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छापे की अफवाह से बाजार बंद
ब्यूरो, अमर उजाला/ हापुड़
Updated Sat, 12 Nov 2016 09:05 PM IST
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अफवाह से बाजार बंद
- फोटो : अमर उजाला
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इनकम टैक्स विभाग के छापे की अफवाह से व्यापारियों में हड़कंप मच गया। कुछ ही देर में शहर के बडे़ बाजार बंद हो गए। बाजार में छोटी दुकानें ही खुली हुई नजर आई। अफवाह की पुष्टि के बाद भी व्यापारियों ने दुकान नहीं खोलीं।
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शहर की दुकानें शनिवार को सामान्य रूप से खुली थीं, लेकिन दोपहर को किसी ने सराफा और पुराना बाजार में इनकम टैक्स की टीमों द्वारा छापेमारी की अफवाह उड़ा दी। अफवाह का ऐसा असर हुआ कि आनन फानन में बाजार बंद होने शुरू हो गए।
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कुछ ही देर में सराफा बाजार, पुराना बाजार, कसेरठ बाजार, कोठीगेट, गोल मार्केट, बाजार बजाजा, मेरठ रोड सहित पूरा बाजार बंद हो गए। केवल छोटी दुकानें ही खुली थीं। अफवाह की पुष्टि होने के बाद भी व्यापारियों ने दुकानें नहीं खोलीं।
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व्यापारियों का कहना था कि बाजार में पहले ही मंदी चल रही है। लोगों के पास खरीदारी के लिए रुपये नहीं हैं। ऐसे में इनकम टैक्स के छापे से उत्पीड़न किया जा रहा है। ऐसे में मंदी में दुकान खोलने का रिस्क क्यों लिया जाए।
उधर, पश्चिमी उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के जिला महामंत्री टुक्कीराम गर्ग का कहना है कि इस प्रकार की अफवाह फैलाकर व्यापारियों के खिलाफ साजिश की जा रही है। व्यापारी ऐसी अफवाहों की ओर ध्यान न दें। व्यापारी वर्ग काले धन के खिलाफ है। उसे ऐसी घटनाओं से डरने की आवश्यकता नहीं है।
दरअसल, शनिवार दोपहर रेवतीकुंज स्थित इनकम टैक्स कार्यालय के बाहर करीब छह-सात कारें आकर खड़ी हो गई। इनमें से उतरे लोग कार्यालय के अंदर चले गए। यह खबर स्थानीय व्यापारियों में आग की तरह फैल गई। व्यापारियों ने अनुमान लगाया कि कारों में आए अधिकारी बाजार में छापा मारने के लिए पहुंचे हैं।
वाणिज्य कर विभाग की ओर से छापेमारी की अफवाह से शनिवार दोपहर तीन घंटे तक पिलखुवा के बाजार बंद रहे। ऐसे में ग्राहकों को काफी परेशानी हुई। बाद में बाजार खुलने पर ग्राहकों ने राहत की सांस ली।
शनिवार दोपहर शहर के बाजारों में वाणिज्य कर विभाग के छापेमारी की अफवाह उड़ते ही बाजार बंद हो गए। ग्राहक दुकानों पर खरीदारी करने के लिए पहुंचे, लेकिन उन्हें मायूस होकर वापस लौटना पड़ा। हालांकि तीन घंटे बाद बाजार खुलने पर ग्राहकों को राहत मिली।