कोंच। भारतीय जन नाट्य संघ (इप्टा) कोंच की ओर से चल रही ग्रीष्मकालीन बाल एवं युवा रंगकर्मी नाट्य प्रशिक्षण कार्यशाला के पांचवें दिन शनिवार को एआरटीओ मैनपुरी कौशलेंद्र सिंह यादव ने रंगकर्मियों की हौसलाअफजाई की। कहा कि बुंदेलखंड के सभी त्योहार मानवीय मूल्यों की सीख देते हैं।
कार्यशाला में बुंदेली संस्कृति विशेषज्ञ व एआरटीओ मैनपुरी कौशलेंद्र यादव ने कहा कि बुंदेली लोक संस्कृति में नैतिकता, सदाचार, मानवीयता, स्त्री सम्मान आदि की भरमार है। जब तक समाज में साहित्य और कलाएं जिंदा हैं और उनको प्रश्रय मिलता रहेगा तब तक समाज में संवेदनाएं जिंदा रहेंगी। तारक मेहता का उल्टा चश्मा, महानायक भीमराव आंबेडकर, नवरंगी आदि प्रसिद्ध टीवी सीरियलों में काम कर चुके टीवी एवं फिल्म अभिनेता मानसिंह करामाती ने कहा कि सफलता हासिल करने का पहला मंत्र है मेहनत। सफलता का कोई शॉर्ट कर्ट नहीं होता। यदि अपने पाठ्यक्रम की आवश्यकता के अनुसार कड़ी मेहनत करते हैं तो उसका फायदा मिलता ही है। इप्टा के प्रांतीय सचिव डॉ मोहम्मद नईम ने कहा कि संसार की सबसे मूल्यवान चीज है समय। सभी को समय का सदुपयोग करना चाहिए। इप्टा संरक्षक अनिल ने अभिभावकों से अपील की कि वे बच्चों की प्रतिभाओं का दमन न करें। बच्चे जो बनना चाहते हैं उन्हें उनकी क्षमताओं के हिसाब से वैसा बनने के लिए प्रेरित करें। संचालन पारसमणि अग्रवाल ने किया। आभार आस्था वाजपेयी ने व्यक्त किया।