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निलंबन से बचे निरीक्षक लगे लाइन में, विवेचक निलंबित
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हरदोई । फेसबुक पर पोस्ट लिख मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से न्याय की गुहार लगाने के बाद खुदकुशी करने वाली विवाहिता के मामले में नया मोड़ आ गया है। प्राथमिक जांच में प्रभारी निरीक्षक रहे अमरजीत सिंह की बहुत गलती न मिलने पर निलंबन से बचाते हुए उन्हें पुलिस लाइन में भेज दिया गया है। मतलब अमरजीत सिंह को लाइन हाजिर किया गया है। विवेचक पुष्कर वर्मा को निलंबित कर दिया गया है।
माधौगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत कस्बे के ही एक मोहल्ला निवासी विवाहिता ने पांच सितंबर की रात खुदकुशी कर ली थी। उसका शव घर के अंदर फांसी पर लटकता मिला था। महिला ने खुदकुशी से पहले फेसबुक पर एक पोस्ट लिखी थी। इसमें पास ही रहने वाले लवी त्रिवेदी, उसके पिता पूती त्रिवेदी और मां मीरा त्रिवेदी द्वारा मारपीट किए जाने का आरोप लगाया गया था। पूरे प्रकरण में पुलिस पर तहरीर बदलवाने का आरोप भी विवाहिता ने लगाया था। प्रकरण को संज्ञान में लेकर आईजी लक्ष्मी सिंह ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से माधौगंज के प्रभारी निरीक्षक को निलंबित किए जाने और सीओ बिलग्राम की भूमिका की जांच कराए जाने की बात लिखी थी।
मंगलवार को अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी अनिल सिंह यादव ने पूरे दिन प्रकरण की जांच की थी। अपर पुलिस अधीक्षक ने बुधवार को भी प्रकरण की जांच करने के बाद प्राथमिक रिपोर्ट पुलिस अधीक्षक अजय कुमार को सौंप दी। बुधवार देर रात एसपी अजय कुमार ने बताया कि माधौगंज के प्रभारी निरीक्षक को शिथिल पर्यवेक्षण के चलते लाइन हाजिर कर दिया गया है। पूरे प्रकरण में विवेचक पुष्कर वर्मा की गंभीर लापरवाही मिली है। इसलिए उपनिरीक्षक पुष्कर वर्मा को निलंबित कर दिया गया है। प्रकरण में तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी पहले ही हो चुकी है। मारपीट में दर्ज मामला भी आत्महत्या के लिए उकसाने और घर में घुसकर मारपीट करने की धाराओं में तरमीम किया जा चुका है।
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माधौगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत कस्बे के ही एक मोहल्ला निवासी विवाहिता ने पांच सितंबर की रात खुदकुशी कर ली थी। उसका शव घर के अंदर फांसी पर लटकता मिला था। महिला ने खुदकुशी से पहले फेसबुक पर एक पोस्ट लिखी थी। इसमें पास ही रहने वाले लवी त्रिवेदी, उसके पिता पूती त्रिवेदी और मां मीरा त्रिवेदी द्वारा मारपीट किए जाने का आरोप लगाया गया था। पूरे प्रकरण में पुलिस पर तहरीर बदलवाने का आरोप भी विवाहिता ने लगाया था। प्रकरण को संज्ञान में लेकर आईजी लक्ष्मी सिंह ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से माधौगंज के प्रभारी निरीक्षक को निलंबित किए जाने और सीओ बिलग्राम की भूमिका की जांच कराए जाने की बात लिखी थी।
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मंगलवार को अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी अनिल सिंह यादव ने पूरे दिन प्रकरण की जांच की थी। अपर पुलिस अधीक्षक ने बुधवार को भी प्रकरण की जांच करने के बाद प्राथमिक रिपोर्ट पुलिस अधीक्षक अजय कुमार को सौंप दी। बुधवार देर रात एसपी अजय कुमार ने बताया कि माधौगंज के प्रभारी निरीक्षक को शिथिल पर्यवेक्षण के चलते लाइन हाजिर कर दिया गया है। पूरे प्रकरण में विवेचक पुष्कर वर्मा की गंभीर लापरवाही मिली है। इसलिए उपनिरीक्षक पुष्कर वर्मा को निलंबित कर दिया गया है। प्रकरण में तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी पहले ही हो चुकी है। मारपीट में दर्ज मामला भी आत्महत्या के लिए उकसाने और घर में घुसकर मारपीट करने की धाराओं में तरमीम किया जा चुका है।
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