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खरा नहीं विटामिन ए एंड डी कैप्सूल
अमर उजाला, हाथ्ारस
Updated Fri, 29 Jul 2016 12:17 AM IST
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बागला संयुक्त चिकित्सालय में टीवी अस्पताल के निकट बने सेंट्रल ड्रग स्टोर से जिले की सभी सीएचसी और पीएचसी पर मरीजों को वितरित किए जाने वाले विटामिन ए एंड डी के कैप्सूल में विटमिन ए की मात्रा मानकों से काफी कम पाई गई है। इस मामले में डीआई ने सीजेएम कोर्ट में वाद दायर कर दिया है।
औषधि निरीक्षक पूरनचंद्र ने बताया कि वर्ष 2015 में सेंट्रल ड्रग स्टोर से विटामिन ए एंड डी का नमूना लिया गया था। जांच रिपोर्ट मेें इस नमूने में विटामिन ए की मात्रा 100 फीसदी की बजाय सिर्फ 53 फीसदी ही मिली थी।
इस मामले को जब उन्होंने औषधि नियंत्रक उप्र के सामने रखा तो वहां से उन्हें विवेचना किए जाने के लिए निर्देशित किया गया, जिसके बाद उन्होंने इस कैप्सूल को बनाने वाली कानपुर की दवा कंपनी की फैक्ट्री का निरीक्षण किया। कैप्सूलाें में विटामिन ए की मात्रा कम पाई गई।
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इस मामले में कंपनी सहित उसके डायरेक्टर और दो अन्य सहित कुल चार के खिलाफ सीजेएम कोर्ट में बुधवार को वाद दायर किया गया है।
ड्रग कंट्रोलर से भी कंपनी के खिलाफ कार्रवाई करने और उसे ब्लैक लिस्टेड करने की भी संस्तुति कर दी गई है। काफी कड़ी धाराओं में यह वाद दायर कराया गया है।
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औषधि निरीक्षक पूरनचंद्र ने बताया कि वर्ष 2015 में सेंट्रल ड्रग स्टोर से विटामिन ए एंड डी का नमूना लिया गया था। जांच रिपोर्ट मेें इस नमूने में विटामिन ए की मात्रा 100 फीसदी की बजाय सिर्फ 53 फीसदी ही मिली थी।
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इस मामले को जब उन्होंने औषधि नियंत्रक उप्र के सामने रखा तो वहां से उन्हें विवेचना किए जाने के लिए निर्देशित किया गया, जिसके बाद उन्होंने इस कैप्सूल को बनाने वाली कानपुर की दवा कंपनी की फैक्ट्री का निरीक्षण किया। कैप्सूलाें में विटामिन ए की मात्रा कम पाई गई।
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इस मामले में कंपनी सहित उसके डायरेक्टर और दो अन्य सहित कुल चार के खिलाफ सीजेएम कोर्ट में बुधवार को वाद दायर किया गया है।
ड्रग कंट्रोलर से भी कंपनी के खिलाफ कार्रवाई करने और उसे ब्लैक लिस्टेड करने की भी संस्तुति कर दी गई है। काफी कड़ी धाराओं में यह वाद दायर कराया गया है।