तोड़ने से पुल खतरे में

Wed, 08 Sep 2021 12:08 PM IST
गीतार्जुन गौतम अमर उजाला नेटवर्क, जौनपुर
अमर उजाला नेटवर्क, जौनपुर Published by: गीतार्जुन गौतम Updated Wed, 08 Sep 2021 12:08 PM IST
सार

अराजकतत्वों ने शाही पुल के खंभों के बीच मूर्ति रख दी। पुलिस ने रात में ही टूटी हुई दीवार का निर्माण कराया। साथ ही पुलिस बल भी मौके पर मौजूद है। पुरातत्व विभाग मामले में जांच करेगा। साथ ही पुलिस भी छानबीन कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करेगी।

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anarchists placed idol of goddess between pillars of shahi bridge overnight Archeology Department will investigate in jaunpur
मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी और दीवार का हुआ निर्माण। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में कुछ अराजकतत्वों ने पुरातात्विक महत्व के शाही पुल के मध्य के दो खंभों के बीच लखौरी ईंटों से बनी दीवार तोड़कर वहां रातोरात देवी की मूर्ति रख दी। मंगलवार को इसकी सूचना पर पुलिस और प्रशासनिक महकमे में खलबली मच गई। पुलिस व पुरातत्व विभाग के अधिकारियों ने जांच पड़ताल की। स्थिति को देखते हुए रात में ही पुलिस ने टूटी हुई दीवार का फिर से निर्माण कराया। साथ ही मूर्ति को भी दीवार के अंदर ही बंद करा दिया। घटनास्थल पर पुलिस बल तैनात किया गया है।

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पुरातत्व विभाग के कनिष्ठ कंस्ट्रक्शन सहायक जे राजू ने बताया कि जिस तरह से दोनों खंभों के बीच की दीवार को तोड़ा गया है, उससे पुल ही खतरे में पड़ सकता है।
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मंगलवार सुबह पुलिस को सूचना मिली कि शाही पुल के दो खंभों के बीच की लखौरी ईंटों से बनी दीवार को शरारती तत्वों ने तोड़ दिया और वहां देवी की खंडित प्रतिमा रख दी है। कोतवाली प्रभारी संजीव मिश्रा दल बल के साथ मौके पर पहुंच गए। पुरातत्व विभाग के कनिष्ठ कंस्ट्रक्शन सहायक जे राजू ने भी पड़ताल के बाद बताया कि मूर्ति कुछ वक्त पहले ही रखी गई है।

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एएसपी सिटी डॉ. संजय कुमार ने बताया कि वैसे यह पुरातत्व विभाग का मामला है। जांच कराई जा रही है, जो भी दोषी मिलेगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। 

वाराणसी के क्षेत्रीय पुरातत्व अधिकारी डॉ. सुभाष चंद्र यादव ने बताया कि यह ऐतिहासिक विरासत है। इसके साथ किसी तरह की छेड़छाड़ नहीं होनी चाहिए, जिससे इसके अस्तित्व को खतरा हो।

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