{"_id":"6add12a2e38bb1a6bd05c363","slug":"rise-in-intestinal-infection-cases-following-fever-reports-of-liver-inflammation-hapur-news-c-135-1-hpr1002-150947-2026-10-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hapur News: बुखार के बाद बढ़ रहे आंतों के संक्रमण के मरीज, लिवर में सूजन की शिकायत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hapur News: बुखार के बाद बढ़ रहे आंतों के संक्रमण के मरीज, लिवर में सूजन की शिकायत
विज्ञापन
गढ़ रोड सीएचसी में दवाई काउंटर पर लगी मरीजों की लाइन। संवाद
हापुड़। मौसम में बदलाव के कारण अस्पतालों की ओपीडी में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। बुखार के साथ आंतों का संक्रमण, लिवर में सूजन और चर्म रोग के मामले सामने आ रहे हैं। बच्चों में खांसी और जुकाम की समस्या भी अधिक देखी जा रही है।
सरकारी अस्पतालों में चिकित्सक मरीजों को दवा के साथ खानपान में सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं। दूषित भोजन और पानी से होने वाली बीमारियों से बचाव के लिए स्वच्छता पर विशेष ध्यान देना आवश्यक है। सीएचसी के फिजिशियन डॉ. अशरफ अली ने बुखार होने पर लापरवाही न करने को कहा है।
उन्होंने चिकित्सक की सलाह से ही दवा लेने और बिना परामर्श एंटीबायोटिक का उपयोग न करने की बात कही। आंतों के संक्रमण से बचने के लिए साफ पानी पिएं और ताजा, स्वच्छ भोजन का सेवन करें। बाहर खुले में बिकने वाले खाद्य पदार्थों से परहेज करना चाहिए।
विज्ञापन
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. समरेंद्र राय के अनुसार, बदलते मौसम में बच्चों को खांसी, जुकाम और बुखार हो रहा है। उन्होंने बच्चों को चिकित्सक के परामर्श के बाद ही दवा देने की सलाह दी है। अधिकांश बच्चों में वायरल बुखार ही पाया जा रहा है। बच्चों को मौसम के अनुकूल कपड़े पहनाएं और खांसी-जुकाम होने पर उनकी उचित देखभाल करें। परेशानी बढ़ने पर तत्काल चिकित्सक से संपर्क करना चाहिए।
विज्ञापन
सरकारी अस्पतालों में चिकित्सक मरीजों को दवा के साथ खानपान में सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं। दूषित भोजन और पानी से होने वाली बीमारियों से बचाव के लिए स्वच्छता पर विशेष ध्यान देना आवश्यक है। सीएचसी के फिजिशियन डॉ. अशरफ अली ने बुखार होने पर लापरवाही न करने को कहा है।
विज्ञापन
उन्होंने चिकित्सक की सलाह से ही दवा लेने और बिना परामर्श एंटीबायोटिक का उपयोग न करने की बात कही। आंतों के संक्रमण से बचने के लिए साफ पानी पिएं और ताजा, स्वच्छ भोजन का सेवन करें। बाहर खुले में बिकने वाले खाद्य पदार्थों से परहेज करना चाहिए।
विज्ञापन
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. समरेंद्र राय के अनुसार, बदलते मौसम में बच्चों को खांसी, जुकाम और बुखार हो रहा है। उन्होंने बच्चों को चिकित्सक के परामर्श के बाद ही दवा देने की सलाह दी है। अधिकांश बच्चों में वायरल बुखार ही पाया जा रहा है। बच्चों को मौसम के अनुकूल कपड़े पहनाएं और खांसी-जुकाम होने पर उनकी उचित देखभाल करें। परेशानी बढ़ने पर तत्काल चिकित्सक से संपर्क करना चाहिए।