Jal Jeevan Mission: यूपी सरकार महिलाओं को दे रही प्रशिक्षण, फील्ड टेस्टिंग किट से कर रहीं पानी की जांच
उत्तर प्रदेश में ‘जल जीवन मिशन’ के तहत महिला सशक्तिकरण का काम ग्रामीण स्तर पर तेजी से किया जा रहा है। महिलाओं को अब फील्ड टेस्टिंग किट के जरिए खुद से पानी के सैंपल की जांच करने में सक्षम बनाया जा रहा है। जिसके लिए महिलाएं खुद पानी की जांच इस किट से कर रही हैं।
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उत्तर प्रदेश जल जीवन मिशन के तहत हर घर तक नल से जल पहुंचाया जा रहा है। उत्तर प्रदेश राज्य हर घर तक शुद्ध जल पहुंचाने वाला पहला राज्य बना हुआ है। अब ‘जल जीवन मिशन’ के तहत महिला सशक्तिकरण का काम ग्रामीण स्तर पर तेजी से किया जा रहा है। ऐसा कहा जाता है कि हवा के बाद पानी ही मानव स्वास्थ्य को सीधा प्रभावित करता है। क्योंकि इसका संबंध हमारे स्वास्थ्य से जुड़ा होता है। इसलिए ज्यादातर घरों में वाटर प्यूरिफायर, फिल्टर आदि लगए जाते हैं। ताकि हम साफ पानी को पी सकें।
भारत सरकार की जल जीवन मिशन योजना के तहत उत्तर प्रदेश में महिलाओं को जल की शुद्धता और गुणवत्ता की जांच के लिए ट्रेनिंग दी जा रही है। इस ट्रेनिंग के जरिए महिलाएं घर-घर जाकर पानी के सैंपल की जांच कर सकेंगी। इस जांच में उनकी मदद फील्ड टेस्टिंग किट करेगी।
क्या है फील्ड टेस्टिंग किट
फील्ड टेस्टिंग किट यानी एफटीके पानी की गुणवत्ता की जांचने के लिए एक कीट है। इस किट के जरिये ही पानी में मौजूद हानिकारक बैक्टीरिया का पता लगाया जाता है। इस कीट के जरिए पानी की गुणवत्ता की जांच को आसानी से किया जा सकता है। इसके लिए उत्तर प्रदेश सरकार महिलाओं को प्रशिक्षण दे रही है। इस किट के जरिए पानी की शुद्धता पर ग्रामीण महिलाओं की मुहर लगेगी। हर टेस्ट के लिए 20 रुपये प्रोत्साहन राशि भी दी जाएगी। भारत सरकार और उत्तर प्रदेश सरकार के द्वारा संचालित हर घर जल- हर घर नल अभियान को चलाया जा रहा है।
एफटीके किट से हो रही पानी की जांच
- एफटीके पानी की जांच के लिए बनाई गई किट है।
- इस किट के जरिए पानी में मौजूद अर्सेनिक, हानिकारक बैक्टीरिया, रासायनिक अशुद्धियां, एलिमेंट पार्टिकल्स आदि का पता लगाया जाता है।
- एफटीके किट से की जाने वाली जांचें- क्लोराइड, टोटल हार्डनेस, आयरन, नाइट्रेट, फ्लोराइड, रेस डियुल क्लोरीन, पीएचए टर्बिडिटी, अल्कलिनिटी, हाइड्रोजन सल्फाइड और आर्सेनिक।
रोजगार की दिशा में बढ़ते कदम
- यूपी में ग्रामीण महिलाओं को स्वावलंबी बनाने के लिए हर गांव से 5 महिलाओं को जल जांच का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
- महिलाएं गांव में फील्ड टेस्ट किट से पानी की जांच कर रही हैं।
- गांव-गांव में महिलाएं पानी की शुद्धता की 11 तरह की जांच कर रही हैं।
- महिलाएं पानी के नमूने एकत्र कर रही हैं और नमूनों को जांच के लिए जल निगम भेज रही हैं।
- राज्य में जल जांच के लिए 4,80,205 से अधिक महिलाओं को पानी जांच का प्रशिक्षण दिया गया है, प्रत्येक महिला को 20 रुपये की प्रोत्साहन राशि भी दी जा रही है।
- एक ग्राम पंचायत में 13 युवकों को दिया जा रहा प्रशिक्षण।
- ग्रामीण युवाओं को उनके ही गांव में रोजगार उपलब्ध कराने के लिए कुल 7,56,379 युवाओं को स्किल ट्रेनिंग दी गई है।