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Hardoi News: पांच साल में मुरादाबाद यूपीएसआईसी नहीं लगा पाया 104 हाईमास्ट लाइट
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हरदोई। आमजन से जुड़े और जनप्रतिनिधियों की निधि के काम को मुरादाबाद यूपीएसआईसी (उप्र स्मॉल इंडस्डट्री कॉरपोरेशन) पांच साल में भी पूरा नहीं करा पाया है। विधायक निधि से साल 2021-22 में स्वीकृत 104 हाईमास्ट लाइटें अभी तक नहीं लग पाई हैं। काम न होने से विधायक निधि के प्रस्ताव काम अधर में हैं।
विधानसभा क्षेत्र संडीला के तत्कालीन विधायक राजकुमार अग्रवाल ने अपनी विधायक निधि से अन्य कामों के साथ ही साल 2021-22 में 104 हाईमास्ट लगवाए जाने का प्रस्ताव दिया था। वैसे तो विधायक निधि से कराए जाने वाले कामों को पाने के लिए एजेंसियों में होड़ रहती है। वहीं संडीला के तत्कालीन विधायक राजकुमार अग्रवाल के इस प्रस्ताव पर हाईमास्ट लगाने का काम मुरादाबाद की यूपीएसआईसी को मिला। यूपीएसआईसी ने एक हाईमास्ट लाइट 90 हजार, 432 रुपये की दर से लगाए जाने पर सहमति दी।
उस दर से 104 हाईमास्ट लाइटों को लगवाए जाने के लिए करीब 94 लाख, 04 हजार, 928 रुपये की स्वीकृति दी गई। विधायक निधि की गाइडलाइन के अनुसार काम कराने के लिए यूपीएसआईसी मुरादाबाद को 60 प्रतिशत रुपये करीब 56 लाख, 42 हजार, 956 रुपये साल 2021-22 में ही दे दिए गए थे। काम कराने के लिए तत्कालीन विधायक के प्रस्ताव में शामिल हाईमास्ट लगाने के स्थलों की सूची भी दी गई। वैसे तो काम वित्तीय 2021-22 में ही पूरा हो जाना चाहिए था।
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मुरादाबाद यूपीएसआईसी की तरफ से हाईमास्ट लगवाए जाने का काम तो शुरू कराया गया लेकिन अभी तक पूरा किए जाने की न तो रिपोर्ट दी गई और न ही पहली किस्त में मिले 60 प्रतिशत रुपये के उपभोग का प्रमाण पत्र देते हुए दूसरी किस्त की मांग की गई। कार्यदायी संस्था की तरफ से हाईमास्ट लाइटें किन-किन स्थानों पर लगाई गई हैं की जानकारी विभाग को नहीं दी गई है।
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दूसरी किस्त न मांगे जाने से प्रस्ताव अधर में फंसा
विधायक निधि में गाइडलाइन के अनुसार प्रस्ताव पर कुल स्वीकृति रुपये के 60 प्रतिशत पहली किस्त में दिए जाते हैं। पहली किस्त के उपभोग के प्रमाण पत्र के साथ ही दूसरी किस्त की मांग की जाती है। साल 2021-22 में स्वीकृति और पहली किस्त में दिए गए रुपये के बाद भी दूसरी किस्त की मांग न किए जाने से न तो काम पूरा हो पाया है और न ही प्रस्ताव जिससे प्रस्ताव अधर में फंसा है और संडीला के तत्कालीन विधायक राजकुमार अग्रवाल की निधि में रुपये भी पड़े हुए हैं।
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साल 2021-22 में विधानसभा क्षेत्र संडीला से उस समय विधायक रहे राजकुमार अग्रवाल के प्रस्ताव पर मुरादाबाद यूपीएसआईसी को 104 हाईमास्ट लगवाने का काम मिला था। लाइटों को लगवाए जाने के लिए करीब 56 लाख से अधिक रुपये भी दिए गए थे। अभी तक पूरी लाइटें नहीं लग पाई हैं। यूपीएसआईसी मुरादाबाद के अधिकारियों से जानकारी ली जाएगी ताकि स्थिति स्पष्ट हो सके। -अशोक कुमार मौर्य, परियोजना निदेशक, जिला ग्राम्य विकास अभिकरण
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विधानसभा क्षेत्र संडीला के तत्कालीन विधायक राजकुमार अग्रवाल ने अपनी विधायक निधि से अन्य कामों के साथ ही साल 2021-22 में 104 हाईमास्ट लगवाए जाने का प्रस्ताव दिया था। वैसे तो विधायक निधि से कराए जाने वाले कामों को पाने के लिए एजेंसियों में होड़ रहती है। वहीं संडीला के तत्कालीन विधायक राजकुमार अग्रवाल के इस प्रस्ताव पर हाईमास्ट लगाने का काम मुरादाबाद की यूपीएसआईसी को मिला। यूपीएसआईसी ने एक हाईमास्ट लाइट 90 हजार, 432 रुपये की दर से लगाए जाने पर सहमति दी।
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उस दर से 104 हाईमास्ट लाइटों को लगवाए जाने के लिए करीब 94 लाख, 04 हजार, 928 रुपये की स्वीकृति दी गई। विधायक निधि की गाइडलाइन के अनुसार काम कराने के लिए यूपीएसआईसी मुरादाबाद को 60 प्रतिशत रुपये करीब 56 लाख, 42 हजार, 956 रुपये साल 2021-22 में ही दे दिए गए थे। काम कराने के लिए तत्कालीन विधायक के प्रस्ताव में शामिल हाईमास्ट लगाने के स्थलों की सूची भी दी गई। वैसे तो काम वित्तीय 2021-22 में ही पूरा हो जाना चाहिए था।
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मुरादाबाद यूपीएसआईसी की तरफ से हाईमास्ट लगवाए जाने का काम तो शुरू कराया गया लेकिन अभी तक पूरा किए जाने की न तो रिपोर्ट दी गई और न ही पहली किस्त में मिले 60 प्रतिशत रुपये के उपभोग का प्रमाण पत्र देते हुए दूसरी किस्त की मांग की गई। कार्यदायी संस्था की तरफ से हाईमास्ट लाइटें किन-किन स्थानों पर लगाई गई हैं की जानकारी विभाग को नहीं दी गई है।
दूसरी किस्त न मांगे जाने से प्रस्ताव अधर में फंसा
विधायक निधि में गाइडलाइन के अनुसार प्रस्ताव पर कुल स्वीकृति रुपये के 60 प्रतिशत पहली किस्त में दिए जाते हैं। पहली किस्त के उपभोग के प्रमाण पत्र के साथ ही दूसरी किस्त की मांग की जाती है। साल 2021-22 में स्वीकृति और पहली किस्त में दिए गए रुपये के बाद भी दूसरी किस्त की मांग न किए जाने से न तो काम पूरा हो पाया है और न ही प्रस्ताव जिससे प्रस्ताव अधर में फंसा है और संडीला के तत्कालीन विधायक राजकुमार अग्रवाल की निधि में रुपये भी पड़े हुए हैं।
साल 2021-22 में विधानसभा क्षेत्र संडीला से उस समय विधायक रहे राजकुमार अग्रवाल के प्रस्ताव पर मुरादाबाद यूपीएसआईसी को 104 हाईमास्ट लगवाने का काम मिला था। लाइटों को लगवाए जाने के लिए करीब 56 लाख से अधिक रुपये भी दिए गए थे। अभी तक पूरी लाइटें नहीं लग पाई हैं। यूपीएसआईसी मुरादाबाद के अधिकारियों से जानकारी ली जाएगी ताकि स्थिति स्पष्ट हो सके। -अशोक कुमार मौर्य, परियोजना निदेशक, जिला ग्राम्य विकास अभिकरण