{"_id":"ea7c250e32edda263f90ebba0bc57660","slug":"after-the-festival-trains-buses-full-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"त्योहार के बाद ट्रेनें, बसें फुल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
त्योहार के बाद ट्रेनें, बसें फुल
ब्यूरो/ अमर उजाला, उरई
Updated Sat, 14 Nov 2015 10:58 PM IST
विज्ञापन
दीपावली पर अपने घर आए परदेसी अब त्योहार के बाद काम पर लौटने लगे हैं। यही
विज्ञापन
वजह है कि इन दिनों बस स्टैंड व रेलवे स्टेशन पर हजारों यात्री पहुंच रहे
हैं। वहीं बसों व ट्रेनों में सीट तो दूर, पैर रखने तक की जगह नहीं मिल रही
है। इसके चलते शनिवार को कई लोग तो ट्रेनों व बसों के गेट पर लटककर यात्रा
करने को मजबूर रहे।
जिले में रोजगार के साधन कम होने से हजारों लोग दूर-दराज के क्षेत्रों में रहकर रोजगार करते हैं। दीपावली पर यह लोग अपने घर आए थे। त्योहार के बाद ये अपने काम पर लौटने लगे हैं। शनिवार को बड़ी संख्या में यात्री अपने मुकाम तक पहुंचने के लिए रेलवे स्टेशन व बस स्टैंडों पर पहुंचे। यात्रियों की भरमार के चलते ट्रेनें व बसें खचाखच भरकर चलीं। हालात
यह रहे कि ट्रेनों व बसों में बैठने के लिए सीट तो दूर पैर रखने तक की जगह नहीं मिल सकी। धक्का-मुक्की करते हुए लोगों को सफर करना पड़ा। वहीं यात्रियों की भरमार का फायदा प्राईवेट बस संचालकों को भी मिला। इन वाहनों में भी बड़ी संख्या में यात्रियों ने यात्रा की। दिन भर वाहनों के लिए मारामारी की स्थिति रही।
जिले में रोजगार के साधन कम होने से हजारों लोग दूर-दराज के क्षेत्रों में रहकर रोजगार करते हैं। दीपावली पर यह लोग अपने घर आए थे। त्योहार के बाद ये अपने काम पर लौटने लगे हैं। शनिवार को बड़ी संख्या में यात्री अपने मुकाम तक पहुंचने के लिए रेलवे स्टेशन व बस स्टैंडों पर पहुंचे। यात्रियों की भरमार के चलते ट्रेनें व बसें खचाखच भरकर चलीं। हालात
यह रहे कि ट्रेनों व बसों में बैठने के लिए सीट तो दूर पैर रखने तक की जगह नहीं मिल सकी। धक्का-मुक्की करते हुए लोगों को सफर करना पड़ा। वहीं यात्रियों की भरमार का फायदा प्राईवेट बस संचालकों को भी मिला। इन वाहनों में भी बड़ी संख्या में यात्रियों ने यात्रा की। दिन भर वाहनों के लिए मारामारी की स्थिति रही।