{"_id":"60-131129","slug":"Jaunpur-131129-60","type":"story","status":"publish","title_hn":"नेता ही नहीं समाज सुधारक भी थे चरण सिंह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नेता ही नहीं समाज सुधारक भी थे चरण सिंह
Jaunpur
Updated Fri, 30 May 2014 05:31 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जौनपुर। पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण की 27 वीं पुण्यतिथि गुरुवार को जिले में कई स्थानों पर मनाई गई। हुसैनाबाद स्थित सिंचाई विभाग परिसर में उनकी प्रतिमा पर राष्ट्रीय लोकदल के कार्यकर्ताओं ने फूल माला चढ़ा कर उन्हें नमन किया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि चौधरी चरण सिंह के बताए हुए रास्ते पर चलने की जरूरत है। उनके बताए हुए रास्ते पर चल कर समाज को एक सूत्र में बांधा जा सकता है।
सिंचाई विभाग परिसर में राष्ट्रीय लोकदल के जिलाध्यक्ष डा. सत्येंद्र सिंह ने कहा कि चौधरी चरण सिंह एक राजनीतिक नेता के साथ-साथ विचारक और सुधारक भी थे। उन्होंने भारत के परिश्रमी किसानों, मजदूरों और छोटे-छोटे दुकानदारों की आर्थिक उन्नति के लिए काफी काम किया। इसके लिए उनकी प्रतिबद्धता काबिले तारीफ थी। उन्होंने कहा कि वह देश की भावी पीढ़ी में शैक्षिक, सांस्कृतिक और चारित्रिक उत्कर्ष में भी निष्ठा रखते थे। पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा था कि देश की भावी पीढ़ी जितनी चरित्रवान और सांस्कृतिक मूल्यों के साथ प्रतिबद्ध होगी। वह देश उतना ही अधिक शक्तिशाली होगा। आज चरण सिंह हम लोगों के बीच नहीं हैं, लेकिन उनका चिंतन और विचार हमारे काम आ रहा है। हमें उनके चिंतन और विचार को अपनाने की आवश्यकता है। यहीं उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इस दौरान वहां मौजूद हर व्यक्ति ने बारी-बारी से चौधरी चरण सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। उनकी आत्मा की शांति के लिए कामना भी की गई। इस मौके पर राम आसरे विश्वकर्मा, डा. एचएन पांडेय, डा. एसए रिजवी, शमशेर अली, महावरी पाल, समरजीत यादव, दयाशंकर तिवारी, राजेंद्र तिवारी, प्रदीप तिवारी, कमल, सुशीला यादव, विनय यादव, महाबल मौर्या आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
सिंचाई विभाग परिसर में राष्ट्रीय लोकदल के जिलाध्यक्ष डा. सत्येंद्र सिंह ने कहा कि चौधरी चरण सिंह एक राजनीतिक नेता के साथ-साथ विचारक और सुधारक भी थे। उन्होंने भारत के परिश्रमी किसानों, मजदूरों और छोटे-छोटे दुकानदारों की आर्थिक उन्नति के लिए काफी काम किया। इसके लिए उनकी प्रतिबद्धता काबिले तारीफ थी। उन्होंने कहा कि वह देश की भावी पीढ़ी में शैक्षिक, सांस्कृतिक और चारित्रिक उत्कर्ष में भी निष्ठा रखते थे। पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा था कि देश की भावी पीढ़ी जितनी चरित्रवान और सांस्कृतिक मूल्यों के साथ प्रतिबद्ध होगी। वह देश उतना ही अधिक शक्तिशाली होगा। आज चरण सिंह हम लोगों के बीच नहीं हैं, लेकिन उनका चिंतन और विचार हमारे काम आ रहा है। हमें उनके चिंतन और विचार को अपनाने की आवश्यकता है। यहीं उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इस दौरान वहां मौजूद हर व्यक्ति ने बारी-बारी से चौधरी चरण सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। उनकी आत्मा की शांति के लिए कामना भी की गई। इस मौके पर राम आसरे विश्वकर्मा, डा. एचएन पांडेय, डा. एसए रिजवी, शमशेर अली, महावरी पाल, समरजीत यादव, दयाशंकर तिवारी, राजेंद्र तिवारी, प्रदीप तिवारी, कमल, सुशीला यादव, विनय यादव, महाबल मौर्या आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन