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Hardoi News: गंगा ने किया खतरे का निशान पार, घरों की भीतर घुसा पानी
Sun, 23 Jul 2023 12:46 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
Updated Sun, 23 Jul 2023 12:46 AM IST
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हरदोई। गंगा नदी में बढ़ोतरी जारी है। शनिवार को जलस्तर में पांच सेमी. की वृद्धि हुई। इससे गंगा खतरे के निशान 137.10 मीटर से 15 सेमी. ऊपर 137.35 मीटर पर पहुंच गई है। इस कारण नदी का पानी किनारे स्थित गांवों की झोपड़ियों के भीतर पहुंच गया है। खेत भी जलमग्न हो गए हैं।
गर्रा नदी में शुक्रवार की अपेक्षा शनिवार को 1.10 मीटर पानी बढ़ा और जलस्तर 145.25 मीटर पर पहुंच गया है। इससे लोगों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, रामगंगा नदी का पानी 135.65 मीटर पर ही बना हुआ है। गंगा और रामगंगा नदियों में बैराजों से 3.91 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। पानी बढ़ने से तहसील बिलग्राम के गंगा किनारे के गांवों चिरंजूपुरवा व मक्कूपुरवा आदि के घरों व झोपड़ियों में पानी घुस गया है।
सवायजपुर क्षेत्र के गांवों में भी खेतों तक पानी पहुंच गया है। गंगा नदी और गर्रा में एक साथ पानी बढ़ने से यहां कटरी क्षेत्र की नीलम व गंभीरी नदियों में भी पानी बढ़ा है। इससे पंचनद क्षेत्र के गांवों और खेतों में पानी खेतों में फसलों तक पहुंच गया है। गंगा नदी में हरिद्वार बैराज से 76,805, बिजनौर बैराज से 86,235 और नरौरा बैराज से 1,80,348 क्यूसेक और रामगंगा नदी में खो बैराज से 9,280, हरेबली बैराज से 725 और रामनगर बैराज से 1049 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है।
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सवायजपुर क्षेत्र के बरहुली, गोरिया, बड़ागांव आदि गांवों के खेतों में पानी भर जाने से किसानों के सामने फसलों के खराब होने और चारा का संकट गहराता जा रहा है। डीएम एमपी सिंह ने बताया कि बिलग्राम व सवायजपुर एसडीएम से कहा गया है कि वे नदियों के किनारे के गांवों पर विशेष नजर रखें। रेड जोन में चिह्नित 21 गांवों में विशेष जांच शिविर लगवाए जा रहे हैं। किसी तहसील से कोई अप्रिय जानकारी नहीं मिली नहीं है।
चिरंजूपुरवा, मक्कूपुरवा में घरों में पानी भरा हुआ है। जरेरा, पुन्नापुरवा, कटरी बिछुइया, कटरी छिबरामऊ, नोखेपुरवा, कटरी परसोला आदि गांवों के निकट तक पहुंच गया है। चिरंजूपुरवा के रामभक्त, रामपाल, महासिंह, राजेश, भद्र आदि ने बताया कि घरों में पानी भर जाने से खाना बनाने से लेकर दैनिक क्रिया के लिए भी समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
बिलग्राम में छिबरामऊ से राजघाट जाने वाले डामरीकरण मार्ग पर एक डिप बनाई गई है। यह भाग निचला होने के कारण गंगा के पानी में बढ़ोतरी होने से यहां पर पानी आ गया है। ग्रामीणों से लेकर कावड़ियों को पानी से होकर आना व जाना पड़ रहा है।
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गर्रा नदी में शुक्रवार की अपेक्षा शनिवार को 1.10 मीटर पानी बढ़ा और जलस्तर 145.25 मीटर पर पहुंच गया है। इससे लोगों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, रामगंगा नदी का पानी 135.65 मीटर पर ही बना हुआ है। गंगा और रामगंगा नदियों में बैराजों से 3.91 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। पानी बढ़ने से तहसील बिलग्राम के गंगा किनारे के गांवों चिरंजूपुरवा व मक्कूपुरवा आदि के घरों व झोपड़ियों में पानी घुस गया है।
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सवायजपुर क्षेत्र के गांवों में भी खेतों तक पानी पहुंच गया है। गंगा नदी और गर्रा में एक साथ पानी बढ़ने से यहां कटरी क्षेत्र की नीलम व गंभीरी नदियों में भी पानी बढ़ा है। इससे पंचनद क्षेत्र के गांवों और खेतों में पानी खेतों में फसलों तक पहुंच गया है। गंगा नदी में हरिद्वार बैराज से 76,805, बिजनौर बैराज से 86,235 और नरौरा बैराज से 1,80,348 क्यूसेक और रामगंगा नदी में खो बैराज से 9,280, हरेबली बैराज से 725 और रामनगर बैराज से 1049 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है।
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सवायजपुर क्षेत्र के बरहुली, गोरिया, बड़ागांव आदि गांवों के खेतों में पानी भर जाने से किसानों के सामने फसलों के खराब होने और चारा का संकट गहराता जा रहा है। डीएम एमपी सिंह ने बताया कि बिलग्राम व सवायजपुर एसडीएम से कहा गया है कि वे नदियों के किनारे के गांवों पर विशेष नजर रखें। रेड जोन में चिह्नित 21 गांवों में विशेष जांच शिविर लगवाए जा रहे हैं। किसी तहसील से कोई अप्रिय जानकारी नहीं मिली नहीं है।
चिरंजूपुरवा, मक्कूपुरवा में घरों में पानी भरा हुआ है। जरेरा, पुन्नापुरवा, कटरी बिछुइया, कटरी छिबरामऊ, नोखेपुरवा, कटरी परसोला आदि गांवों के निकट तक पहुंच गया है। चिरंजूपुरवा के रामभक्त, रामपाल, महासिंह, राजेश, भद्र आदि ने बताया कि घरों में पानी भर जाने से खाना बनाने से लेकर दैनिक क्रिया के लिए भी समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
बिलग्राम में छिबरामऊ से राजघाट जाने वाले डामरीकरण मार्ग पर एक डिप बनाई गई है। यह भाग निचला होने के कारण गंगा के पानी में बढ़ोतरी होने से यहां पर पानी आ गया है। ग्रामीणों से लेकर कावड़ियों को पानी से होकर आना व जाना पड़ रहा है।